पानी के 50 नमूनों में 26 फेल, 9 मौतों की जांच में दूषित जल पीने की पुष्टि; इंदौर त्रासदी के मुख्य प्वाइंट्स
देश के सबसे स्वच्छ शहर इंदौर में दूषित जल पीने से हो रही लोगों की मौतों पर हाहाकार मचा है। मौत के आकड़ें अलग-अलग बताए जा रहे हैं। रिकॉर्ड के अनुसार चार मौतें हुई हैं। अधिकारियों के अनुसार 10 मौते हुई हैं। वहीं, स्थानीय लोगों का कहना है कि 15 लोगों की मौतें हुई हैं।

देश के सबसे स्वच्छ शहर इंदौर में दूषित जल पीने से हो रही लोगों की मौतों पर हाहाकार मचा है। मौत के आकड़ें अलग-अलग बताए जा रहे हैं। इंदौर के सीएमएचओ ने कहा है कि रिकॉर्ड के अनुसार चार मौतें हुई हैं। वहीं, स्थानीय लोगों का कहना है कि 15 लोगों की मौतें हुई हैं। इस बीच, अधिकारियों ने बताया है कि इंदौर के भागीरथपुरा इलाके में दूषित पानी पीने से कम से कम 10 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 1400 से अधिक लोग उल्टी और दस्त से प्रभावित हुए हैं।
कम से कम 32 मरीज आईसीयू में
पीटीआई के अनुसार, स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि प्रभावित क्षेत्र के अस्पतालों में गुरुवार तक 272 मरीजों को भर्ती कराया गया है, जिनमें से 71 को अब तक छुट्टी दे दी गई है, जबकि कम से कम 32 मरीज आईसीयू में इलाज करा रहे हैं।
रिकॉर्ड के अनुसार चार मौतें
इंदौर के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) माधव प्रसाद हसनी ने समाचार एजेंसी एएनआई को बताया कि वरिष्ठ डॉक्टर और जिला प्रशासन के अधिकारी अस्पतालों में स्थिति पर लगातार नजर रख रहे हैं। यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि मरीजों को उचित इलाज मिले। अब तक रिकॉर्ड के अनुसार चार मौतें हुई हैं। अगर हमें इस संबंध में और आंकड़े और सबूत मिलते हैं तो हम उन्हें संशोधित और अपडेट करेंगे।
पानी के नमूनों में सीवेज में पाए जाने वाले बैक्टीरिया
एचटी की रिपोर्ट के अनुसार, इंदौर के भागीरथपुरा में कम से कम नौ लोगों की मौत की जांच के प्रारंभिक निष्कर्षों में पीने के पानी के नमूनों में आमतौर पर सीवेज में पाए जाने वाले बैक्टीरिया की मौजूदगी की पुष्टि हुई है।
इंदौर त्रासदी के मुख्य प्वाइंट्स
- इंदौर के भागीरथपुरा इलाके में दूषित पानी पीने से लोग उल्टी-दस्त के शिकार बने।
- इंदौर नगर निगम के अतिरिक्त आयुक्त रोहित सिसोनिया ने बताया कि भागीरथपुरा और आसपास के इलाकों से चार दिन पहले लिए गए 50 पानी के नमूनों में से 26 में बैक्टीरिया संक्रमण पाया गया।
- कम से कम 9 मौतों की प्रारंभिक जांच में पीने के पानी के नमूनों में आमतौर पर सीवेज में पाए जाने वाले बैक्टीरिया पाए गए।
- गुरुवार तक 272 मरीजों को भर्ती कराया गया है, जिनमें से 71 को अब तक छुट्टी दे दी गई है, जबकि कम से कम 32 मरीज आईसीयू में हैं।
- पीने के लिए नल के पानी का उपयोग न करने, पीने के पानी के लिए टैंकरों पर निर्भर रहने और एहतियात के तौर पर पानी उबालकर पीने की सलाह दी गई है।
- एक परिवार ने राज्य सरकार द्वारा दिए गए 2 लाख रुपए के मुआवजे को यह कहते हुए लेने से इनकार कर दिया कि पैसा बच्चे के खोने की भरपाई नहीं कर सकता।
- सीएम मोहन यादव ने इंदौर नगर निगम आयुक्त और अतिरिक्त आयुक्त को इस संबंध में कारण बताओ नोटिस जारी करने, अतिरिक्त आयुक्त को तुरंत इंदौर से हटाने और जल वितरण कार्य विभाग के प्रभारी अधीक्षण अभियंता को प्रभार से मुक्त करने के निर्देश दिए।




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