good news for those seeking pm housing in up dpr for 63433 new houses approved in 55 districts यूपी में PM आवास चाहने वालों के लिए खुशखबरी, 55 जिलों में 63,433 नए आवासों की DPR को मंजूरी, Uttar-pradesh Hindi News - Hindustan
More

यूपी में PM आवास चाहने वालों के लिए खुशखबरी, 55 जिलों में 63,433 नए आवासों की DPR को मंजूरी

बैठक में पीएम आवास योजना-शहरी 2.0 के लाभार्थी आधारित व्यक्तिगत आवास निर्माण घटक के अन्तर्गत 55 जिलों के 225 नगर निकायों के लिए कुल 63,433 नए आवासों की DPR को स्वीकृति प्रदान की गई। मुख्य सचिव ने निर्देश दिया कि भागीदारी में किफायती आवास घटक के अन्तर्गत स्वीकृत परियोजनाओं को समय से पूरा कर लिया जाए।

Mon, 11 May 2026 07:17 PMAjay Singh लाइव हिन्दुस्तान
share
यूपी में PM आवास चाहने वालों के लिए खुशखबरी, 55 जिलों में 63,433 नए आवासों की DPR को मंजूरी

UP News : उत्तर प्रदेश में पीएम आवास चाहने वाले लोगों के लिए खुशखबरी है। सोमवार को मुख्य सचिव एस.पी गोयल की अध्यक्षता में प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी 2.0 के अंतर्गत गठित राज्य स्तरीय स्वीकृत और निगरानी समिति की बैठक आयोजित हुई। बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी 2.0 के लाभार्थी आधारित व्यक्तिगत आवास निर्माण (बीएलसी) घटक के अन्तर्गत 55 जिलों के 225 नगर निकायों के लिए कुल 63,433 नए आवासों की डीपीआर को स्वीकृति प्रदान की गई।

बैठक में मुख्य सचिव एसपी गोयल ने निर्देश दिया कि भागीदारी में किफायती आवास (एएचपी) घटक के अन्तर्गत स्वीकृत परियोजनाओं को समय से पूरा कर लिया जाए। बैठक में बताया गया कि प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी के भागीदारी में किफायती आवास (एएचपी) घटक की 12 परियोजनाओं में केन्द्रांश की आगामी किश्त प्राप्त करने के लिए थर्ड पार्टी क्वालिटी मॉनिटरिंग रिपोर्ट के सापेक्ष तैयार की गई एटीआर पर स्वीकृति प्रदान की गई।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:UP में वीकेंड पर ड्रिंक एंड ड्राइव जांच शुरू, 2 दिन में धराए 2654 शराबी ड्राइवर

इन आवासों की स्वीकृति के बाद प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी 2.0 के लाभार्थी आधारित व्यक्तिगत आवास निर्माण (बीएलसी) घटक के अन्तर्गत कुल स्वीकृत आवासों की सख्या 3,68,138 हो जाएगी। बैठक में प्रमुख सचिव नगर विकास श्री पी0गुरू प्रसाद सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY) भारत सरकार की एक प्रमुख योजना है, जो ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में गरीबों को पक्का मकान उपलब्ध कराने के लिए 2015 में शुरू की गई थी। इसके तहत लाभार्थियों को घर निर्माण के लिए सीधे बैंक खाते में वित्तीय सहायता मिलती है।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:ससुराल आया शख्स फास्ट फूड खिलाने के बहाने किशोरी घर से ले गया, खेत में किया रेप
ये भी पढ़ें:यूपी के कई शहरों में आतंकियों के निशाने पर अफसर-नेता, ATS कर रही पड़ताल
ये भी पढ़ें:गर्मी में यात्रा प्लान कर रहे लोगों को रेलवे ने दी राहत, इन रूट्स पर समर स्पेशल

पीएम आवास योजना को लेकर नई व्यवस्था

पिछले अप्रैल महीने में प्रधानमंत्री आवास योजना को लेकर नई व्यवस्था लागू हुई थी। पीएम आवास योजना शहरी-दो के मकानों की गुणवत्ता की जांच कराई जाएगी और सही होने पर ही अब दूसरी किस्त जारी की जाएगी। लाभार्थी आधारित निर्माण (बीएलसी) घटक योजना में यह व्यवस्था लागू कर दी गई है। राज्य मिशन निदेशालय ने इस संबंध में सभी जिला नगरीय विकास अभिकरणों को विस्तृत निर्देश जारी किए गए थे। इसके मुताबिक, राज्य स्तर पर थर्ड पार्टी क्वालिटी मानिटरिंग एजेंसियों (टीपीक्यूएमए) का चयन जब तक नहीं हो जाता, तब तक जिलों में परियोजना निदेशक की अध्यक्षता में बनी तकनीकी टीम द्वारा गुणवत्ता का सत्यापन किया जाएगा।

जरूरत पड़ने पर सरकारी तकनीकी संस्थानों या विशेषज्ञ एजेंसियों की मदद ली जाएगी। केंद्र सरकार के दिशा-निर्देशों के मुताबिक, गुणवत्ता जांच के लिए पांच से 10 प्रतिशत या न्यूनतम 50 आवासों का सैंपल लिया जाएगा। छोटे शहरों में विभिन्न परियोजनाओं को मिला कर क्लस्टर बनाकर जांच की जाएगी। जबकि 50 से कम आवास होने पर सभी इकाइयों का सत्यापन अनिवार्य होगा।

लेटेस्ट Hindi News, Lucknow News, Meerut News, Ghaziabad News, Agra News, Kanpur News , Pareet Yadav Death Live और UP News अपडेट हिंदी में पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।