Those who adorn their palaces with evil deeds become a blot on history, CM Yogi takes a dig at SP जो काले कर्मों से राजमहल सजाते हैं, वही इतिहास में कलंक बन जाते हैं, सीएम योगी का सपा पर कटाक्ष, Uttar-pradesh Hindi News - Hindustan
More

जो काले कर्मों से राजमहल सजाते हैं, वही इतिहास में कलंक बन जाते हैं, सीएम योगी का सपा पर कटाक्ष

यूपी विधानसभा में योगी ने कटाक्ष किया कि जो लोग काले कर्मों से राजमहल सजाते हैं, वही इतिहास में कलंक बन जाते हैं। उन्होंने कहा कि 17 अप्रैल को लोकसभा में नारी शक्ति वंदन अधिनियम का महत्वपूर्ण प्रस्ताव गिराकर समाजवादी पार्टी, कांग्रेस, डीएमके और टीएमसी ने यही कलंक बनने का काम किया।

Thu, 30 April 2026 04:44 PMDeep Pandey लाइव हिन्दुस्तान
share
जो काले कर्मों से राजमहल सजाते हैं, वही इतिहास में कलंक बन जाते हैं, सीएम योगी का सपा पर कटाक्ष

UP News: सीएम योगी ने गुरुवार को विधानसभा के विशेष सत्र में नारी शक्ति वंदन अधिनियम पर विस्तृत चर्चा का प्रस्ताव रखा। योगी ने विपक्ष, खासतौर पर सपा और कांग्रेस पर तीखा हमला किया। योगी ने कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम का संशोधन 2019 में ही लागू होना चाहिए था, लेकिन कांग्रेस, समाजवादी पार्टी और इंडी गठबंधन ने लोकसभा में इसका विरोध किया। योगी ने कटाक्ष किया कि जो लोग काले कर्मों से राजमहल सजाते हैं, वही इतिहास में कलंक बन जाते हैं। उन्होंने कहा कि 17 अप्रैल को लोकसभा में नारी शक्ति वंदन अधिनियम का महत्वपूर्ण प्रस्ताव गिराकर समाजवादी पार्टी, कांग्रेस, डीएमके और टीएमसी ने यही कलंक बनने का काम किया।

प्रस्ताव गिरते ही एक-दूसरे को बधाई दी और नारेबाजी की कि हमने महिला आरक्षण विधेयक पारित नहीं होने दिया। यह आपका आचरण था, जिससे पूरा सदन और पूरा देश आहत है। इसी श्रृंखला में हम आज इस सदन में चर्चा करने आए हैं। योगी ने विधानसभा में कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम संशोधन जैसे महत्वपूर्ण मुद्दे पर सदन में चर्चा होनी चाहिए, ताकि उन कारकों को चिन्हित किया जा सके जो महिला स्वावलंबन और सशक्तीकरण में बाधक हैं। देश के सबसे बड़े विधानमंडल के रूप में उत्तर प्रदेश विधानसभा की इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका है। वर्ष 2023 में केंद्र सरकार द्वारा पारित नारी शक्ति वंदन अधिनियम, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के नेतृत्व में महिलाओं की सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन के लिए किए गए कार्यों की श्रृंखला का परिणाम है।

इसका उद्देश्य महिलाओं को केवल लाभार्थी योजनाओं तक सीमित न रखकर नीति-निर्धारण और कानून-निर्माण में उनकी प्रभावी भागीदारी सुनिश्चित करना है। वर्तमान में भारतीय संसद में महिलाओं की संख्या मात्र 15 प्रतिशत है, जबकि उत्तर प्रदेश विधानसभा में यह केवल 11-12 प्रतिशत तक सीमित है। यदि 33 प्रतिशत आरक्षण लागू किया जाए तो आधी आबादी को उनके अधिकारों के अनुरूप प्रतिनिधित्व मिल सकेगा और महिलाओं से जुड़े मुद्दों पर प्रभावी चर्चा हो सकेगी। देश प्रधानमंत्री मोदी जी का आभारी है, जिन्होंने विभिन्न वेलफेयर स्कीम्स के माध्यम से महिलाओं के सशक्तीकरण की दिशा में महत्वपूर्ण कार्य किए हैं।

