लखनऊ में ट्रेन पलटाने की साजिश में शामिल थे तीन से चार लोग, पुलिस-एजेंसियों की जांच तेज
लखनऊ में पंजाब मेल को पलटाने की साजिश में तीन से चार लोग शामिल थे। अधिकारियों ने मौके पर पहुंच कर जांच तेज कर दी है। एजेंसियां, पुलिस और रेलवे की विशेष टीमें सर्विलांस और सीसीटीवी फुटेज की मदद से तफ्तीश में लगी है।

लखनऊ में दिलकुशा के पास रेलवे पटरी पर लोहे का एंगल रखकर पंजाब मेल ट्रेन को पलटाने की साजिश की घटना का रेल मंत्रालय ने भी संज्ञान लिया। इसके बाद सोमवार को एसपी जीआरपी रोहित मिश्रा, आरपीएफ कमांडेंट देवांश शुक्ला ने पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचकर घंटों पड़ताल की। घंटों पड़ताल के बाद अफसर इस निष्कर्ष पर निकले हैं कि करीब 50 किलो वजन गेट ट्रैक पर रखने के लिए तीन से चार लोग लगे हैं।
मौके पर पहुंचे अफसर कई किमी दूर तक जंगल में चले। रेल पटरी किनारे टहले। रेलवे के केबिन में ड्यूटी करने वाले कर्मचारी से पूछताछ की। हालांकि कोई ठोस सुराग अभी तक हाथ नहीं लगा है। उधर, एजेसियों के साथ ही पुलिस, आरपीएफ और जीआरपी की विशेष टीम पूरे प्रकरण की तफ्तीश में गंभीरता से लगी हैं। पुलिस और जीआरपी की टीमों ने घटनास्थल को जाने वाले मार्ग पर लगे सीसी कैमरों की घंटों पड़ताल की। सीसी कैमरों में भी कोई संदिग्ध नहीं मिला है। कुछ अन्य लोग दिखे हैं उनका टीमें ब्योरा जुटा रही है।
एसीपी कैंट ज्ञानेंद्र सिंह की निर्देशन में लगी पुलिस टीम ने कई संदिग्ध चोरों और कबाड़ियों को हिरासत में लिया। उनसे टीमें पूछताछ कर रही हैं। आशंका यह भी जताई जा रही है कि हो सकता है घटना में किसी कबाड़ी अथवा स्मैकिये का हाथ हो। उन्होंने वजन गेट को आसानी से ले जाने के लिए उसके टुकड़े करने के मकसद से पटरी पर रखा हो। हालांकि संदिग्ध चोरों और कबाड़ियों से भी पुलिस को अभी कोई ठोस जानकारी पूछताछ में नहीं मिली है।
दो ओर जंगल, एक ओर मजार फिर एक किमी दूर बाजार
एसपी जीआरपी रोहित मिश्रा के मुताबिक उन्होंने और कमांडेंट आरपीएफ देवांश शुक्ला ने करीब दो घंटे तक मौके पर पड़ताल की। एक और घटनास्थल से करीब 250 मीटर दूर मजार है। इस रास्ते पर किसी भी वाहन के निकलने की जगह नहीं है। वहां से करीब एक किमी दूर सदर बाजार है। इतनी दूर से कोई भारी भरकम एंगल गेट किसी का अकेले लाना संभव नहीं है। दूसरी ओर करीब 800 मीटर का घना बबूल का जंगल है। उसके बाद सेना का एरिया है। वहीं, एक और जंगल है। वह भी घना है। इसके अलावा मौके तक जाने का कोई रास्ता नहीं है।
तीन से चार लोगों ने मिलकर रखा पटरी पर एंगल
पुलिस की तफ्तीश में पता चला है कि एंगल पटरी पर रखने में करीब तीन से चार लोग लगे हैं। इतना भारी भरकम एंगल कोई अकेले पटरी तक नहीं ले जा सकता है। एंगल शुक्रवार दोपहर करीब दो बजे रेलवे पटरी पर रखा मिला था। इस दौरान गुजर रही पंजाब मेल के लोको पायलट ने एकाएक ब्रेक लगा दी थी। ट्रेन के इंजन में एंगल फंस गया था। लखनऊ के वरिष्ठ खंड अभियंता रेलपथ राज किशोर मिश्रा ने कैंट थाने में तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया था।




साइन इन