उत्तराखंड में सीएम-मंत्रियों की फ्लीट में 50% की कटौती, हफ्ते में एक दिन नो व्हीकल डे
पीएम मोदी की अपील का असर उत्तराखंड में भी देखने को मिला है। पुष्कर धामी सरकार ने कैबिनेट मीटिंग में फैसला लिया कि सीएम-मंत्रियों की फ्लीट में 50 फीसदी की कटौती होगी। हफ्ते में एक दिन नो व्हीकल डे होगा।

उत्तराखंड सरकार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अपील पर ईंधन की खपत को कम करने के लिए कड़े कदम उठाने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री और मंत्रियों के वाहन बेड़े (फ्लीट) में पचास फीसदी कटौती कर दी गई है। इसके साथ ही, प्रदेश में सप्ताह में एक दिन ‘नो व्हीकल डे’ घोषित किया जाएगा।
सचिवालय में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में यह निर्णय लिए गए। फैसले के अनुसार बुधवार दोपहर ही मुख्यमंत्री के काफिले में शामिल गाड़ियों की संख्या को नौ से घटाकर पांच कर दिया गया। सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि भविष्य में खरीदे जाने वाले सरकारी वाहनों में 50 प्रतिशत इलेक्ट्रिक वाहन होंगे।
एक अधिकारी-एक वाहन
उत्तराखंड में ईंधन की बचत के लिए ‘एक अधिकारी-एक वाहन’ की नीति लागू हाेगी। किसी अधिकारी के पास एक से अधिक विभाग हैं तो भी वह पूरे दिन में केवल एक ही सरकारी वाहन का उपयोग कर सकेगा। सार्वजनिक परिवहन को मजबूत करने के लिए परिवहन विभाग को बसों की संख्या और क्षमता बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं।
डिजिटल बैठकें होंगी
सरकारी विभागों में अब वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से बैठकों को बढ़ावा दिया जाएगा। निजी क्षेत्रों को भी ‘वर्क फ्रॉम होम’ के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा, ताकि सड़कों पर वाहनों का दबाव कम हो।
ईवी को बढ़ावा
सरकार जल्द ‘ईवी पॉलिसी’ लाएगी। इसके तहत नए सरकारी खरीद में इलेक्ट्रिक वाहनों को प्राथमिकता के साथ पूरे राज्य में चार्जिंग स्टेशनों का नेटवर्क तैयार होगा। राज्य में पेटोल-डीजल की खपत को कम करने के लिए सरकार ईवी पॉलिसी लाने जा रही है। सूत्रों केअनुसार मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अगली कैबिनेट में इसका प्रस्ताव लाने के निर्देश दिए हैं।
कैबिनेट के फैसले
अब ऑनलाइन होगी मान्यता की प्रक्रिया
सरकार ने उत्तराखंड अल्पसंख्यक शैक्षणिक संस्थान (मान्यता) नियमावली-2026 को मंजूरी दे दी है। इस नई नियमावली का मुख्य उद्देश्य राज्य के मुस्लिम, जैन, ईसाई, बौद्ध, पारसी और सिख समुदायों के शैक्षणिक विकास को गति देना है। अब इन समुदायों से संबंधित नवीन संस्थानों की मान्यता, पुरानी मान्यताओं का नवीनीकरण आदि कार्य ऑनलाइन होंगे। इस प्रणाली से फाइलों के निस्तारण में तेजी आएगी। संस्थानों को अब सरकारी दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने होंगे। सभी छह अल्पसंख्यक समुदायों के शैक्षिक ढांचे को आधुनिक और सुलभ बनाया जाएगा।
चकबंदी कराने वाले गांवों के लिए 100 करोड़
राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों में चकबंदी को प्रोत्साहित करने के लिए सरकार ने नई चकबंदी नीति को मंजूरी दे दी। जो गांव चकबंदी के लिए सहमत होंगे, उनके विकास के लिए सरकार विशेष सहायता देगी। इसके लिए 100 करोड़ रुपये का कार्पस फंड रखा गया है। सचिव-गोपन शैलेश बगौली ने बताया कि कैबिनेट ने 19 विभिन्न प्रस्तावों पर चर्चा की। इनमें सभी को मंजूरी दे दी गई है। प्रथम चरण में हर जिले में 10 गांवों में चकबंदी कराने का लक्ष्य रखा गया है।
सेलाकुई स्थित संगध पौधा केंद्र का नाम अब परफ्यूमरी एवं संगध अनुसंधान एवं विकास संस्थान करने को भी मंजूरी दे दी गई है। राजस्व परिषद समीक्षा अधिकारी एवं सहायक समीक्षा अधिकारी सेवा संशोधन नियमावली 2026 के तहत इन पदों के लिए कंप्यूटर ज्ञान के मानक तय कर दिए। इस पद के लिए प्रति घंटा आठ हजार शब्दों की टाइपिंग स्पीड अनिवार्य होगी। साथ ही माइक्रोसॉफ्ट आफिस, विंडो और इंटरनेट का बेसिक ज्ञान जरूरी होगा।
होम स्टे अब आठ कमरों तक मान्य
कैबिनेट ने होमस्टे योजना के विस्तार को भी हरी झंडी दे दी। अब तक होम स्टे के छह कमरों तक के लिए ही अनुदान मान्य था। कैबिनेट ने इसमें दो कमरे और बढ़ा दिए हैं। इसके साथ ही ऑनलाइन फीस जमा कराने पर हेामस्टे के लाइसेंस का स्वत: नवीनीकरण हो जाएगा। वर्तमान में राज्य में होम स्टे की संख्या 6100 से अधिक है।
श्रीनगर मेडिकल कॉलेज कर्मियों को समान वेतन
कैबिनेट ने श्रीनगर मेडिकल कॉलेज में वर्ष 2009 से कार्यरत 277 संविदा, आउटसोर्स, दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों को समान कार्य का समान वेतन देने का निर्णय किया है। कैबिनेट के इस फैसले से राज्य के दूसरे काॅलेजों में कार्यरत करीब 2000 अस्थायी कर्मचारियों के लिए भी उम्मीदें बढ़ गई हैं।
पंचायत घर बनाने को मिलेंगे बीस लाख
कैबिनेट ने गांवों में पंचायत घर बनाने के बजट को दोगुना करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दे दी है। वर्तमान में पंचायत घर बनाने के लिए गांवों को दस लाख रुपये दिए जाते थे। हालिया कुछ समय में निर्माण लागत बढ़ने की वजह से इसे बढ़ाने की मांग थी। कैबिनेट ने इस राशि को 20 लाख रुपये कर दिया है।
ये प्रस्ताव भी मंजूर
● लोहाघाट महिला स्पोर्ट्स कॉलेज में प्रधानाचार्य समेत 16 पदों को मंजूरी
● विधि विज्ञान प्रयोगशाला विभाग में कुल 15 पदों को सृजित करने का मंत्रिमंडल ने दिया अनुमोदन।
● न्याय विभाग में रजिस्ट्रार न्यायालय एवं केस प्रबंधक का पद सृजित करने को मंजूरी
● चिकित्सा शिक्षा निदेशालय का ढांचा पुनर्गठित करने का प्रस्ताव स्वीकृत
● चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभागान्तर्गत लैब टेक्नीशियन संवर्ग के ढांचे का पुनर्गठन
● लघु जल विद्युत परियोजना विकास नीति, 2015 में संशोधन प्रस्ताव को स्वीकृति
लेटेस्ट Hindi News , बॉलीवुड न्यूज, बिजनेस न्यूज, टेक , ऑटो, करियर , और राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।




साइन इन