30 करोड़ महिलाओं के जीरो बैलेंस खाते खुले

विपक्ष पर तीखा हमला बोलते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आधी आबादी के उन्नयन, गरिमा, सम्मान, सुरक्षा और स्वावलंबन के लिए उठाए जाने वाले किसी भी प्रगतिशील कदम का समाजवादी पार्टी, कांग्रेस और इंडी गठबंधन हमेशा विरोध करता रहा है। 16-17 अप्रैल को लोकसभा में इन दलों का आचरण स्पष्ट रूप से महिला-विरोधी रहा। जब 2014 में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने जनधन योजना शुरू की, तो आजादी के बाद पहली बार महिलाओं के बैंक खाते खोले गए। कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने उस समय भी इसका पुरजोर विरोध और दुष्प्रचार किया। उससे पहले महिलाओं को योजनाओं का आधा लाभ भी नहीं मिल पाता था और पेंशन की राशि में आधा पैसा कमीशन में खा लिया जाता था। स्वतंत्र भारत में पहली बार मोदी जी के नेतृत्व में 30 करोड़ महिलाओं के जीरो बैलेंस खाते खुले, लेकिन विपक्ष ने तब भी इस योजना का मजाक उड़ाया। कोविड काल में डीबीटी के माध्यम से सीधे महिलाओं के बैंक खातों में लाभ पहुंचने लगा, फिर भी आप 15 लाख रुपये का मुद्दा उठाकर महिलाओं का अपमान कर रहे हैं।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:गेस्ट हाउस कांड को याद दिला सपा पर बरसे योगी, पूजा पाल प्रकरण का भी जिक्र किया
ये भी पढ़ें:माता जी इस उम्र में सच्चाई स्वीकारें, योगी बोले- सपाइयों को देख गिरगिट भी शरमाए

सपा के शोहदे छींटाकसी करते थे

योगी ने कहा, अक्टूबर 2014 में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी द्वारा शुरू किया गया स्वच्छ भारत अभियान केवल स्वच्छता तक सीमित नहीं था, बल्कि महिलाओं की गरिमा और सुरक्षा से भी जुड़ा था। इसके अंतर्गत ‘हर घर शौचालय’ का बड़ा अभियान चलाया गया। सपा ने इस योजना का लगातार विरोध किया। उत्तर प्रदेश में कुल 2 करोड़ 61 लाख शौचालय बनाए गए, जिनमें से सपा शासन के ढाई वर्ष में मात्र 40-41 लाख शौचालय ही बन पाए। जबकि डबल इंजन सरकार आने के बाद डेढ़ वर्ष के अंदर ही दो करोड़ से अधिक शौचालय बनाए गए। पूरे देश में 12 करोड़ शौचालय बने। आप लोग तब भी मजाक उड़ाते थे कि शौचालय से क्या होगा? वे मात्र शौचालय नहीं थे, वे नारी गरिमा, स्वच्छता और बीमारियों के उन्मूलन के प्रतीक थे। आपके शासन में इंसेफेलाइटिस जैसी बीमारी से मासूम बच्चों की मौत होती थी।

आधी आबादी को पहली बार आवास और मालिकाना अधिकार का लाभ मिला

सीएम योगी ने कहा कि आधी आबादी को पहली बार आवास और मालिकाना अधिकार का लाभ मिला है। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पूरे देश में 4 करोड़ गरीबों को आवास दिए गए, जिनमें उत्तर प्रदेश के 65 लाख परिवार शामिल हैं। सपा सरकार में ढाई वर्ष में एक भी आवास नहीं बना, बल्कि आपने केंद्र के प्रस्ताव का विरोध किया। डबल इंजन सरकार आने के बाद पिछले 9 वर्षों में 65 लाख आवास बनाए गए, जिनमें अधिकांश महिलाओं के नाम पर हैं। इसी तरह, ग्रामीण क्षेत्रों में पहली बार गरीबों को उनके मकान का पूर्ण मालिकाना अधिकार दिया जा रहा है, वह भी मुख्य रूप से महिलाओं के नाम पर। पूरे देश में तीन करोड़ परिवारों को यह अधिकार मिला है, जिनमें से एक करोड़ से अधिक उत्तर प्रदेश में हैं। यह काम कांग्रेस, समाजवादी पार्टी या अन्य दलों की सरकारें कभी नहीं कर पाईं, लेकिन एनडीए सरकार ने किया है।

बिना भेदभाव दिया योजना का लाभ

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2017 में सरकार बनते ही हमने नारी उत्थान के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए। सबसे पहले मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना शुरू की गई, ताकि गरीब परिवार अपनी बेटी की शादी को लेकर चिंतित न रहें। बेटी किसी भी जाति-धर्म की हो, वह सबसे पहले प्रदेश की बेटी है। कन्यादान में माता-पिता के साथ सरकार का प्रतिनिधि भी शामिल होता है और जिलाधिकारी द्वारा निमंत्रण पत्र जारी किया जाता है। अब तक इस योजना के तहत 6 लाख बेटियों की शादी हो चुकी है।

