Uttarakhand Power Cuts Due to Iran and US Tensions Till April 30 Amid Heatwave भीषण गर्मी के बीच उत्तराखंड में 30 अप्रैल तक बिजली कटौती, UPCL बोला- ईरान-अमेरिका युद्ध का असर, Uttarakhand Hindi News - Hindustan
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भीषण गर्मी के बीच उत्तराखंड में 30 अप्रैल तक बिजली कटौती, UPCL बोला- ईरान-अमेरिका युद्ध का असर

Uttarakhand Power Cuts: उत्तराखंड में 30 अप्रैल तक बिजली कटौती का संकट रहने वाला है। यूपीसीएल ने भी इस संकट को स्वीकार किया है। तर्क दिया है कि ईरान-अमेरिका युद्ध के चलते यह संकट बढ़ गया है।

Mon, 27 April 2026 10:02 AMGaurav Kala देहरादून
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भीषण गर्मी के बीच उत्तराखंड में 30 अप्रैल तक बिजली कटौती, UPCL बोला- ईरान-अमेरिका युद्ध का असर

Uttarakhand Power Cuts: उत्तराखंड में भीषण गर्मी के बीच बिजली की किल्लत ने उद्योगों से लेकर छोटे शहरों और ग्रामीण इलाकों तक संकट गहरा गया है। यह स्थिति 30 अप्रैल तक बनी रह सकती है। यूपीसीएल प्रबंधन खुद इसे स्वीकार रहा है। हालांकि, उसका यह भी दावा है कि, एक मई से आपूर्ति व्यवस्था पटरी पर लौट आएगी। यूपीसीएल के अनुसार, ईरान-अमेरिका में तनाव का असर भी बिजली आपूर्ति पर पड़ा है।

दरअसल, अप्रैल महीने में अचानक उपलब्धता घटने से बिजली संकट हो गया। महीने की शुरुआत में जल विद्युत उत्पादन करीब 100 मेगावाट कम हो गया। केंद्रीय पूल से मिलने वाली लगभग 150 मेगावाट हाइड्रो पावर भी घट गई। उत्तराखंड विद्युत नियामक आयोग से समय पर बिजली खरीद की मंजूरी नहीं मिलने के कारण स्थिति और बिगड़ गई। नतीजतन, बिजली का संकट गहरा गया। हालात का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि फर्नेस उद्योगों में 12 से 13 घंटे तक आपूर्ति बाधित रही। ग्रामीण इलाकों में चार से छह घंटे और छोटे शहरों में 2 से 4 घंटे तक कटौती की जा रही है। उधर, इन परिस्थितियों पर यूपीसीएल ने सफाई भी दी है।

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गैस महंगी, नदियों में भी घटा जलस्तर

गैस की ऊंची कीमतों के कारण 321 मेगावाट क्षमता का गैस पावर प्लांट संचालित नहीं हो पा रहा है। नदियों में पानी कम होने से उत्तराखंड सहित देशभर में हाइड्रो पावर उत्पादन प्रभावित हुआ है। इसके साथ ही, इन दिनों बिजली की मांग में करीब पांच प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। बता दें कि, बिजली कटाैती से उद्योगों के उत्पादन पर अक्सर असर पड़ रहा है। बहादराबाद स्थित सिडकुल में कई ऐसे उद्योग हैं, जिनके पास वैकल्पिक व्यवस्था नहीं होती, ऐसे में जब बिजली कटाैती होती है तो उनके यहां उत्पादन ठप पड़ जाता है।

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तर्क: ईरान-अमेरिका में तनाव का भी पड़ा असर

यूपीसीएल के अनुसार, ईरान-अमेरिका में तनाव का असर भी बिजली आपूर्ति पर पड़ा है। गैस संकट के चलते इंडक्शन के इस्तेमाल में बढ़ोतरी हुई, जिससे 50 से 100 मेगावाट तक अतिरिक्त मांग बढ़ गई। इलेक्ट्रिक वाहनों का बढ़ता उपयोग और तापमान में उछाल भी बिजली की मांग बढ़ने के प्रमुख कारण हैं।

बिजली उपभोक्ताओं से सहयोग की अपील

यूपीसीएल के एमडी जीएस बुदियाल ने उपभोक्ताओं से 30 अप्रैल तक सहयोग की अपील की है। उनका कहना है कि अचानक बढ़ी मांग और कम उपलब्धता के कारण यह संकट खड़ा हुआ है। इससे निपटने के लिए अग्रिम बिजली खरीद समझौते किए जा रहे हैं और लोड प्रबंधन भी लागू है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि एक मई से स्थिति सामान्य हो जाएगी।

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मई-जून में मिलेगा अतिरिक्त कोटा

धामी सरकार ने केंद्र से मई और जून के लिए अतिरिक्त बिजली कोटा देने का अनुरोध किया है। इसके तहत उत्तराखंड को मई और जून में 193-193 मेगावाट अतिरिक्त बिजली मिलने की संभावना है। साथ ही, 150 मेगावाट अतिरिक्त कोटा देने का आश्वासन भी मिला है। ऊर्जा सचिव पंकज अग्रवाल के अनुसार, यूईआरसी ने एक से 15 मई तक 100 मेगावाट और 16 से 31 मई तक 225 मेगावाट बिजली खरीद की मंजूरी दी है।

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