बीवी को फंसाने के लिए पति ने मंदिर में किया धमाका; आतंकी साजिश नहीं, वैवाहिक विवाद निकली वजह
मध्य प्रदेश पुलिस ने सागर जिले के एक मंदिर परिसर में हुए बम धमाके के सिलसिले में एक 30 वर्षीय युवक को हिरासत में लिया है। पुलिस ने बताया कि यह कोई आतंकी घटना नहीं थी, बल्कि इसका संबंध वैवाहिक विवाद से था। युवक ने अपनी पत्नी और अन्य लोगों को इसमें फंसाने की कोशिश कर रहा था।

मध्य प्रदेश पुलिस ने सागर जिले के एक मंदिर परिसर में हुए बम धमाके के सिलसिले में एक 30 वर्षीय युवक को हिरासत में लिया है। पुलिस ने बताया कि यह कोई आतंकी घटना नहीं थी, बल्कि इसका संबंध वैवाहिक विवाद से था। संदिग्ध युवक कथित तौर पर अपनी पत्नी और अन्य लोगों को इसमें फंसाने की कोशिश कर रहा था।
बता दें कि, यह धमाका मंगलवार रात हरसिद्धि देवी धाम स्थित बूढ़ी रानगिर मंदिर परिसर में हुआ था। इसमें राधेश्याम रैकवार (48), उनकी पत्नी और उनकी 11 वर्षीय बेटी संजना घायल हो गए थे। राधेश्याम और उनकी पत्नी की हालत अब स्थिर है, जबकि गंभीर रूप से घायल संजना का भोपाल में इलाज चल रहा है।
टाइम्स न्यूज नेटवर्क की रिपोर्ट के अनुसार, जांचकर्ताओं ने बताया कि आरोपी का घायल परिवार से कोई संबंध नहीं था, उन्हें तो बस यूं ही निशाना बनाया गया था। एक सीनियर पुलिस अधिकारी ने कहा कि यह एक वैवाहिक विवाद है और संदिग्ध कुछ ऐसे लोगों को फंसाना चाहता था, जिनके बारे में उसे लगता था कि उन्होंने उसकी पत्नी को उसे छोड़कर जाने के लिए उकसाया था।
देसी बम की वजह से हुआ था धमाका
पुलिस ने बताया कि यह धमाका एक देसी बम की वजह से हुआ था, जिसे तारों वाले एक लकड़ी के स्पीकर जैसे बक्से के अंदर छिपाकर रखा गया था। इस बक्से को घायल हुए परिवार की नारियल और प्रसाद की दुकान के बाहर छोड़ दिया गया था। यह चीज देखने में बिल्कुल भी खतरनाक नहीं लग रही थी, इसलिए धमाका होने से पहले दुकानदार ने इसे दुकान के अंदर उठाकर रख लिया था।
रिश्तेदार बेचता है डेटोनेटर
सूत्रों के मुताबिक, संदिग्ध युवक को पहले से ही माइनिंग साइट्स पर विस्फोटक संभालने का अनुभव था। वहीं, उसका एक रिश्तेदार डेटोनेटर बेचने के काम में शामिल है।
अधिकारियों ने इस बात की पुष्टि की है कि धमाके में आतंकी एंगल को खारिज कर दिया गया है। अब जांच का एंगल संदिग्ध की भूमिका, योजना और इस कृत्य को अंजाम देने के तरीके का पता लगाने पर केंद्रित है। पुलिस और फोरेंसिक टीमों ने घटनास्थल से सबूत इकट्ठा कर लिए हैं।




साइन इन