10 साल की बच्ची को 73 का बुजुर्ग बना रहा था हवस का शिकार; 5 साल जेल और 10 हजार जुर्माने की सजा
सेशन ट्रायल के बाद विशेष पॉक्सो कोर्ट-दो के न्यायाधीश रामजी सिंह यादव ने उसे सजा सुनाई। कोर्ट ने बिहार प्रतिकर अधिनियम के तहत पीड़िता को एक लाख रुपये देने की जिला विधिक सेवा प्राधिकार से अनुशंसा की है।

बिहार के मुजफ्फरपुर में दुष्कर्म के प्रयास में 73 साल के बुजुर्ग को पांच साल बा-मशक्कत कैद और दस हजार जुर्माने की सजा दी गयी है। कुढ़नी थाने के एक गांव में खेत में घास काटने गई दस वर्ष की बच्ची के साथ उमेश सिंह (73) ने दुष्कर्म के प्रयास किया था। कोर्ट ने ऐलान किया है कि जुर्माना नहीं देने पर दो माह अतिरिक्त सजा भुगतनी पड़ेगी। मामला तीन साल पहले का है। पीड़ित बच्ची को एक लाख की राशि सरकार की ओर से दी जाएगी।
सेशन ट्रायल के बाद विशेष पॉक्सो कोर्ट-दो के न्यायाधीश रामजी सिंह यादव ने कांड के दोषी को यह सजा सुनाई। कोर्ट ने बिहार प्रतिकर अधिनियम के तहत पीड़िता को एक लाख रुपये देने की जिला विधिक सेवा प्राधिकार से अनुशंसा की है। विशेष लोक अभियोजक (पॉक्सो) रामेश्वर साह ने छह गवाहों को पेश किया। वहीं, अधिवक्ता प्रीति साह ने साक्ष्यों को पेश करने में उनकी मदद की।
कुढ़नी की घटना, मां ने दर्ज कराई थी एफआईआर
घटना को लेकर पीड़ित बच्ची की मां ने कुढ़नी थाने में एफआईआर कराई थी। कहा था कि पांच फरवरी 2023 की शाम उनकी पुत्री घास काटने खेत में गई थी। उसी खेत में उमेश सिंह भी पहले से मौजूद था। उसने बच्ची को दस रुपये देकर गुटखा और बिस्कुट लाने को कहा। जब पुत्री गुटखा और बिस्कुट लेकर आई तो उमेश सिंह ने उसे जकड़ लिया और उसके साथ जबरन दुष्कर्म का प्रयास करने लगा।
बच्ची खुद को बचाने के लिए चिल्लाने लगी। उसी समय उधर से गुजर रही दो महिलाओं की नजर पड़ी तो आरोपी से भिड़ गईं। महिलाओं ने मिलकर उनकी पुत्री को उमेश के चंगुल से मुक्त कराया। बच्ची भागकर घर आई और मां को जानकारी दी। महिलाओं ने भी इसकी पुष्टि की। उसके बाद थाने में केस दर्ज कराई गयी। कुढ़नी पुलिस ने आरोपी उमेश सिंह के विरुद्ध 19 फरवरी 2024 को विशेष कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की थी। पुलिस अनुसांधान एवं पर्वेक्षण रिपोर्ट और सरकारी अधिवक्ता की दलीलों का अध्ययन करने के बाद कोर्ट ने अपना फैसला सुनाया। दोषी को वहीं से जेल भेज दिया गया।
इस मामले में बचाव पक्ष के वकील ने कहा है कि वे इस न्यायलय के इस फैसले के खिलाफ उपरी अदालत में अपील करेंगे। उन्होंने अपने क्लाइंट को साजिश के तहत फंसाने का आरोप लगाया। उम्मीद जताई कि ऊपरी अदालत पर उनके क्लाइंट को पूरा भरोसा है। कोर्ट के फैसले की इलाके में जोर शोर से चर्चा हो रही है।




साइन इन