CBSE : चलने लगा सीबीएसई 12वीं की स्कैन कॉपी का पोर्टल, लाखों आंसरशीट की मांग, धुंधली उत्तर पुस्तिका देख भड़के छात्र
CBSE Class 12 answer sheet photocopy 2026: सीबीएसई कक्षा 12वीं परीक्षा की आंसरशीट की स्कैन कॉपी प्राप्त करने के लिए बोर्ड का पोर्टल अब पूरी तरह सुचारु रूप से काम कर रहा है। विद्यार्थियों का कहना है कि कॉपियां इतनी ब्लर हैं कि उनको स्पष्ट दिखाई नहीं दे रहा है ऐसे में कैसे चेक हुई होंगी।

CBSE Class 12 answer sheet photocopy 2026: सीबीएसई कक्षा 12वीं परीक्षा की आंसरशीट की स्कैन कॉपी प्राप्त करने के लिए बोर्ड का पोर्टल अब पूरी तरह सुचारु रूप से काम कर रहा है। विद्यार्थी अब आराम से आवेदन कर सकते हैं। सीबीएसई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर आज शुक्रवार सुबह यह जानकारी दी। बोर्ड ने यह भी कहा कि अधिक ट्रैफिक की वजह से कुछ छात्रों को तकनीकी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। खासकर पेमेंट स्टेटस अपडेट होने में देरी हो सकती है। ऐसी स्थिति में छात्रों को बार-बार आवेदन या भुगतान करने से बचना चाहिए।
इससे पहले 20 मई 2026 को शाम 7:30 बजे तक केवल तीन घंटे के भीतर 1,27,146 आवेदन सफलतापूर्वक जमा किए गए। इन आवेदनों के जरिए कुल 3,87,399 स्कैन की गई उत्तर पुस्तिकाओं की मांग की गई थी। शुरुआती चंद घंटों में आवेदनों की यह भारी संख्या दर्शाती है कि छात्र अपने अंकों और कॉपियों के पुनर्मूल्यांकन को लेकर कितने गंभीर और उत्सुक हैं। इसके अलावा बहुत से विद्यार्थियों ने सीबीएसई की नई डिजिटल मार्किंग स्कीम पर भी सवाल खड़े किए हैं और इसे अपने मार्क्स कम आने की वजह बताते हुए आंसरशीट की मांग की है।
कॉपियां धुंधली
कई विद्यार्थियों का कहना है कि कॉपियां इतनी धुंधली और ब्लर हैं कि उनको स्पष्ट दिखाई नहीं दे रहा है ऐसे में परीक्षक ने उनकी कॉपियों का मूल्यांकन कैसे किया होगा। उत्तर पढ़ना मुश्किल हो रहा है। कुछ अभिभावकों ने भी इसे गंभीर लापरवाही बताते हुए बोर्ड से दोबारा स्पष्ट कापियां स्कैन करके उसे जांचने की मांग की है।
सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया
सोशल मीडिया पर कई यूजर छात्रों के अंक बढ़ाने और पुनर्मूल्यांकन प्रक्रिया को आसान बनाने की मांग कर रहे हैं। विद्यार्थियों का कहना है कि यदि कॉपियां साफ नहीं होंगी तो वे उत्तरों की जांच कैसे कर पाएंगे।
23 मई अंतिम तिथि
पोर्टल पर आ रही दिक्कत के चलते स्कैन कॉपी लेने की आखिरी तारीख को भी एक दिन बढ़ाकर 23 मई कर दिया गया है। काफी मशक्कत के बाद छात्रों को उनकी स्कैन कॉपी मिली हैं, जिसके बाद अब उन्हें री-चेकिंग के लिए आवेदन करना होगा। जो छात्र अपने अंकों से संतुष्ट नहीं हैं या अपनी लिखी हुई कॉपियों को खुद देखना चाहते हैं, वे सीबीएसई द्वारा जारी आधिकारिक लिंक https://pvr.cbseit.in/pvr/ पर जाकर इस ऑनलाइन सुविधा का लाभ उठाना जारी रख सकते हैं। उत्तर पुस्तिका की स्कैन कॉपी प्राप्त करने के लिए छात्रों को ₹100 का शुल्क देना होगा।
सोशल मीडिया पर लगातार उठ रहे सवाल
सीबीएसई की ऑन स्क्रीन मार्किंग को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं, पहले जहां छात्रों ने डिजिटल तरीके से कॉपी चेक करने को लेकर सवाल उठाए, वहीं अब इनकी स्कैनिंग को लेकर गंभीर सवाल उठने लगे हैं। लोगों का कहना है कि कॉपियां इतनी खराब स्कैन हुई हैं कि कई छात्र खुद अपनी राइटिंग नहीं पढ़ पा रहे हैं। ऐसे में टीचर्स ने कैसे नंबर दिए होंगे? कुछ लोग ये भी सवाल उठा रहे हैं कि सीबीएसई की गलती की वजह से अब छात्र परेशान हो रहे हैं और Re-Evaluation में उनका वक्त, पैसा और मेंटल पीस बर्बाद हो रहा है।
पोर्टल पर आ रही थी काफी दिक्कतें
इससे पहले केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के पुनर्मूल्यांकन पोर्टल पर लगातार चार दिन तक छात्रों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। कभी वेबसाइट नहीं खुली तो कभी भुगतान में देरी हुई या भुगतान फेल हो गया। यही नहीं स्कैन कॉपियां डाउनलोड करने के दौरान पोर्टल में आ रही तकनीकी दिक्कतों के साथ-साथ कई छात्रों ने धुंधली और अस्पष्ट कॉपियां मिलने की शिकायत की है। इसे लेकर सोशल मीडिया मंचों पर छात्रों ने नाराजगी जताते हुए सीबीएसई से जवाब मांगा। कई लोगों ने सीबीएसई को टैग करते हुए अपनी समस्याएं साझा की हैं और अंक बढ़ाने की भी मांग की है।
भुगतान में समस्याएं
एक अभिभावक ने सोशल मीडिया पर नाराजगी जताते हुए लिखा कि उनके बेटे ने भुगतान करने के बाद आवेदन प्रक्रिया पूरी करने की कोशिश की, लेकिन उसी दौरान वेबसाइट क्रैश हो गई। उन्होंने कहा कि रात चार बजे यह समस्या हुई और अब तक भुगतान की रसीद भी नहीं मिली है।




साइन इन