यूपी में 75 लाख प्रीपेड मीटरों को पोस्टपेड में बदलने का आदेश जारी, नए कनेक्शन में भी बाध्यता खत्म
यूपी में 75 लाख प्रीपेड मीटरों को पोस्टपेड में बदलने का आदेश जारी कर दिया गया है। इसी के साथ प्रीपेड मीटर के साथ नये कनेक्शन दिए जाने की बाध्यता भी खत्म हो गई है।
UP News: उत्तर प्रदेश में बिना सहमति प्रीपेड मोड में बदले गए स्मार्ट मीटरों को पुन: पोस्टपेड किए जाने का कार्यकारी आदेश गत दिवस पॉवर कॉरपोरेशन ने जारी कर दिया। इसी के साथ प्रीपेड मीटर के साथ नये कनेक्शन दिए जाने की बाध्यता भी खत्म हो गई है। कारपोरेशन के प्रबंध निदेशक नितीश कुमार द्वारा जारी आदेश के अनुसार अब नये कनेक्शन स्मार्ट मीटर के साथ पोस्टपेड मोड में ही दिए जाएंगे। गत वर्ष 10 सितंबर से उपभोक्ताओं को अनिवार्य रूप से प्रीपेड मोड में ही नये कनेक्शन दिए जा रहे थे। इसे लेकर उपभोक्ताओं में खासा आक्रोश था।
प्रदेश में बिना उपभोक्ताओं की सहमति के प्रीपेड किए गए मीटरों को तत्ताल प्रभाव से पोस्टपेड किए जाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। कारपोरेशन इन मीटरों को चरणवार पोस्टपेड में बदलेगा। खास बात यह है कि सभी उपभोक्ताओं को मई की ऊर्जा खपत का जून में देय बिल, पोस्टपेड पद्वति से ही निर्गत किया जाएगा। स्मार्ट पोस्टपेड मोड के सभी बिल उपभोक्ताओं को एसएमएस या व्हाट्सएप के माध्यम से उपलब्ध कराया जाएगा।
सीईए की अधिसूचना के बाद भी जारी थी व्यवस्था
पिछले संसद सत्र के दौरान केंद्रीय ऊर्जा मंत्री मनोहर लाल खट्टर ने साफ कर दिया था कि मीटर प्रीपेड होगा या पोस्टपेड यह चुनने का अधिकार उपभोक्ताओं का है। विद्युत अधिनियम - 2003 की धारा 47 (5) में यही व्यवस्था है। वहीं, केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण (सीईए) ने भी अधिसूचना जारी करके मीटरों के प्रीपेड मोड में होने की बाध्यता समाप्त कर दी थी। एक अप्रैल को जारी अधिसूचना के बावजूद यूपी में प्रीपेड मोड में ही नए कनेक्शन दिए जा रहे थे। इसके खिलाफ राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा ने नियामक आयोग में याचिका दायर की थी। याचिका पर आयोग ने पावर कॉरपोरेशन से जवाब तलब भी किया था। हालांकि, कॉरपोरेशन ने जवाब तो नहीं दिया, लेकिन उसके पहले ही मंत्री ने मीटरों के प्रीपेड होने की बाध्यता समाप्त कर दी।
हर महीने 10 तक मिलेंगे बिल
सभी स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं को बिल प्रत्येक माह की 10 तारीख तक दिए जाएंगे। बिल मिलने की तारीख से भुगतान के लिए 15 दिन का समय दिया जाएगा।
समय से न मिले बिल तो यहां करें शिकायत
ऊर्जा मंत्री न कहा कि जिन स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं को समय से बिल न मिले वे वितरण कंपनियों के नंबर पर कनेक्शन नंबर बताकर बिल प्राप्त कर सकेंगे।
पूर्वांचल - 8010968292;
मध्यांचल - 7669003409;
पश्चिमांचल - 7859804803
दक्षिणांचल - 8010957826
केस्को - 8287835233
उपखंड स्तर पर कैंप लगाए जाएं
इसके अतिरिक्त टोल फ्री नंबर 1912 पर शिकायत दर्ज करके भी बिल प्राप्त किए जा सकेंगे। एके शर्मा ने आदेश दिए हैं कि उपभोक्ताओं को बिल संबंधी किसी भी समस्या के निपटारे के लिए खंड और उपखंड स्तर पर कैंप लगाए जाएं।




साइन इन