jharkhand courts hearings will now be held in hybrid mode high court issues directive झारखंड की अदालतों में अब हाईब्रिड मोड में होगी सुनवाई, हाईकोर्ट ने भेजा निर्देश, Jharkhand Hindi News - Hindustan
More

झारखंड की अदालतों में अब हाईब्रिड मोड में होगी सुनवाई, हाईकोर्ट ने भेजा निर्देश

झारखंड की निचली अदालतों में अब हाईब्रिड मोड में सुनवाई होगी। साथ ही न्यायिक अधिकारी और कर्मचारियों के बीच कार पूलिंग व्यवस्था लागू की जाएगी।

Sat, 16 May 2026 11:55 PMKrishna Bihari Singh लाइव हिन्दुस्तान, रांची
share
झारखंड की अदालतों में अब हाईब्रिड मोड में होगी सुनवाई, हाईकोर्ट ने भेजा निर्देश

झारखंड हाईकोर्ट ने राज्य में जारी ऊर्जा संकट को देखते हुए सभी निचली अदालतों को तत्काल प्रभाव से हाईब्रिड मोड में काम करने का निर्देश दिया है। इसके तहत अदालतों में सुनवाई और गवाही वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से वर्चुअल रूप से हो सकेगी, ताकि न्यायिक प्रक्रिया बिना किसी बाधा के चलती रहे। हाईकोर्ट ने वकीलों, गवाहों और पक्षकारों को इस डिजिटल व्यवस्था को अपनाने के लिए प्रोत्साहित करने को कहा है। साथ ही ईंधन की बचत के लिए सभी न्यायिक अधिकारियों और कर्मचारियों को आपस में कार पूलिंग और वाहन साझा करने की व्यवस्था लागू करने का भी सख्त आदेश दिया गया है।

झारखंड हाईकोर्ट ने सभी प्रधान जिला सत्र न्यायाधीश, रांची के न्यायायुक्त को पत्र भेजकर अदालतों में हाइब्रिड मोड में कार्य संचालन और न्यायिक अधिकारियों व कर्मचारियों के बीच कार पूलिंग व्यवस्था लागू करने का निर्देश दिया है।

हाईकोर्ट की ओर से जारी निर्देश में कहा गया है कि राज्य में चल रहे ऊर्जा संकट को देखते हुए सभी अदालतें हाइब्रिड मोड में सक्रिय रूप से कार्य करें, ताकि न्यायिक प्रक्रिया निर्बाध रूप से जारी रह सके। अधिवक्ताओं, पक्षकारों और गवाहों को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए वर्चुअल रूप से पेश होने के लिए प्रोत्साहित करने का निर्देश दिया गया है।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:झारखंड में अचानक नहीं रुकेंगी ट्रेन, बुकिंग से पहले ही मिलेगी रद्द होने की सूचना

एसओपी का सख्ती से पालन करने के निर्देश

हाईकोर्ट ने स्पष्ट किया है कि वर्चुअल सुनवाई के दौरान झारखंड हाईकोर्ट द्वारा निर्धारित नियमों, दिशा-निर्देशों और स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (एसओपी) का सख्ती से पालन किया जाए। इस संबंध में सीपीसी, झारखंड हाईकोर्ट द्वारा 27 अगस्त 2025 को जारी पत्र का भी उल्लेख किया गया है। ईंधन की बचत सुनिश्चित करने के लिए सभी न्यायिक अधिकारियों और कर्मचारियों को अदालत आने-जाने में कार पूलिंग और वाहन साझा व्यवस्था अपनाने के लिए प्रेरित करने को कहा गया है। हाईकोर्ट ने इन निर्देशों को तत्काल प्रभाव से लागू करने का आदेश दिया है।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:झारखंड में 20 जून से शुरू होगा SIR, क्या होगी प्रक्रिया; जानें सबकुछ

झारखंड के राज्यपाल ने भी लिया था फैसला

हाल ही में झारखंड के राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने अपने काफिले (गाड़ियों की संख्या) को छोटा करने का फैसला किया है। उन्होंने यह कदम प्रधानमंत्री मोदी की उस अपील के बाद उठाया है, जिसमें पीएम ने पश्चिम एशिया के संकट को देखते हुए ईंधन (पेट्रोल-डीजल) बचाने की बात कही थी। राज्यपाल ने साफ किया कि अब उनके काफिले में सिर्फ चार गाड़ियां होंगी। इसके साथ ही उन्होंने बाकी नेताओं और अधिकारियों से भी अपील की है कि वे बिना जरूरत गाड़ियों का इस्तेमाल न करें, ताकि देश का पैसा और संसाधन बच सकें।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:झारखंड में खौफनाक वारदात, विवाहिता की गला काटकर हत्या