लेखपाल, ग्राम प्रधान और पंचायत अधिकारी समेत 5 पर मुकदमा, जानें क्या है पूरा मामला
यूपी के गोंडा जिले में लेखपाल, ग्राम प्रधान और पंचायत अधिकारी समेत 5 पर मुकदमा किया गया है। कूटरचित तरीके से परिवार रजिस्टर में नाम दर्ज कराकर लेखपाल से मिलीभगत कर खतौनी में वरासत करा ली गई।

Gonda News: उत्तर प्रदेश् के गोंडा जिले में कूटरचित तरीके से परिवार रजिस्टर में नाम दर्ज कराकर लेखपाल से मिलीभगत कर खतौनी में वरासत करा ली गई। पुलिस ने न्यायालय के आदेश पर ग्राम पंचायत अधिकारी, हलका लेखपाल, पूर्व प्रधान व महिला के दामाद सहित पांच आरोपियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज की है। आरोप है कि राजाराम व छितौनी गांव के वर्तमान लेखपाल मनोज मिश्र उसे जान से मारने की धमकी भी दे रहे हैं।
थाना क्षेत्र के फरेंदा शुक्ल गांव की मोहरपती पत्नी राम प्रसाद ने न्यायालय के आदेश पर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। इसके मुताबिक उसने अपनी लड़की करोड़पति की शादी 30 वर्ष पूर्व छपिया थाना क्षेत्र के पायर खास गांव निवासी राजाराम के साथ की थी। शादी के कुछ वर्ष बाद ससुरालीजनों ने दहेज को लेकर उसकी लड़की को मारपीट कर घर से भगा दिया। उनकी लड़की के कोई संतान न होने के कारण उसको अपने घर में रखने से मना कर दिया। इस पर न्यायालय के आदेश पर गुजारा भत्ता बंध गया और वह अपने मायके में रहकर गुजर-बसर करने लगी।
पीड़िता मां ने आर्यनगर कस्बे में अपनी लड़की के नाम दो बिसवा जमीन (प्लाट) खरीद कर नींव भरवा दिया था। मुकदमे के दौरान आरोपी ने दूसरी लड़की सुजाता के साथ शादी कर लिया, जिससे एक बेटे ओंकार का जन्म हुआ। पीड़िता के बेटी की तबीयत अचानक खराब होने पर उसे निजी अस्पताल में भर्ती कराया। यहां इलाज के दौरान 28 अक्टूबर 2024 को उसकी बेटी करोड़पति की मौत हो गई।
मिली भगत कर फर्जी दस्तावेज तैयार करा कर धोखाधड़ी
इसके बाद विकास खंड छपिया के पायर खास गांव के आरोपी राजाराम ने वहां के ग्राम पंचायत अधिकारी अमित मिश्र, पूर्व प्रधान गोपाल श्रीवास्तव से मिलकर परिवार रजिस्टर में ओंकार को करोड़पति का पुत्र दिखाकर नाम दर्ज करा दिया। इसके बाद विकास खंड रुपईडीह के छितौनी गांव के हल्का लेखपाल आनंद कुमार से मिली भगत कर फर्जी दस्तावेज तैयार करा कर धोखाधड़ी करके आर्यनगर स्थित प्लाट को अपने बेटे के नाम वरासत करा लिया।




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