I congratulate Donald Trump on the rescue of Pilots says Israeli PM Benjamin Netanyahu मेरे प्रिय मित्र, अमेरिकी पायलटों के रेस्क्यू पर क्या बोले नेतन्याहू; डोनाल्ड ट्रंप को दी बधाई, International Hindi News - Hindustan
More

मेरे प्रिय मित्र, अमेरिकी पायलटों के रेस्क्यू पर क्या बोले नेतन्याहू; डोनाल्ड ट्रंप को दी बधाई

ईरान से अमेरिकी पायलटों को छुड़ाए जाने पर इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की प्रतिक्रिया आई है। नेतन्याहू ने डोनाल्ड ट्रंप को बधाई दी है। नेतन्याहू ने कहाकि यह अमेरिकी योद्धाओं द्वारा एक बहादुर अमेरिकी पायलट को बचाने का शानदार प्रयास है।

Sun, 5 April 2026 07:26 PMDeepak Mishra लाइव हिन्दुस्तान, तेल अवीव
share
मेरे प्रिय मित्र, अमेरिकी पायलटों के रेस्क्यू पर क्या बोले नेतन्याहू; डोनाल्ड ट्रंप को दी बधाई

ईरान से अमेरिकी पायलटों को छुड़ाए जाने पर इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की प्रतिक्रिया आई है। नेतन्याहू ने डोनाल्ड ट्रंप को बधाई दी है। नेतन्याहू ने कहाकि यह अमेरिकी योद्धाओं द्वारा एक बहादुर अमेरिकी पायलट को बचाने का शानदार प्रयास है। नेतन्याहू ने आगे कहाकि यह साबित करता है कि जब स्वतंत्र समाज साहस और संकल्प के साथ कार्य करते हैं, तो वे अंधकार और आतंक की शक्तियों पर काबू पा सकते हैं...मेरे प्रिय मित्र, एक बार फिर, आपका नेतृत्व अमेरिका के लिए एक महान जीत लेकर आया।

लापता हो गया था विमान
गौरतलब है कि अमेरिका ने रविवार सुबह कहा कि ईरान द्वारा उसके लड़ाकू विमान को मार गिराए जाने के बाद से लापता अमेरिकी सैन्यकर्मी को बचा लिया गया है। अमेरिकी विमान के चालक दल का सदस्य शुक्रवार को तब लापता हो गया था जब ईरान ने अमेरिकी एफ-15ई स्ट्राइक ईगल विमान को मार गिराया था। चालक दल के एक अन्य सदस्य को पहले ही बचा लिया गया था। ट्रंप ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में लिखा कि पायलट घायल है, लेकिन वह बिल्कुल ठीक हो जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि उसने ईरान के दुर्गम पहाड़ी इलाकों में शरण ली थी।

बचाव में दर्जनों विमान थे शामिल
अमेरिकी राष्ट्रपति के अनुसार, बचाव अभियान में दर्जनों विमान शामिल थे और अमेरिका उसकी लोकेशन पर 24 घंटे नजर रखे हुए था तथा उसके बचाव की सावधानीपूर्वक योजना बना रहा था। यह लड़ाकू विमान फरवरी के अंत में शुरू हुए संघर्ष के बाद ईरानी क्षेत्र में गिरने वाला पहला अमेरिकी विमान था। ट्रंप ने पिछले सप्ताह कहा था कि अमेरिका ने ईरान को कुचल दिया है और वह युद्ध को बहुत जल्दी खत्म कर देगा। इसके दो दिन बाद ईरान ने दो अमेरिकी सैन्य विमानों को मार गिराया, जिससे बमबारी में कमजोर होने के बावजूद ईरानी सेना की जवाबी क्षमता का संकेत मिला। दूसरा गिराया गया विमान अमेरिकी ए-10 अटैक एयरक्राफ्ट था। उसके चालक दल की स्थिति और दुर्घटना स्थल की सटीक जानकारी तुरंत उपलब्ध नहीं हो सकी।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:सरमा की पत्नी के पास तीन पासपोर्ट, कांग्रेस के आरोपों पर बिफरे असम के सीएम
ये भी पढ़ें:सीडीआर लीक की होगी जांच, ईडी का भी शिकंजा; खराट केस में क्या बोले सीएम फडणवीस
ये भी पढ़ें:दुश्मन देश, ईरानी सेना की निगाहें; फिर अमेरिका ने अपने पायलटों को कैसे बचाया

ईरान ने रखा था ईनाम
शुक्रवार को एफ-15 ई विमान के गिरने के बाद अमेरिका ने तेजी से खोज और बचाव अभियान चलाया, जो ईरान के दक्षिण-पश्चिमी प्रांत कोहगिलुयेह और बोयर-अहमद के पहाड़ी क्षेत्र पर केंद्रित था। ईरान ने दुश्मन पायलट की जानकारी देने वालों के लिए इनाम की भी घोषणा की। ईरान की संयुक्त सैन्य कमान ने शनिवार को दावा किया कि उसने शुक्रवार को दो अमेरिकी ब्लैक हॉक हेलीकॉप्टरों को भी निशाना बनाया। हालांकि एसोसिएटेड प्रेस इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं कर सका। वहीं, कुवैत में ईरान के ड्रोन हमले के कारण दो बिजली संयंत्रों को भारी नुकसान पहुंचा है और एक जल विलवणीकरण संयंत्र ने काम करना बंद कर दिया।

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।