बिहार में एक बोतल पानी के लिए 500 रुपये का नोट देने पर बवाल, घर में घुस परिवार वालों को पीटा
पीड़ित ने कहा कि उसने चाय की दुकान पर जाकर एक बोतल पानी लिया और दुकानदार को 500 रुपये का नोट दिया। इस बात को लेकर विवाद हो गया। मनोज ने आरोप लगाया कि इस बीच मार्केट का मालिक दिलीप आ गया और जाति सूचक शब्द के साथ गाली-गलौज करने लगा।

बिहार में पानी खरीदने के लिए 500 रुपये का नोट देने पर एक युवक और उसके परिवार वालों की जमकर पिटाई कर दी गई। घटना मुजफ्फरपुर जिले की है। यहां अहियापुर थाना के मिठनपुरा चौक स्थित चाय-नाश्ते की दुकान से एक बोतल पानी लेने के बाद 500 रुपये का नोट देने पर दबंगों ने एक स्थानीय युवक के साथ गाली-गलौज की। वहीं, रात में उसके घर पर हमला कर पूरे परिवार को पीटा। गंभीर हालत में सभी का एसकेएमसीएच में इलाज कराया गया।
घटना में घायल हुए मुरादपुर दुल्ला निवासी मनोज राम के बयान पर अहियापुर थाने में केस दर्ज किया गया है। इसमें मिठनपुरा के दिलीप राणा समेत 15 लोगों को आरोपित बनाया गया है। सिटी एसपी कोटा किरण कुमार ने एसडीपीओ टाउन टू विनीता सिन्हा को पर्यवेक्षण जांच करने का निर्देश दिया है।
एफआईआर में मनोज ने बताया है कि मिठनपुरा चौक पर उसकी गिट्टी बालू की दुकान है। दुकान के पास में ही दिलीप राणा की मार्केट है। इसके पास एक गुमटी में चाय-नाश्ते की दुकान है। बीते आठ जुलाई को शाम करीब सात बजे उसने चाय की दुकान पर जाकर एक बोतल पानी लिया और दुकानदार को 500 रुपये का नोट दिया। इस बात को लेकर विवाद हो गया। मनोज ने आरोप लगाया कि इस बीच मार्केट का मालिक दिलीप आ गया और जाति सूचक शब्द के साथ गाली-गलौज करने लगा। उसने कहा कि 500 रुपये का नोट दिखाता है।
विवाद बढ़ने पर स्थानीय अमित कौशिक ने बीच-बचाव किया। मनोज ने आरोप लगाया इस विवाद को लेकर पुन: रात करीब नौ बजे दिलीप और उसके चार पुत्र समेत 15 लोगों ने सहवाजपुर स्थित उसके मामा के घर पर धावा बोला। उनके पास तलवार थी। उन्होंने उसके मामा लक्ष्मण राम और उनकी पत्नी व पुत्रों के साथ मारपीट की। मामा ने कॉल कर उसे सूचना दी। इस पर वह भी मौके पर पहुंचा।
चाय की दुकान पर बीच-बचाव करने वाला अमित भी वहां आया। मारपीट के दौरान अमित के सिर पर तलवार से गहरा जख्म आया। मनोज, उसके मामा व मामी भी जख्मी हो गए। सबका एसकेएमसीएच में इलाज कराया गया। एसडीपीओ टाउन टू विनीता सिन्हा ने बताया कि घटना की सूचना मिली है। घटनास्थल पर जाकर पर्यवेक्षण जांच की जाएगी। इसके बाद आरोपितों के खिलाफ कार्रवाई होगी।




साइन इन