date of birth in Aadhaar card will also be corrected High Court summoned Director of UIDAI Patna अब आधार कार्ड में जन्मतिथि भी सुधरेगा, हाईकोर्ट ने यूआईडीएआई पटना के निदेशक को तलब किया, Bihar Hindi News - Hindustan
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अब आधार कार्ड में जन्मतिथि भी सुधरेगा, हाईकोर्ट ने यूआईडीएआई पटना के निदेशक को तलब किया

हाईकोर्ट ने नाराजगी जताते हुए कहा कि जब वैध दस्तावेज उपलब्ध हैं तो सुधार क्यों नहीं किया जाता है। कोर्ट ने आवेदक को एक सप्ताह के भीतर निदेशक के समक्ष उपस्थित होने का निर्देश दिया।

Sat, 4 April 2026 06:02 AMSudhir Kumar हिन्दुस्तान, पटना, विधि संवाददाता
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अब आधार कार्ड में जन्मतिथि भी सुधरेगा, हाईकोर्ट ने यूआईडीएआई पटना के निदेशक को तलब किया

Adhar Card: पटना हाईकोर्ट ने आधार कार्ड में जन्मतिथि सुधार से संबंधित अर्जी पर सुनवाई के दौरान नाराजगी जताते हुए कहा कि जब वैध दस्तावेज उपलब्ध हैं तो सुधार क्यों नहीं किया जाता है। कोर्ट ने आवेदक को एक सप्ताह के भीतर निदेशक के समक्ष उपस्थित होने का निर्देश दिया। साथ ही निदेशक को आवश्यक सुधार सुनिश्चित करने का आदेश दिया। आधार कार्ड में जन्मतिथि में छपाई की गड़बड़ी के बहुत सारे मामले लंबित चल रहे हैं। सुधार के लिए लोग दफ्तर के चक्कर काट रहे हैं पर काम नहीं हो रहा है। कोर्ट के इस आदेश से लोगों को बड़ी राहत मिलेगी।

न्यायमूर्ति अजीत कुमार की एकलपीठ ने प्रशांत रजक की ओर से दायर अर्जी पर सुनवाई की। कोर्ट को बताया गया कि आवेदक के आधार में दर्ज जन्मतिथि 24 जुलाई 2008 को मैट्रिक प्रमाणपत्र के अनुसार 24 जुलाई 2007 करने के लिए आवेदन देकर सुधार का अनुरोध किया। लेकिन उस पर कोई निर्णय नहीं लिया गया।

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दस्तावेज सत्यावन के बाद होगा सुधार

केंद्र सरकार की ओर से कोर्ट को बताया गया कि आवेदक यूनिक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया (यूआईडीएआई) के पटना स्थित क्षेत्रीय कार्यालय के निदेशक को आवेदन पेश करें। उनका कहना था कि दस्तावेज सत्यापन के बाद जन्मतिथि में सुधार कर दिया जाएगा।

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ऐसे मामलों में स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी करने करने को कहा

अदालत ने इसे ‘खेदजनक स्थिति’ बताते हुए कहा कि जब वैधानिक दस्तावेज उपलब्ध हों, तो अधिकारियों को स्वयं सुधार कर देना चाहिए, ताकि छोटी-छोटी बात के लिए लोगों को कोर्ट नहीं आना पड़े। कोर्ट ने पटना स्थित यूआईडी क्षेत्रीय कार्यालय को ऐसे मामलों में स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी करने करने को कहा, ताकि लोग बेवजह की परेशानी से बच सकें।

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आधार कार्ड के फायदे क्या?

आधार कार्ड किसी व्यक्ति को भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण द्वारा जारी 12 अंकों की एक अनूठी पहचान संख्या है। यह बायोमेट्रिक (उंगलियों के निशान, आंख की पुतली) और जनसांख्यिकीय डेटा पर आधारित है। यह निवास का एक वैध प्रमाण है और सरकारी सब्सिडी, बैंक खाता खोलने, सिम कार्ड लेने और आयकर रिटर्न जैसे कार्यों के लिए अनिवार्य है। पासपोर्ट, पैन कार्ड, और ड्राइविंग लाइसेंस जैसे कई दस्तावेजों के स्थान पर केवल आधार का उपयोग होता है। आधार कार्ड से बायोमेट्रिक डेटा के कारण डुप्लीकेट या फर्जी पहचान को रोका जाता है।देश भर में कहीं भी मान्य और ऑनलाइन प्रमाणीकरण के माध्यम से सत्यापन किया जा सकता है। आधार कार्ड का उद्देश्य देश के निवासियों को एक पोर्टेबल, विश्वसनीय और सार्वभौमिक पहचान प्रदान करना है।

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