केजरीवाल से लेकर रवीश कुमार तक पर ऐक्शन हो; दिल्ली हाई कोर्ट में पहुंच गई नई शिकायत
दिल्ली हाई कोर्ट में एक याचिका दायर करके अरविंद केजरीवाल और उनकी पार्टी के कई नेताओं के खिलाफ अदालत की अवमानना का केस दर्ज करने की मांग की गई है। रवीश कुमार के खिलाफ भी शिकायत की गई है।

दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल समेत अन्य को दिल्ली हाई कोर्ट से झटका लगने के बाद अब उनके खिलाफ एक नई शिकायत अदालत में पहुंच गई है। जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा की अदालत का एक वीडियो रिकॉर्ड और शेयर करने की वजह से अरविंद केजरीवाल और आम आदमी पार्टी के अन्य नेताओं के खिलाफ अदालत की अवमानना का केस दर्ज करने की मांग की गई है। जिन लोगों पर ऐक्शन की मांग की गई है उनमें वरिष्ठ पत्रकार रवीश कुमार का नाम भी शामिल है।
बार एंड बेंच की एक रिपोर्ट के मुताबिक, अरविंद केजरीवाल, आम आदमी पार्टी के कई नेताओं और वरिष्ठ पत्रकार रवीश कुमार के खिलाफ दायर याचिका पर बुधवार को सुनवाई हो सकती है। वकील वैभव सिंह की ओर से दायर की गई याचिका में केजरीवाल और रविश कुमार के अलावा कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह, दिल्ली के पूर्व डिप्टी सीएम मनीष सिसोदिया, संजय सिंह, संजीव झा,पुनरदीप सिंह साहनी, जरनैल सिंह, मुकेश अहलावत और विनय मिश्रा जैसे 'आप' नेताओं पर अवमानना की कार्रवाई की मांग की गई है।
याचिका में क्या की गई है शिकायत
याचिका को PIL (जनहित याचिका) के रूप में दायर किया गया है। आरोप लगाया गया है कि जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा की अदालत में जिरह करते अरविंद केजरीवाल को अवैध तरीके से रिकॉर्ड किया गया और सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म्स पर प्रासिरत करके अदालत की अवमानना की गई। 13 अप्रैल को अरविंद केजरीवाल ने जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा के सामने एक घंटे से अधिक समय तक दलीलें रखीं थीं। बाद में उनके इस वीडियो को कई लोगों ने शेयर किया था। कई मीम्स भी बनाए गए थे। याचिका में मांग की गई है कि इन वीडियोज को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स से डिलीट करने का आदेश दिया जाए।
केजरीवाल को एक दिन पहले ही लगा है झटका
दिल्ली हाई कोर्ट में यह याचिका ऐसे समय में दायर की गई है जब एक दिन पहले ही जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा की अदालत से अरविंद केजरीवाल और अन्य नेताओं को बड़ा झटका लगा है। अरविंद केजरीवाल की याचिका पर सुनवाई के बाद जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा ने खुद को कथित शराब घोटाले से जुड़े केस से अलग करने से इनकार कर दिया। केजरीवाल ने जस्टिस स्वर्ण कांता पर अविश्वास जाहिर करते हुए उनसे केस से अलग होने की मांग की थी।अदालत ने केजरीवाल की दलीलों को खारिज कर दिया है। केजरीवाल ने 13 अप्रैल को एक घंटे से अधिक समय तक अदालत में अपनी दलीलें दीं। इसी का वीडियो वायरल होने पर आप नेताओं के खिलाफ शिकायत की गई है।




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