रामगढ़ में खुलेगा झारखंड का पहला 'ट्रांसकैफे', ट्रांसजेंडर संभालेंगे कमान, मेन्यू में क्या?
झारखंड के रामगढ़ में राज्य का पहला ट्रांस कैफे खुलने जा रहा है, जिसे ट्रांसजेंडर समुदाय के 10 सदस्य चलाएंगे। इस पहल का मकसद लोगों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ना और सम्मानजनक रोजगार देना है।

झारखंड के रामगढ़ जिले में राज्य का पहला ऐसा कैफे खुलने जा रहा है जिसे पूरी तरह से ट्रांसजेंडर समुदाय के लोग चलाएंगे। 'ट्रांस कैफे' नाम का यह आउटलेट जिला कलेक्टरेट पार्क में स्थित है। इसका प्रबंधन किन्नर उत्थान समिति के 10 सदस्यों की ओर से किया जाएगा। उपायुक्त फैज अक अहमद मुमताज के अनुसार, इस पहल का मुख्य मकसद ट्रांसजेंडर समुदाय को समाज की मुख्यधारा से जोड़ना और उन्हें सम्मानजनक आजीविका प्रदान करना है।
जिला कलेक्ट्रेट पार्क से चलेगा ‘ट्रांसकैफे’, यह मकसद
रामगढ़ के डिप्टी कमिश्नर फैज अक अहमद मुमताज ने बताया कि 'ट्रांसकैफे' का उद्घाटन मंगलवार को होगा। 'ट्रांसकैफे' आउटलेट जिला कलेक्ट्रेट पार्क से चलेगा और इसे 10 ट्रांसजेंडर लोगों का एक समूह मैनेज करेगा। यह अनोखी पहल ट्रांसजेंडर समूह के लोगों को समाज की मुख्यधारा में लाने और उनके लिए सम्मानजनक रोजगार पैदा करने के मकसद से की गई थी।
मेन्यू में क्या?
रामगढ़ के डिप्टी कमिश्नर फैज अक अहमद मुमताज कहा कि जिले में 'किन्नर उत्थान समिति' नाम का एक सेल्फ-हेल्प ग्रुप बनाया गया है। 'किन्नर उत्थान समिति' नाम का सेल्फ-हेल्प ग्रुप कैफे चलाएगा। इस कैफे में शुरुआत में आने वालों को चाय, कॉफी, स्नैक्स और दूसरी हल्की-फुल्की चीजें दी जाएंगी। इसके बाद धीरे-धीरे मेन्यू बढ़ाने का प्लान है।
झारखंड का पहला कैफे जिसे ट्रांसजेंडर चलाएंगे
रामगढ़ के डिप्टी कमिश्नर ने कहा कि यह झारखंड का पहला कैफे होगा जिसे पूरी तरह से ट्रांसजेंडर कम्युनिटी के लोग चलाएंगे। 'किन्नर उत्थान समिति' की प्रेसिडेंट हिमांशी प्रधान ने कहा कि ट्रांसजेंडर लोगों के बारे में लोगों की अलग-अलग सोच होती है। लेकिन नाचने-गाने के अलावा यदि मौका मिले तो हम मेनस्ट्रीम काम भी अच्छे से कर सकते हैं। यह पहल नौकरी से कहीं अधिक देती है।
सोच बदलने में भी होगा मददगार
हिमांशी प्रधान ने कहा कि कैफे ट्रांसजेंडर लोगों के बारे में बच्चों की सोच बदलने में भी मदद करेगा। बच्चे आमतौर पर ट्रांसजेंडर कम्युनिटी के साथ कम मिलते-जुलते हैं क्योंकि वे हमसे डरते हैं। अब वे रेगुलर बातचीत करेंगे जिससे उनके विचार बदलने में मदद मिलेगी। वहीं रामगढ़ के डिप्टी कमिश्नर फैज अक अहमद मुमताज ने कहा कि जिले में लगभग 50 ट्रांसजेंडर लोग हैं जिनको मदद करने की कोशिशें की जा रही हैं।
ब्यूटीशियन ट्रेनिंग प्रोग्राम भी शुरू
रामगढ़ के डिप्टी कमिश्नर फैज अक अहमद मुमताज ने कहा कि किन्नर समाज को समाज की मुख्यधारा में लाने के लिए तमाम पहल की जा रही है ताकि वे इज्जतदार जीवन बसर कर सकें। कम्युनिटी के लोगों के लिए सोमवार से एक ब्यूटीशियन ट्रेनिंग प्रोग्राम शुरू किया गया है, जिसमें एक्सपर्ट उनके घरों पर जाकर उन्हें अपना काम शुरू करने में मदद करेंगे। यही नहीं रामगढ़ जिला प्रशासन ने हर शनिवार को सदर अस्पताल में ट्रांसजेंडर कम्युनिटी के लिए एक खास ओपीडी भी शुरू की है।




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