CBSE Class 10 Science Exam Analysis 2026: Students Find Paper Balanced; Physics Section Proved Tricky CBSE Class 10 Science Exam Analysis 2026: CBSE 10वीं साइंस का पेपर छात्रों ने बताया आसान, फिजिक्स ने थोड़ा उलझाया, Career Hindi News - Hindustan
More

CBSE Class 10 Science Exam Analysis 2026: CBSE 10वीं साइंस का पेपर छात्रों ने बताया आसान, फिजिक्स ने थोड़ा उलझाया

CBSE 2026 Class 10th Exam Science Analysis: सीबीएसई कक्षा 10वीं की साइंस विषय की परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो गई।प्रश्न पत्र का स्तर ‘आसान से मध्यम’ के बीच रहा। परीक्षा में फिजिक्स का सेक्शन थोड़ा चुनौतीपूर्ण साबित हुआ।

Wed, 25 Feb 2026 03:03 PMPrachi लाइव हिन्दुस्तान
share
CBSE Class 10 Science Exam Analysis 2026: CBSE 10वीं साइंस का पेपर छात्रों ने बताया आसान, फिजिक्स ने थोड़ा उलझाया

CBSE 10th Science Exam Analysis 2026: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) द्वारा आज, 25 फरवरी 2026 को आयोजित कक्षा 10वीं की साइंस विषय की परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो गई। देशभर के परीक्षा केंद्रों पर सुबह 10:30 बजे से दोपहर 1:30 बजे तक चली इस तीन घंटे की परीक्षा में लाखों छात्र शामिल हुए। परीक्षा के बाद केंद्रों से बाहर निकले विद्यार्थियों के चेहरों पर संतोष की झलक दिखाई दे रही थी, क्योंकि प्रश्न पत्र का स्तर ‘आसान से मध्यम’ के बीच रहा।

परीक्षा का स्वरूप और पैटर्न

इस वर्ष का प्रश्न पत्र सीबीएसई द्वारा निर्धारित नए सिलेबस और पैटर्न पर आधारित था। पूरा पेपर 80 अंकों का था, जिसमें कुल 39 अनिवार्य प्रश्न पूछे गए थे। पेपर को तीन मुख्य भागों में विभाजित किया गया था: केमिस्ट्री, फिजिक्स और बायोलॉजी।

बायोलॉजी सेक्शन को छात्रों ने सबसे आसान बताया। इसमें लाइफ प्रोसेसेज और हैरेडिटी जैसे विषयों से सीधे प्रश्न पूछे गए थे, जिनमें चित्र-आधारित प्रश्नों ने छात्रों को अच्छे अंक स्कोर करने का अवसर दिया। केमिस्ट्री सेक्शन को भी काफी सीधा और एनसीईआरटी (NCERT) पर केंद्रित बताया गया। छात्रों का कहना था कि केमिकल इक्वेशन्स और कार्बनिक कंपाउंड पर आधारित प्रश्न काफी स्पष्ट थे।

फिजिक्स: थोड़ी पेचीदगी, पर 'डूएबल'

परीक्षा में फिजिक्स का सेक्शन थोड़ा चुनौतीपूर्ण साबित हुआ। विद्यार्थियों का मानना था कि लाइट और इलेक्ट्रिसिटी के चैप्टर से पूछे गए न्यूमेरिकल्स ने उन्हें सोचने पर मजबूर किया। हालांकि, जिन छात्रों के कॉन्सेप्ट्स क्लियर थे, उनके लिए ये सवाल हल करने आसान थे। विशेष रूप से केस-स्टडी आधारित प्रश्नों में छात्रों को अपनी विश्लेषणात्मक क्षमता का उपयोग करना पड़ा, जो इस साल की परीक्षा की एक प्रमुख विशेषता रही।

शिक्षकों और विशेषज्ञों की राय

विषय एक्सपर्ट का मानना है कि इस साल का पेपर रटने के बजाय कॉन्सेप्ट्स की स्पष्टता को परखने वाला था। एक शिक्षक ने बताया, “पेपर संतुलित था और उन छात्रों के लिए बहुत स्कोरिंग था जिन्होंने एनसीईआरटी की किताबों का गहन अध्ययन किया था। इसमें एप्लीकेशन बेस्ड प्रश्नों का अच्छा मिश्रण था, जो छात्रों की तार्किक सोच को जांचता है।”

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:CBSE थ्योरी पेपर की ही होगी री-असेसमेंट, प्रैक्टिकल के नंबरों में बदलाव नहीं
ये भी पढ़ें:CBSE: अब रटने का नहीं, समझने का दौर; बदल गया है प्रश्नपत्रों का पैटर्न
ये भी पढ़ें:सीबीएसई ने स्कूलों में मानसिक स्वास्थ्य और काउंसलिंग को बनाया अनिवार्य

परीक्षा केंद्रों का माहौल

परीक्षा केंद्रों पर सुबह से ही कड़ी सुरक्षा व्यवस्था देखी गई। विद्यार्थियों को प्रवेश से पहले जांच प्रक्रिया से गुजरना पड़ा और बोर्ड के सभी दिशानिर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया गया। केंद्रों के बाहर अभिभावकों में भी उत्साह और चिंता का मिला-जुला माहौल था। परीक्षा समाप्त होने के बाद, अधिकांश छात्रों ने इसे 'कॉन्फिडेंस बूस्टर' बताया और अब वे आगामी परीक्षाओं की तैयारी में जुट गए हैं।

साइंस परीक्षा छात्रों के लिए संतोषजनक

कुल मिलाकर, 2026 की यह साइंस परीक्षा छात्रों के लिए एक संतोषजनक अनुभव रही। अब बोर्ड अपनी मानक संचालन प्रक्रियाओं (SOPs) के तहत आंसर कॉपी के मूल्यांकन की प्रक्रिया शुरू करेगा। सीबीएसई ने यह भी स्पष्ट कर दिया है कि परिणाम घोषित करने की प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए मूल्यांकन के दौरान डिजिटल निगरानी पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।

करियर सेक्शन में लेटेस्ट एजुकेशन न्यूज़, सरकारी जॉब , एग्जाम , एडमिशन और Board Results 2026 ( UP Board Result 2026, JAC 10th 12th Result 2026 Live) देखें और Live Hindustan App डाउनलोड करके सभी अपडेट सबसे पहले पाएं।