नीयत साफ है तो… कपिल मिश्रा के मेट्रो से सफर करने पर AAP ने दे डाली कौन सी चुनौती
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मुहिम के अनुरूप दिल्ली के पर्यटन मंत्री कपिल मिश्रा ने बुधवार को मेट्रो से यात्रा की। उन्होंने संकल्प लिया कि वह अब केवल सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करेंगे या आवश्यकता पड़ने पर केवल एक आधिकारिक गाड़ियों का इस्तेमाल करेंगे।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मुहिम के अनुरूप दिल्ली के पर्यटन मंत्री कपिल मिश्रा ने बुधवार को मेट्रो से यात्रा की। उन्होंने संकल्प लिया कि वह अब केवल सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करेंगे या आवश्यकता पड़ने पर केवल एक आधिकारिक गाड़ियों का इस्तेमाल करेंगे। कपिल मिश्रा ने कहा कि दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और उनके मंत्रिमंडल के सभी मंत्रियों ने प्रधानमंत्री की अपील को प्रतिबद्धता के साथ लागू करना शुरू कर दिया है। हालांकि अब इस पर आम आदमी पार्टी दिल्ली के अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने तंज कसा है और एक चुनौती भी दी है।
उन्होंने कपिल मिश्रा के रील बनाने को ड्रामा करार देते हुए कहा कि वह सरकार से ली हुई सारी गाड़ियां वापस कर दें। सोशल मीडिया प्लैटफॉर्म एक्स पर उन्होंने कहा, अगर एक दिन की रील बनाने का ड्रामा है तो ठीक है । मगर नीयत साफ है तो भाजपा के सारे मंत्री सरकार से ली हुई सारी गाड़ियां (5-10 कार) वापिस कर दें । यहां एक्स पर रसीद डाल दें ।
सीएम रेखा गुप्ता ने आधिकारिक गाड़ियों के इस्तेमाल पर लगाया था प्रतिबंध
कपिल मिक्षा ने कहा था, मैं सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करूंगा या आवश्यकता होने पर ही केवल एक सरकारी वाहन का उपयोग करूंगा। इससे पहले मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने एक्स पर दिल्ली के मंत्रियों, पार्टी विधायकों और अन्य जनप्रतिनिधियों की आधिकारिक गाड़ियों के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाने की घोषणा की थी।
सीएम रेखा गुप्ता ने कहा था कि वह और उनके मंत्रिमंडल के सहयोगी सरकारी वाहनों के इस्तेमाल को न्यूनतम करेंगे, इसके बजाय, वे अब एक ही गाड़ी में कारपूलिंग और सार्वजनिक परिवहन के साधनों के इस्तेमाल को प्राथमिकता देंगे। इसी क्रम में दिल्ली के शिक्षा मंत्री आशीष सूद ने भी मंगलवार को निरीक्षण दौरे के लिए मेट्रो से सफर किया था।
वहीं प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ईंधन से चलने वाली गाड़ियों के इस्तेमाल में कमी लाने और मितव्ययिता अपनाने की अपील करने के कुछ दिन बाद अपने काफिले में शामिल गाड़ियों की संख्या काफी कम कर दी थी। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि प्रधानमंत्री की हालिया घरेलू यात्राओं के दौरान उनके काफिले में शामिल गाड़ियों की संख्या कम की गई थीं। हालांकि, विशेष सुरक्षा समूह (एसपीजी) के प्रोटोकॉल के अनुसार आवश्यक सुरक्षा प्रबंधों को बरकरार रखा गया है।
सूत्रों के अनुसार, हैदराबाद में रविवार को मितव्ययिता उपायों के संबंध में दिए गए प्रधानमंत्री के भाषण के तुरंत बाद गुजरात और असम में उनके काफिले में कारों की संख्या को कम कर दिया गया।




साइन इन