दिल्ली में जनगणना की हुई शुरूआत, पहले घर-परिवार की होगी गिनती; जानिए 7 जरूरी बातें
Delhi census 2027: अधिकारियों के मुताबिक, जनगणना के पहले चरण को 'मकान सूचीकरण और आवास जनगणना' (हाउस लिस्टिंग एंड हाउसिंग सेंसस) के रूप में जाना जाता है। इसे 30-30 दिनों के दो अलग-अलग चरणों में पूरा किया जाएगा।

Delhi census 2027: देश की राजधानी दिल्ली में जनगणना 2027 की शुरूआत गुरुवार से हो गयी है। यह अभियान दो महीने तक जारी रहेगा। अधिकारियों के मुताबिक, जनगणना के पहले चरण को 'मकान सूचीकरण और आवास जनगणना' (हाउस लिस्टिंग एंड हाउसिंग सेंसस) के रूप में जाना जाता है। इसे 30-30 दिनों के दो अलग-अलग चरणों में पूरा किया जाएगा।
1- कब तक चलेगी घरों की गिनती
आधिकारिक जानकारी के अनुसार, नई दिल्ली नगर पालिका परिषद (एनडीएमसी) और दिल्ली छावनी बोर्ड (डीसीबी) क्षेत्रों में यह अभियान 16 अप्रैल से 15 मई तक चलेगा। वहीं, दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) के अंतर्गत आने वाले क्षेत्रों में यह प्रक्रिया इसके तुरंत बाद 16 मई से 15 जून के बीच आयोजित की जाएगी।
2- व्यक्तियों की नहीं इमारत और परिवार की होगी गिनती
इस चरण का मुख्य उद्देश्य शहर की प्रत्येक इमारत और परिवार के बारे में जानकारी इकट्ठा करना है, न कि व्यक्तियों की गिनती करना। जनगणना का कार्य बाद में दूसरे चरण के दौरान किया जाएगा।
3- घर-घर जाकर पूछे जाएंगे 33 सवाल
कुल 700 से अधिक प्रशिक्षित कर्मी घर-घर जाकर निवासियों से 33 सवाल पूछेंगे। इसमें बुनियादी सुविधाओं की उपलब्धता, घर की मालिकाना स्थिति और परिवार के मुखिया का नाम व लिंग जैसे विवरण शामिल होंगे।
4- खास ऐप से होगी गिनती
अधिकारियों ने बताया कि यह पूरी प्रक्रिया डिजिटल माध्यम से पूरी की जाएगी। गणना करने वाले जानकारी को एकट्ठा करने के लिए अपने मोबाइल पर एक खास ऐप का इस्तेमाल करेंगे।
5- नागरिक खुद भी कर सकते हैं गिनती
निवासियों के पास आधिकारिक ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के माध्यम से खुद से गणना (सेल्फ-एन्युमरेशन) पूरा करने का विकल्प भी होगा। एनडीएमसी और डीसीबी क्षेत्रों के लिए स्व-गणना की प्रक्रिया बुधवार को समाप्त हो गई, जिसमें 5000 से अधिक लोगों ने अपनी जानकारी दर्ज की। एमसीडी क्षेत्र के तहत स्व-गणना एक मई से शुरू होगी, जो उस क्षेत्र के लिए वास्तविक गणना कार्य से पखवाड़े भर पहले है।
6- क्या झुग्गी-झोपड़ी और अनधिकृत बस्तियां होंगी शामिल
दिल्ली के सभी जिलों को कवर करते हुए शहर को कई गणना ब्लॉकों में विभाजित किया गया है। इसमें शहरी, अर्ध-शहरी और ग्रामीण क्षेत्र शामिल हैं। इस सर्वेक्षण में घनी आबादी वाली कॉलोनियां, अनधिकृत बस्तियां और झुग्गी बस्तियां भी शामिल होंगी।
7- लोगों की जानकारी गुप्त रखी जाएगी
अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया है कि एकत्र की गई सभी जानकारी गोपनीय रखी जाएगी और इसका उपयोग केवल सांख्यिकीय उद्देश्यों के लिए किया जाएगा। जनगणना का दूसरा चरण बाद में शुरू होगा, जिसमें व्यक्तियों की गणना की जाएगी।
एजेंसी वार्ता के इनपुट शामिल हैं।




साइन इन