driverless pod taxis will run in noida and mumbai know its features, routes, and fares नोएडा-मुंबई में दौड़ेंगी देश की पहली ड्राइवरलेस पॉड टैक्सी, जानें खासियत, रूट और किराया, Ncr Hindi News - Hindustan
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नोएडा-मुंबई में दौड़ेंगी देश की पहली ड्राइवरलेस पॉड टैक्सी, जानें खासियत, रूट और किराया

Pod Taxi : उत्तर प्रदेश के नोएडा और महाराष्ट्र के मुंबई शहर में देश की पहली ड्राइवरलेस पॉड टैक्सी सेवा शुरू होने वाली है। यह सेवा न सिर्फ ट्रैफिक की समस्या को कम करेगी, बल्कि भारत के शहरी परिवहन को प्रदूषण मुक्त करने में भी योगदान देगी। यह प्रणाली एआई और केंद्रीय कंट्रोल रूम से नियंत्रित होगी।

Sun, 31 May 2026 06:03 AMPraveen Sharma हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
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नोएडा-मुंबई में दौड़ेंगी देश की पहली ड्राइवरलेस पॉड टैक्सी, जानें खासियत, रूट और किराया

सरकार शहरी परिवहन की सबसे बड़ी समस्या यानी एयरपोर्ट-स्टेशन से घर अथवा घर से ऑफिस जाने के दौरान जाम का झंझट खत्म करने के लिए ड्राइवरलेस पॉड टैक्सियां (पीआरटी) चलाने की तैयारी में है। यह देश की सबसे पहली पॉड टैक्सी सेवा होगी। फिलहाल सरकार की यह योजना (पॉड टैक्सी) नोएडा और मुंबई में सबसे पहले चलाने की है।

सड़क परिवहन व राजमार्ग मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि शहरी कनेक्टिविटी के लिए उत्तर प्रदेश के नोएडा (जेवर एयरपोर्ट से फिल्म सिटी) और महाराष्ट्र के मुंबई (बांद्रा-कुर्ला कॉम्प्लेक्स) में पूरी तरह से ड्राइवरलेस पॉड टैक्सी प्रोजेक्ट पर भी जमीनी काम शुरू हो चुका है। मुंबई के सबसे व्यस्त बिजनेस डिस्ट्रिक्ट (बीकेसी) में लास्ट-माइल कनेक्टिविटी (मेट्रो-लोकल स्टेशन से ऑफिस तक) को सुधारने के लिए प्रोजेक्ट पर तेजी से काम चल रहा है।

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नोएडा में 2028 के मध्य तक शुरू करने की योजना

उत्तर प्रदेश में जेवर के नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को सेक्टर-21 में बन रही भव्य फिल्म सिटी और आसपास के औद्योगिक सेक्टरों (टॉय पार्क, टेक्सटाइल पार्क) से जोड़ने के लिए पॉड टैक्सी शुरू होगी। सरकार का लक्ष्य है कि 2028 के मध्य तक इस रूट पर पॉड टैक्सी सेवा को यात्रियों के लिए लाइव कर दिया जाए।

रूट ग्रेटर नोएडा तक करने पर कार्य शुरू

यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण ने पूर्व में 12 से 14 किमी रूट को बढ़ाकर ग्रेटर नोएडा के परी चौक तक बढ़ाने पर काम शुरू किया है।

किराया 8 रुपये प्रति किमी अनुमानित

यहां 8 रुपये प्रति किलोमीटर किराया लगभग अनुमानित है। दावा है कि सफलता मिलने पर देश के अन्य महानगरों (जैसे बेंगलुरु, दिल्ली और हैदराबाद) के भीड़भाड़ वाले व्यावसायिक इलाकों में इस सेवा को विस्तार किया जाएगा। अप्रैल 2026 में ही महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री द्वारा इस प्रोजेक्ट के फेज-1 का भूमिपूजन के बाद निर्माण कार्य शुरू हो चुका है। यह प्रोजेक्ट लंदन हीथ्रो के एयरपोर्ट पर पॉड टैक्सी चलाने वाली कंपनी अल्ट्रा पीआरटी भारतीय कंपनी के साथ मिलकर बना रही है। यात्री क्षमता प्रति पॉड 4 से 6 यात्री (पूरी तरह वातानुकूलित) होगी। यह लिफ्ट की तरह काम करेगी, यानी पॉड केवल उसी स्टेशन पर रुकेगी जिसे यात्री ने चुना है, बीच के स्टेशनों पर नहीं रुकेगी। 100 फीसदी इलेक्ट्रिक, एआई-संचालित और केंद्रीय कंट्रोल रूम से पॉड टैक्सी का परिचालन होगा। इनके लिए जमीन से 5-10 मीटर ऊपर विशेष एलिवेटेड गाइडवे (ट्रैक) पर चलाया जाता है।

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क्या है पॉड टैक्सी

यह एक ऐसी इलेक्ट्रिक कार है, जो बिना ड्राइवर के चलती है। पारंपरिक बसों या मेट्रो की तरह भारी-भरकम नहीं होती, बल्कि व्यक्तिगत या छोटे समूहों के सफर के लिए डिजाइन की जाती है। इसमें एक छोटा कोच होता है।

दो एडवांस तकनीक

यह दो एडवांस तकनीकों पर काम करती है। पहला, इसमें लगे सेंसर किसी भी रुकावट को भांप लेते हैं, जिससे दुर्घटना नहीं होती। दूसरा, कंप्यूटर एल्गोरिदम और एआई के जरिए यह तय करता है कि किस ट्रैक पर कितनी टैक्सियों की जरूरत है।

पर्यावरण के अनुकूल

बैटरी आधारित यह जीरो-कार्बन सिस्टम पर्यावरण के अनुकूल होगा। इसमें पारंपरिक वाहनों और लोकल ट्रेनों के मुकाबले रबर के टायर या मैग्नेटिक ट्रैक का इस्तेमाल होता है, जिससे यह बिना किसी आवाज के चलती है।

ये हैं प्रमुख विशेषताएं

●प्रत्येक पॉड टैक्सी पूरी तरह से वातानुकूलित होगी, जिसमें 4 से 6 यात्रियों के बैठने की क्षमता होगी।

●इसकी अधिकतम गति 40 किलोमीटर प्रति घंटा होगी। हर 5 मिनट में पॉड टैक्सी उपलब्ध होगी।

●यह लिफ्ट की तरह काम करेगी। यात्री स्टेशन पर जाकर जिस डेस्टिनेशन का बटन दबाएगा या चुनाव करेगा, टैक्सी वहीं रुकेगी।

यहां चलती हैं पॉड टैक्सियां

●लंदन के हीथ्रो एयरपोर्ट पर अल्ट्रा पीआरटी वर्षों से सिस्टम काम कर रहा है।

●अमेरिका के वेस्ट वर्जीनिया यूनिवर्सिटी में छात्रों और नागरिकों के लिए काफी पहले से चलाया जा रहा है।

●अबू धाबी के मसदार सिटी में पॉड टैक्सी का इस्तेमाल होता है।

●दक्षिण कोरिया के सनचियोन शहर में स्काईपॉड नाम से यह सेवा सक्रिय है।

●चीन के चेंगदू में यह सक्रिय है।

रिपोर्ट - अरविंद सिंह

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