कांग्रेस और सपा के शासन में एलपीजी सिलेंडर की जगह मिलते थे डंडे

मुख्यमंत्री ने कहा कि उज्ज्वला योजना पर आप लोग सवाल उठाते रहे, जबकि कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के शासन में एलपीजी सिलेंडर मिलते नहीं थे, डंडे जरूर पड़ जाते थे। बेटी की शादी के समय परिवार सिलेंडर देना चाहता था, लेकिन कांग्रेस कनेक्शन नहीं देती थी और समाजवादी पार्टी डंडा मार देती थी। आज प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत 10 करोड़ महिलाओं को फ्री एलपीजी कनेक्शन दिए गए हैं, जबकि यूपीए सरकार के समय ये 25 से 50 हजार रुपये में ब्लैक में बिकते थे। इसी प्रकार, 50 करोड़ महिलाओं को आयुष्मान भारत के तहत ₹5 लाख तक की स्वास्थ्य सुविधा और 80 करोड़ लोगों को फ्री राशन मिल रहा है। लखपति दीदी योजना के तहत 3 करोड़ महिलाएं आर्थिक स्वावलंबन की राह पर हैं।

आप सभी महिलाओं के श्राप से शापित हैं

मुख्यमंत्री ने कहा कि हम प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी का हृदय से आभार व्यक्त करते हैं कि उन्होंने 2023 में नारी शक्ति वंदन अधिनियम पारित कर आधी आबादी को उनका हक दिलाने का ऐतिहासिक कदम उठाया। परंतु 2019 में इसे लागू करने के प्रस्ताव पर इंडी गठबंधन के सभी दल बाधक बन गए। खासकर समाजवादी पार्टी का चरित्र 1995 के स्टेट गेस्ट हाउस कांड में सबके सामने आ गया, जब प्रदेश की पहली दलित मुख्यमंत्री के साथ अपमानजनक व्यवहार किया गया। उस समय भाजपा ने मायावती जी को समर्थन देकर उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की, जबकि नैतिक दायित्व आपका था। भाजपा नेता ब्रह्मदत्त द्विवेदी ने तब अपनी जान पर खेलकर उन्हें समाजवादी पार्टी के गुंडों से बचाया। मुख्यमंत्री ने कहा कि आप किस नारी गरिमा की बात करते हैं? बदायूं जैसी घटनाओं पर आपके नेताओं के गैर-जिम्मेदाराना बयान आज भी याद किए जाते हैं। मैं भौचक्का हूं कि आप अभी भी महिलाओं की बात करते हैं। आप सभी महिलाओं के श्राप से शापित हैं।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:अपने केस वापस लेने की लिस्ट खुद पढ़ेंगे या हम पढ़वा दें, अखिलेश का योगी पर हमला
ये भी पढ़ें:‘देख सपाई, बिटिया घबराई’, महिला आरक्षण पर चर्चा से पहले सीएम योगी का तीखा हमला
ये भी पढ़ें:UP में राज्य कर्मचारियों के तबादले 31 मई तक पूरे जाएंगे, कैबिनेट से जल्द मंजूरी

माफिया के सामने नतमस्तक, नारी गरिमा और न्याय की रक्षा करने में हमेशा विफल

मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस के पतन का मुख्य कारण शाहबानो प्रकरण में एक मुस्लिम महिला के साथ किया गया अन्याय और मौलवियों के सामने घुटने टेकने की उसकी मानसिकता थी। तीन तलाक के मुद्दे पर भी आपका महिला-विरोधी चेहरा साफ दिखा, जब प्रधानमंत्री मोदी जी द्वारा लाए गए तीन तलाक कानून का आपने पुरजोर विरोध किया। दुनिया के अधिकांश इस्लामिक देश इस प्रथा को मान्यता नहीं देते, लेकिन आप देश को कठमुल्ला व्यवस्था की ओर ले जाना चाहते हैं। समाजवादी पार्टी की विधायक पूजा पाल प्रकरण, स्टेट गेस्ट हाउस कांड, आजम खान, एसटी हसन और अबू आजमी जैसे नेताओं के महिला-विरोधी बयान स्पष्ट रूप से दर्शाते हैं कि आप जाति के नाम पर समाज को बांटते हैं, लेकिन महिलाओं, दलितों और पिछड़ों के प्रति आपकी कोई सहानुभूति नहीं है। आप माफिया के सामने नतमस्तक होते हैं, लेकिन नारी गरिमा और न्याय की रक्षा करने में हमेशा विफल रहे हैं।

लेटेस्ट Hindi News, Lucknow News, Meerut News, Ghaziabad News, Agra News, Kanpur News , Pareet Yadav Death Live और UP News अपडेट हिंदी में पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।