अब 8 नहीं अब 15 जोन में बंटेगा गाजियाबाद शहर, GDA ने बनाया विकास का मेगा प्लान
Ghaziabad News : गाजियाबाद में जीडीए क्षेत्र को 15 जोन में बांट कर नए सिरे से विकसित करने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए पहले चरण में राजनगर एक्सटेंशन और मोदीनगर का जोनल प्लान तैयार किया जाएगा, जिसकी एनसीआरटीसी को सौंपी गई है।

Ghaziabad News : गाजियाबाद में जीडीए क्षेत्र को 15 जोन में बांट कर नए सिरे से विकसित करने की तैयारी की जा रही है। इसके लिए पहले चरण में राजनगर एक्सटेंशन और मोदीनगर का जोनल प्लान तैयार किया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी नेशनल कैपिटल रीजन ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन (एनसीआरटीसी) को सौंपी गई है। ये जोनल प्लान तैयार होने के बाद दो चरण में अन्य क्षेत्रों के जोनल प्लान बनेंगे। माना जा रहा है कि इस साल यह सभी जोनल प्लान तैयार हो जाएंगे।
गाजियाबाद महायोजना 2021 में जीडीए का दायरा 25099.46 हेक्टेयर जमीन पर फैला था, जिसको गाजियाबाद विकास प्राधिकरण (जीडीए) ने 8 जोन में बांट कर विकसित किया। अब महायोजना 2031 में प्राधिकरण का दायरा बढ़कर 32017.81 हेक्टेयर में हो गया है। ऐसे में जीडीए क्षेत्रफल 27.56 फीसदी बढ़ गया। इतने बड़े क्षेत्रफल को विकसित करने के लिए प्राधिकरण क्षेत्र को आठ से बढ़ाकर 15 जोन में विभाजित किया जाएगा। साथ ही इसके दो कलस्टर बनेंगे, ताकि इन्हें योजनाबद्ध तरीके से विकसित किया जा सके।
अधिकारी बताते हैं कि जीडीए ने जोनल प्लान तैयार कराने की जिम्मेदारी एनसीआरटीसी को सौंपी है। एनसीआरटीसी तीन चरण में यह जोनल प्लान तैयार करेगा। पहले चरण में राजनगर एक्सटेंशन और मोदीनगर का जोनल प्लान तैयार होगा, जिसके लिए एनसीआरटीसी को मंजूरी भी दे दी गई है। अब एनसीआरटीसी मास्टर प्लान 2031 के अनुसार, इन दोनों जोन के जोनल प्लान तैयार करेगा। जानकार बताते हैं कि इन जोनल प्लान में आवासीय, व्यावसायिक, औद्योगिक, हरियाली, सरकारी विभाग आदि को शामिल किया जाएगा।
जोनल प्लान न होने से विकास में होती है दिक्कत
इससे पूर्व महायोजना 2021 लागू होने के बाद प्राधिकरण के आठ जोन का जोनल प्लान तैयार नहीं हो सका था। इस कारण विकास कार्य में काफी दिक्कत हुई थी। जोनल प्लान नहीं बनने से अवैध निर्माण ऐसे क्षेत्रों में भी हो गया, जिसे उस मास्टर प्लान में हरियाली के लिए रखा गया था।
कमर्शियल गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा
गाजियाबाद में व्यावसायिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा। महायोजना 2031 में 15.03 फीसदी क्षेत्रफल इसी के लिए रखा गया है। जहां कमर्शियल हब बनेगा। साथ ही मॉल, रेस्तारां, दुकान, शोरूम, काम्प्लेक्स आदि का निर्माण किया जाएगा, ताकि लोगों को रोजगार मिल सके।
नंद किशोर कलाल, उपाध्यक्ष, जीडीए, ''जीडीए क्षेत्र को विभाजित कर जोनल प्लान तैयार होगा। एनसीआरटीसी को जोनल प्लान तैयार करने की जिम्मेदारी दी गई है। तीन चरण में तैयार होने वाले जोनल प्लान के पहले चरण में राजनगर एक्सटेंशन और मोदीनगर को शामिल किया है।''




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