ट्विशा शर्मा का दोबारा होगा पोस्टमॉर्टम , दिल्ली AIIMS से भोपाल जाएगी डॉक्टरों की टीम; हाईकोर्ट ने दी मंजूरी
ट्विशा शर्मा की मौत मामले में मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने फिर पोस्टमार्टम की इजाजत दे दी है। इसके लिए दिल्ली एम्स की टीम भोपाल जाएगी।

ट्विशा शर्मा की मौत मामले में मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने फिर पोस्टमार्टम की इजाजत दे दी है। इसके लिए दिल्ली एम्स की टीम भोपाल जाएगी। ट्विशा शर्मा का शव भोपाल स्थित उसके ससुराल में फंदे से लटका हुआ पाया गया था। जिसके बाद अस्पताल में डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया था। ट्विशा के परिवार ने फिर पोस्टमार्टम कराने की मांग की थी। मध्य प्रदेश ने मांग स्वीकार कर ली है। भोपाल में ही फिर एक बार ट्विशा का पोस्टमार्टम होगा। हाईकोर्ट ने भोपाल एम्स से शव सुरक्षित रखने को भी कहा है।
दो दिन पहले ही भोपाल की एक अदालत ने दोबारा पोस्टमार्टम की मांग वाली ट्विशा के परिजनों की याचिका को खारिज कर दिया था। ट्विशा के परिजनों के वकील अनुराग श्रीवास्तव ने बताया कि परिवार ने भोपाल के एम्स में हुए पहले पोस्टमार्टम में खामियों को बताते हुए दूसरे पोस्टमार्टम के लिए हाई कोर्ट का रुख किया।
सास और पति के खिलाफ एफआईआर
ट्विशा शर्मा 12 मई को भोपाल के कटारा हिल्स इलाके में अपने ससुराल में मृत पाई गईं थीं। उसके परिवार ने उसके ससुराल वालों पर दहेज उत्पीड़न और आत्महत्या के लिए उकसाने का आरोप लगाया, जबकि ट्विशा की सास रिटायर्ड जज गिरिबाला सिं ने दावा किया कि वह ड्रग्स की आदी थी।पुलिस ने ट्विशा के पति समर्थ सिंह और सास के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 80 (2), 85 और 3 (5) के साथ-साथ दहेज निषेध अधिनियम के प्रावधानों के तहत एफआईआर दर्ज की है। इस बीच सरकार ने इस मामले में सीबीआई जांच के आदेश भी दे दिए हैं।
इससे पहले भोपाल में न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी अनुदिता गुप्ता ने बुधवार को सुनवाई करते हुए कहा था कि सच्चाई तक पहुंचने के मकसद से दोबारा पोस्टमॉर्टम की जरूरत है या नहीं, इस बारे में अदालत की अंतरात्मा संतुष्ट होनी चाहिए। उन्होंने कहा, प्रक्रिया के मामूली उल्लंघन अदालत को फिर से पोस्टमॉर्टम का आदेश देने के लिए प्रेरित नहीं करेंगे।
ट्विशा के शव का 13 मई को भोपाल एम्स में पोस्टमार्टम हुआ था और तभी से उसका शव वहां की मोर्चरी में रखा हुआ है। नोएडा निवासी ट्विशा के परिजन दहेज प्रताड़ना का आरोप लगाते हुए एम्स दिल्ली में दोबारा पोस्टमार्टम कराने की मांग कर रहे थे। पोस्टमार्टम के दौरान पुलिस की बड़ी लापरवाही भी सामने आई थी। पुलिस पोस्टमार्टम के समय ट्विशा के शव के साथ उस बेल्ट को ले जाना भूल गई थी जिससे कथित तौर पर उसने फांसी लगाई थी। ऐसे में डॉक्टर ये पता नहीं लगा पाए कि जो निशान ट्विशा के गले पर है, वो ही उसी बेल्ट का है या नहीं। ट्विशा के परिवारवालों ने पुलिस की जांच में लापरवाही की बात भी कही थी और इसी के चलते पोस्टमार्टम दोबारा कराने की मांग की गई थी।
पति ने वापस ली अग्रिम जमानत याचिका
वहीं दूसरी मामले में एक और नया ट्विस्ट आ गया है। ट्विशा के पति ने अपनी अग्रिम जमानत याचिका वापस ले ली है और जल्द ही उसके जिला अदालत में सरेंडर करने की बात सामने आ रही है।
भाषा से इनपुट




साइन इन