BHU तक पहुंची NEET जांच की आंच, BAMS कर रही आरोपी की बेटी पर शक, 12वीं व नीट में कितने थे अंक
जिस दिनेश बिवाल को राजस्थान के जयपुर से नीट यूजी पेपर लीक के सिलसिले में गिरफ्तार किया गया, उसकी एक बेटी बीएचयू के आयुर्वेद संकाय में बीएएमएस कोर्स कर रही है। अब संस्थान ने छात्रा के बारे में पूरी रिपोर्ट तैयार की गई। उसके जमा किए हुए कागजात मंगाए गए।

नीट यूजी में जो आग इस साल लगी है, उसकी चिंगारी पिछले एक साल से बीएचयू के चिकित्सा विज्ञान संस्थान में भी सुलग रही थी। पर्चा लीक करने के आरोप में जिस दिनेश बिवाल को राजस्थान के जयपुर से गिरफ्तार किया गया, उसकी एक बेटी यहां आयुर्वेद संकाय में बीएएमएस (बैचलर ऑफ आयुर्वेदिक मेडिसिन ऐंड सर्जरी) कोर्स कर रही है। पिछले सत्र में ही उसका प्रवेश हुआ था।
यह जानकारी जब शुक्रवार को आईएमएस तक पहुंची तो चर्चाओं का बाजार गर्म हो गया। आनन-फानन में संस्थान के अधिकारियों की बैठक बुलाई गई और छात्रा के बारे में पूरी रिपोर्ट तैयार की गई। उसके जमा किए हुए कागजात मंगाए गए। पूरी कवायद के बाद अधिकारियों ने छात्रा की सभी फाइलें अलग से रख दी हैं, ताकि सीबीआई यहां पूछताछ करने पहुंचे तो उसे मुहैया कराया जा सके। सीबीआई ने नीट पेपर लीक मामले में जयपुर से दिनेश बिवाल, उसके भाई मांगीलाल और भतीजे विकास को पकड़ा है। इन तीनों से पूछताछ में यह खुलासा हुआ कि विकास ने पिछले साल नीट के पेपर 25 लाख रुपये भुगतान करके खरीदे थे। इस परिवार के पांच लड़के-लड़कियां विभिन्न मेडिकल संस्थानों में पढ़ रहे हैं।
12वीं में 70 फीसदी ही अंक मिले थे
दिनेश बिवाल की बेटी ने कक्षा 10 में 86 और कक्षा 12 में 70 प्रतिशत अंक प्राप्त किए थे। नीट 2024 में 720 में सिर्फ 355 अंक मिले। उसने सीकर में कोचिंग की थी। कोचिंग की परीक्षा में उसका औसत 320 से 342 के बीच रहा। नीट 2025 में 94.07 परसेंटाइल आया था। बीएचयू की छात्रा के परिवार के चार सदस्य महाराष्ट्र और राजस्थान के मेडिकल कॉलेजों में पढ़ रहे हैं। इनमें मांगीलाल की बेटी दौसा, बीवल भाई घनश्याम की बेटी मुंबई, घनश्याम की दूसरी बेटी जयपुर और विकास सवाई माधोपुर मेडिकल कॉलेज में अध्ययनरत है।
सोशल मीडिया पर खुशी
पेपर लीक के आरोपी दिनेश बिवाल ने 6 नवंबर, 2025 को फेसबुक पर एक पोस्ट में लिखा, ‘यह मेरे परिवार के लिए बहुत गर्व की बात है कि हमारे पांच बच्चों का चयन सरकारी मेडिकल कॉलेजों में हुआ है।’
बोले छात्र, आम लोगों में गिर रही नीट की साख
वाराणसी। दिशा छात्र संगठन ने शुक्रवार को नीट-2026 पेपर लीक होने पर विरोध जताया। छात्रों का कहना है कि इसके पहले 2015, 2021 और 2024 में भी पेपर लीक हो चुके हैं। संगठन के मुकुल ने कहा कि बार-बार पेपर लीक होने से आम लोगों और छात्रों के बीच इस परीक्षा की साख गिरती है। ज्ञान ने कहा कि परीक्षा में धांधली, पेपर लीक और रद्द होने पर छात्र सड़कों पर उतरते हैं तो सरकार उनपर लाठीचार्ज करती है।




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