Uttarakhand Government Issues Order UPNL Employees Cannot Claim Permanent Employment उत्तराखंड में पक्की नौकरी का दावा नहीं कर सकेंगे उपनल कर्मचारी, सरकार ने जारी किया आदेश, Uttarakhand Hindi News - Hindustan
More

उत्तराखंड में पक्की नौकरी का दावा नहीं कर सकेंगे उपनल कर्मचारी, सरकार ने जारी किया आदेश

उत्तराखंड में विभिन्न सरकारी विभागों में कार्यरत 22 हजार से ज्यादा उपनल कर्मचारियों के अनुबंध के संबंध में सरकार ने गुरुवार को आदेश कर दिए। इसके बाद इनका मानदेय सीधे बैंक खातों में जाएगा। हालांकि भविष्य में उपनल कर्मचारी नियमितीकरण का दावा नहीं कर पाएंगे।

Fri, 3 April 2026 09:47 AMSubodh Kumar Mishra हिन्दुस्तान, देहरादून
share
उत्तराखंड में पक्की नौकरी का दावा नहीं कर सकेंगे उपनल कर्मचारी, सरकार ने जारी किया आदेश

उत्तराखंड में विभिन्न सरकारी विभागों में कार्यरत 22 हजार से ज्यादा उपनल कर्मचारियों के अनुबंध के संबंध में सरकार ने गुरुवार को आदेश कर दिए। इसके बाद इनका मानदेय सीधे बैंक खातों में जाएगा। हालांकि भविष्य में उपनल कर्मचारी नियमितीकरण का दावा नहीं कर पाएंगे।

कार्मिक एवं सतर्कता विभाग के संयुक्त सचिव राजेन्द्र सिंह पतियाल ने हाईकोर्ट के निर्देश के तहत विभागीय अनुबंध की शर्तें जारी कर दी हैं। इसके तहत, बीती तीन फरवरी को जारी जीओ के अनुसार, 10 वर्ष की सेवा पूरी कर चुके उपनलकर्मियों का विभाग के साथ अनुबंध होगा। शासन ने स्पष्ट किया है कि यह नियुक्ति पूर्णतः अस्थायी प्रकृति की होगी। इससे कर्मचारी पक्की नौकरी का दावा नहीं कर सकेंगे।

हालांकि, विभाग जरूरत के अनुसार कर्मचारी का ट्रांसफर या समकक्ष पद पर समायोजन कर सकेगा। कर्मचारियों का मानदेय निर्धारण सैनिक कल्याण विभाग के जीओ के अनुसार होगा। डीए भी दिया जाएगा। सेवा विस्तार का निर्णय अनुबंध अवधि समाप्त होने के बाद तय प्रक्रिया के तहत होगा। अनुबंध के तहत कर्मियों को वर्ष में 12 दिन का आकस्मिक और 15 दिन का उपार्जित अवकाश मिलेगा।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:देहरादून के बार-क्लबों की सीसीटीवी से निगरानी, बिना इजाजत शराब परोसने पर केस

उपनल कर्मी बोले, अनुबंध के नाम पर धोखा

विभागीय अनुबंध के आदेश को उपनल कर्मचारियों ने उनके साथ धोखा करार दिया। उन्होंने कहा कि इससे नियमितीकरण का रास्ता बंद किया जा रहा है। साथ ही हर साल अनुबंध खत्म होने की आड़ में बाहर का रास्ता दिखा दिया जाएगा।

उपनल कर्मचारी महासंघ की देहरादून में गुरुवार शाम को बैठक हुई। इसमें अनुबंध को लेकर जारी शासनादेश की समीक्षा की गई। अध्यक्ष विनोद गोदियाल ने कहा कि सभी उपनल कर्मचारी असमंजस में हैं। क्योंकि जो बातें उनके साथ की गई, वह कहीं भी अनुबंध की शर्तों में नजर नहीं आ रही हैं। इस तरह से विभागीय अनुबंध हुआ तो कर्मचारियों के नियमितीकरण की बात ही खत्म हो जाएगी। उपनल कर्मचारी इस बात को कानूनी तौर पर कहीं भी नहीं उठा सकेंगे।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:होटल-उद्योगों को सस्ती बिजली, डिजिटल पेमेंट पर छूट; उत्तराखंड में आज से नई दरें

उन्होंने आशंका जताई कि 11 महीने के अनुबंध को अगले वर्ष के लिए जब दोबारा किया जाएगा तो कई विभाग इसमें टालमटोल कर उपनल से विभागीय अनुबंध पर आए कर्मचारियों को बाहर का रास्ता दिखा देंगे। उन्होंने कहा कि संघ ने बैठक में इस मामले को रखा है और संशोधित शासनादेश जारी करवाने के लिए वह सैनिक कल्याण मंत्री से मुलाकात करेंगे।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:मसूरी में पर्यावरण की अनदेखी; NGT सख्त, उत्तराखंड सरकार को नोटिस

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।