झारखंड में LPG सिलेंडर मिलने में दिक्कत आए, तो इस टोल फ्री नंबर पर घुमाएं फोन, दर्ज कराएं शिकायत
खाड़ी देशों में उत्पन्न अशांति के कारण गैस की आपूर्ति में हो रही परेशानी को दूर करने के लिए खाद्ध आपूर्ति विभाग ने अहम निर्णय लिया है। विभाग ने घरेलू और व्यावसायिक एलपीजी उपभोक्तों की परेशानियों के समाधान को लेकर टोल फ्री नंबर जारी किया है। जानिए क्या है…

खाड़ी देशों में उत्पन्न अशांति के कारण गैस की आपूर्ति में हो रही परेशानी को दूर करने के लिए खाद्ध आपूर्ति विभाग ने अहम निर्णय लिया है। विभाग ने घरेलू और व्यावसायिक एलपीजी उपभोक्तों की परेशानियों के समाधान को लेकर टोल फ्री नंबर 1967/ 1800-212-5512 जारी करते हुए एक राज्य स्तरीय कंट्रोल रूम का गठन किया है। इसके अलावा अब उपभोक्ता घर बैठे ही इस नंबर पर कॉल कर अपनी समस्या दर्ज करा सकते हैं।
इन समस्याओं का होगा समाधान
इससे गैस सिलेंडर की बुकिंग, डिलीवरी में देरी, ओवरचार्जिंग या अन्य किसी भी तरह की समस्या का त्वरित समाधान आसान होगा। विभागीय संयुक्त सचिव दीपक कुमार ने इस बाबत आदेश जारी कर दिया है। आदेश में कहा गया है कि घरेलू और व्यावसायिक एलपीजी सिलिंडर की सुचारु आपूर्ति सुनिश्चित करने एवं उपभोक्ताओं की शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए खाद्य आपूर्ति निदेशालय, जेएसएफसी, भवन, कडरू में निदेशक दिलीप तिर्की के नियंत्रण में एक कंट्रोल रूम का गठन किया गया है।
निदेशक के निर्देशन एवं पर्यवेक्षण में पूर्व से संचालित पब्लिक ग्रीवांस मैनेजमेंट सिस्टम (पीजीएमएस) अपने कार्यों के अतिरिक्त विभिन्न माध्यमों से प्राप्त शिकायतों एवं उसके समाधान के लिए कॉल सेंटर के रूप में कार्य करेगा। पीजीएमएस का टोल फ्री नंबर 1967 कॉल सेंटर का टोल फ्री नंबर होगा।
वाट्सऐप व ई-मेल से भी कर सकते हैं शिकायत
घरेलू व व्यावसायिक एलपीजी उपभोक्ता टोल फ्री नंबर 1967/ 1800-212-5512 के अलावा अन्य माध्यमों से शिकायत दर्ज करा सकते हैं। जिसमें 8969583111 पर वाट्सऐप के अलावा pgms @dfcajharkhand.in पर ई मेल एवं वेबसाईट pgms. dfcajharkhand.in पर भी शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
कंट्रोल रूम में छह कर्मियों की प्रतिनियुक्ति
कंट्रोल रूम के संचालन को लेकर खाद्य निदेशक ने छह अधिकारी /कर्मचारियों की प्रतिनियुक्ति की है। इसमें विभागीय उप सचिव जेसी विनीता केरकेट्टा, उप निदेशक सुधीर कुमार, प्रशाखा पदाधिकारी मिथिलेश कुमार, कृष्ण कुमार राम, आईईसी एक्सपर्ट लाहरी बासू के अलावा ऑयल उद्योग के राज्य स्तरीय समन्वयक शामिल किए गए हैं, जिन्हें अलग-अलग जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। यह कंट्रोल रूम एवं कॉल सेंटर सुबह 8 बजे से शाम 8 बजे तक कार्यशील रहेगा।
हर शिकायत की नियमित समीक्षा की जाएगी और संबंधित क्षेत्र के अधिकारियों को तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए जाएंगे। प्राप्त शिकायतों की समीक्षा के बाद संबंधित जिला आपूर्ति को भेजी जाएगी। जिला आपूर्ति पदाधिकारी संबंधित कंपनियों के माध्यम से इसका त्वरित समाधान कराएंगे। यहां तैनात पदाधिकारी सभी शिकायतों की मॉनिटरिंग करेंगे और डीएसओ को भेजी गयी शिकायतों के समाधान की जांच की जाएगी।
डिजिटल ट्रैकिंग और रिपोर्टिंग
सभी शिकायतों को डिजिटल प्लेटफॉर्म पर दर्ज किया जाएगा और उनकी ट्रैकिंग की जाएगी। इससे यह सुनिश्चित होगा कि कोई भी शिकायत लंबित न रहे। साथ ही, उच्च अधिकारियों द्वारा नियमित रूप से इसकी समीक्षा भी की जाएगी। निदेशक ने कहा है कि कंट्रोल रूम सभी डीएसओ से समन्वय स्थापित करते हुए ब्लैक मार्केटिंग के संबंध में डेली बेसिस पर प्रतिवेदन प्राप्त करेंगे एवं विभाग को समेकित प्रतिवेदन उपलब्ध कराएंगे।
सभी आयल उद्योग के राज्य स्तरीय समन्वयक अपने विभाग से संबंधित अद्यतन प्रतिवेदन कंट्रोल रूम को उपलब्ध कराएंगे। ताकि, एलपीजी सिलिंडर की सुचारु आपूर्ति सुनिश्चित करायी जा सके एवं शिकायतों का समाधान किया जा सके।




साइन इन