UPSC 2025 में छपरा का डंका, यशस्वी ने हासिल की 11वीं रैंक, हर्षवर्धन ने भी मारी बाजी
छपरा के दो होनहार युवाओं, यशस्वी राजवर्धन (AIR 11) और हर्षवर्धन (AIR 424) ने यूपीएससी 2025 परीक्षा में शानदार सफलता हासिल कर सारण जिले का नाम पूरे देश में रौशन किया है।

बिहार की मिट्टी में वो तासीर है, जो मुश्किल से मुश्किल हालात में भी कामयाबी के फूल खिलाना जानती है। बात जब देश की सबसे बड़ी और प्रतिष्ठित संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा परीक्षा की आती है, तो बिहार के नौजवानों का जज्बा देखते ही बनता है। इस बार भी यूपीएससी 2025 के फाइनल नतीजों ने इस रिवायत को कायम रखा है। इस साल के नतीजों में सारण (छपरा) जिले के होनहारों ने ऐसा कमाल किया है, जिसकी चर्चा आज हर जुबान पर है। छपरा के दो प्रतिभाशाली युवाओं ने अपनी कड़ी मेहनत और अटूट लगन के दम पर यूपीएससी की इस कठिन परीक्षा को पास कर जिले का नाम पूरे हिंदुस्तान में रौशन कर दिया है।
पिता के नक्शेकदम पर चले यशस्वी, हासिल की 11वीं रैंक
सारण जिले के दिघवारा प्रखंड के अंतर्गत आने वाले मलखाचक गांव के रहने वाले यशस्वी राजवर्धन ने अपनी मेधा का परचम लहराते हुए पूरे देश में 11वीं रैंक (AIR 11) हासिल की है। यशस्वी की इस शानदार कामयाबी ने सिर्फ उनके गांव का ही नहीं, बल्कि पूरे सूबे का सीना फख्र से चौड़ा कर दिया है। आपको बता दें कि यशस्वी के खून में ही देश सेवा का जज्बा दौड़ता है। उनके पिता रजनीश सिंह खुद एक तेज तर्रार आईएएस (IAS) अफसर हैं। एक ऐसे माहौल में पले बढ़े यशस्वी ने शुरू से ही अपने पिता को देश की तरक्की के लिए काम करते देखा था और उसी रास्ते पर चलने का ख्वाब बुना था। आज अपनी दिन रात की तपस्या और बेहतरीन रणनीति के दम पर उन्होंने वह मुकाम हासिल कर लिया है, जो लाखों युवाओं का सपना होता है। उनकी इस सफलता पर पूरे मलखाचक गांव में दीवाली जैसा जश्न मनाया जा रहा है और बधाइयों का तांता लगा हुआ है।
दहियांवा के हर्षवर्धन ने 424वीं रैंक के साथ किया कमाल
छपरा को गौरवान्वित करने वाली दूसरी बड़ी खबर शहर के दहियांवा इलाके से आई है। यहां के रहने वाले अशोक सिंह के होनहार बेटे हर्षवर्धन ने भी यूपीएससी की इस परीक्षा में अपनी काबिलियत का लोहा मनवाया है। हर्षवर्धन ने ऑल इंडिया में 424वीं रैंक हासिल कर यह साबित कर दिया है कि अगर इंसान के इरादे मजबूत हों, तो कोई भी मंजिल हासिल की जा सकती है। हर्षवर्धन की इस कामयाबी के पीछे उनके परिवार का बड़ा त्याग और उनका खुद का अनुशासन शामिल है। महीनों तक किताबों में सिर खपाने और खुद को दुनियादारी से अलग रखने के बाद जब यह नतीजा सामने आया, तो उनके परिवार की आंखों में खुशी के आंसू छलक पड़े।
गौरतलब है कि संघ लोक सेवा आयोग ने हाल ही में सिविल सेवा परीक्षा की तीनों अहम सीढ़ियों प्रारंभिक परीक्षा, मुख्य परीक्षा और इंटरव्यू के बाद फाइनल मेरिट लिस्ट जारी की है। इस साल पूरे देश से कुल 958 उम्मीदवारों को विभिन्न केंद्रीय सेवाओं के लिए चुना गया है।
अनुज अग्निहोत्री ने किया टॉप
इस बार की परीक्षा में अनुज अग्निहोत्री ने पूरे देश में पहला मुकाम (AIR 1) हासिल कर टॉप किया है। लड़कियों में मदुरई की राजेश्वरी सुवे एम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए ऑल इंडिया रैंक 2 हासिल की है और फीमेल टॉपर बनी हैं।
इस साल केंद्र सरकार की तरफ से सिविल सेवाओं (IAS, IPS, IFS आदि) के लिए कुल 1,087 पदों को भरने का लक्ष्य रखा गया था। आयोग ने साफ किया है कि फिलहाल 348 उम्मीदवारों का चयन प्रोविजनल रूप से किया गया है, जिनके कागजातों की अंतिम जांच अभी बाकी है।




साइन इन