west bengal elections eci declared 55 seats sensitive amid mamata banerjee bhabanipur ममता बनर्जी की भबानीपुर समेत 55 सीटें संवेदनशील घोषित, चुनाव आयोग ने क्यों किया ऐसा, West-bengal Hindi News - Hindustan
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ममता बनर्जी की भबानीपुर समेत 55 सीटें संवेदनशील घोषित, चुनाव आयोग ने क्यों किया ऐसा

बंगाल में विधानसभा चुनाव में खर्च पर निगरानी रखने के लिए चुनाव आयोग ने 100 पर्यवेक्षकों को भी नियुक्त किया है। ऐसा पहली बार है, जब इतनी बड़ी संख्या में पर्यवेक्षकों की नियुक्ति की गई है। इसके अलावा 5 राज्यों में फिलहाल चुनाव हो रहे हैं और सबसे ज्यादा पर्यवेक्षकों की नियुक्ति बंगाल में ही की गई है।

Mon, 20 April 2026 09:50 AMSurya Prakash लाइव हिन्दुस्तान, कोलकाता
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ममता बनर्जी की भबानीपुर समेत 55 सीटें संवेदनशील घोषित, चुनाव आयोग ने क्यों किया ऐसा

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की भबानीपुर समेत 55 सीटों को चुनाव आयोग ने खर्च के लिहाज से संवेदनशील घोषित किया है। ऐसा इसलिए क्योंकि चुनाव आयोग को लगता है कि इन सीटों पर खर्च उम्मीदवारों की ओर से लिमिट से ज्यादा हो सकता है। यही नहीं चुनाव में खर्च पर निगरानी रखने के लिए चुनाव आयोग ने 100 पर्यवेक्षकों को भी नियुक्त किया है। ऐसा पहली बार है, जब इतनी बड़ी संख्या में पर्यवेक्षकों की नियुक्ति की गई है। इसके अलावा 5 राज्यों में फिलहाल चुनाव हो रहे हैं और सबसे ज्यादा पर्यवेक्षकों की नियुक्ति बंगाल में ही की गई है।

चुनाव आयोग के सूत्रों का कहना है कि अवैध कैश, शराब, फ्री बांटने वाली वस्तुएं और मादक पदार्थों की पकड़ बंगाल में बढ़ी है। तमिलनाडु के बाद बंगाल इस मामले में दूसरे नंबर पर आ गया है। अब तक सभी चुनावी राज्यों को मिलाकर 1,281 करोड़ रुपये की खेप पकड़ी जा चुकी है। इनमें पहले नंबर पर तमिलनाडु है और फिर बंगाल का स्थान आता है। खबर है कि इस 1,281 करोड़ रुपये की सामग्री में से 105 करोड़ रुपये के बेशकीमती जवाहरात हैं तो वहीं 178 करोड़ रुपये का ऐसा सामान बरामद हुआ है, जिसे चुनाव में फ्री बांटा जाना था। अकेले बंगाल में ही 17 अप्रैल तक 430 करोड़ रुपये के सामान की बरामदगी हुई थी।

क्यों चुनाव आयोग ने तैनात किए 100 से ज्यादा पर्यवेक्षक

यही कारण है कि तमाम सीटों को चुनाव आयोग ने अब खर्च के लिहाज से संवेदनशील घोषित किया है। ऐसा इसलिए क्योंकि आयोग को लगता है कि यदि निगरानी नहीं की गई तो फिर वोटरों को लुभाने के लिए अवैध तरीकों का इस्तेमाल बढ़ सकता है। आयोग ने जिन सीटों को संवेदनशील घोषित किया है, उनमें सीमांत क्षेत्र उत्तर 24 परगना, मालदा, मुर्शिदाबाद और उत्तर दिनाजपुर शामिल हैं। इन इलाकों से बड़ी संख्या में कैश समेत अवैध चीजें बरामद की गई हैं। इसके अलावा 8 सीटें ऐसी हैं, जो बांग्लादेश सीमा से लगती हैं। इन सीटों में बिधाननगर, राजरहाट-न्यूटाउन, बारासात, मध्यमग्राम, भाटपारा, गैघाता, उत्तर बशीरहाट शामिल हैं।

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कोलकाता की 7 सीटें संवेदनशील, भबानीपुर भी है शामिल

इसी तरह कोलकाता की 7 सीटों को इस कैटिगरी में डाल दिया गया है। इनमें से तीन सीटें उत्तर कोलकाता की हैं तो वहीं 4 सीटें दक्षिण कोलकाता क्षेत्र की हैं। वहीं भबानीपुर भी इस सूची में है। यह सीट फिलहाल बंगाल की सबसे हाईप्रोफाइल है। ऐसा इसलिए क्योंकि सीएम ममता बनर्जी और नेता विपक्ष शुभेंदु अधिकारी के बीच यहां सीधा मुकाबला है। पिछली बार भी शुभेंदु अधिकारी ने ममता बनर्जी को नंदीग्राम से हरा दिया था। फिर ममता बनर्जी ने भबानीपुर से ही उपचुनाव लड़ा था और जीत हासिल की थी।

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