तो जेवर एयरपोर्ट बसपा सरकार में बन जाता, पीएम मोदी के बाद मायावती ने कांग्रेस को घेरा
बसपा प्रमुख मायावती ने दावा किया कि कांग्रेस ने रोड़े नहीं अटकाए होते तो जेवर एयरपोर्ट उनकी सरकार में बन गया होता। इसके साथ ही उन्होंने सपा पर महापुरुषों के अपमान का आरोप लगाया और पश्चिमी यूपी में हाईकोर्ट बेंच की मांग फिर से उठाई।

नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट, जेवर के उद्घाटन को लेकर मचे सियासी घमासान में अब बसपा सुप्रीमो मायावती की एंट्री हो गई है। रविवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर मायावती ने जेवर एयरपोर्ट को अपनी दूरगामी सोच का परिणाम बताया। उन्होंने सीधे तौर पर कांग्रेस पर आरोप लगाया कि केंद्र की तत्कालीन यूपीए सरकार की नकारात्मक राजनीति के कारण पश्चिमी उत्तर प्रदेश के विकास का यह पहिया दशकों तक थमा रहा। शनिवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जेवर एयरपोर्ट के पहले फेज का शुभारंभ करते समय भी कहा था कि अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार में ही इसे मंजूरी मिल गई थी। लेकिन कांग्रेस ने एयरपोर्ट निर्माण के काम को आगे नहीं बढ़ाया।
"कांग्रेस ने अटकाए थे रोड़े"
मायावती ने अपनी पोस्ट में लिखा कि जेवर एयरपोर्ट की न केवल रूपरेखा तैयार की गई थी, बल्कि इसके लिए सभी जरूरी बुनियादी कार्य बसपा सरकार के दौरान ही शुरू कर दिए गए थे। उन्होंने कांग्रेस को घेरते हुए कहा, "काफी लंबे इंतज़ार के बाद जेवर एयरपोर्ट के प्रथम चरण का कल उद्घाटन हुआ। यदि उस समय केंद्र में रही कांग्रेस पार्टी की सरकार ने रोड़े न अटकाए होते, तो विकास का यह कार्य यमुना एक्सप्रेसवे की तरह काफी पहले ही मेरी सरकार में पूरा हो गया होता।" मायावती का इशारा उस समय की पर्यावरणीय और तकनीकी मंजूरियों की ओर था, जो लंबे समय तक केंद्र स्तर पर लंबित रही थीं।
सपा पर बोला हमला: महापुरुषों के अपमान का आरोप
कांग्रेस के साथ-साथ मायावती ने समाजवादी पार्टी (सपा) को भी निशाने पर लिया। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा सरकार ने अपने कार्यकाल में बसपा शासन के जनहितकारी फैसलों को निष्प्रभावी करने का काम किया। मायावती के अनुसार, सपा शासनकाल में दलितों और पिछड़ों के महापुरुषों के नाम पर बने स्मारकों, संस्थानों और पार्कों की घोर उपेक्षा की गई और उनके नाम बदलने की कोशिशें हुईं। उन्होंने जनता को आगाह किया कि वे विरोधी दलों की भ्रामक राजनीति से सावधान रहें और बसपा की 'सर्वजन हिताय, सर्वजन सुखाय' की नीति पर भरोसा करें।
हाईकोर्ट बेंच की मांग को फिर दी हवा
एयरपोर्ट के बहाने मायावती ने पश्चिमी उत्तर प्रदेश के एक और संवेदनशील मुद्दे को हवा दी। उन्होंने क्षेत्र की लंबे समय से लंबित मांग 'हाईकोर्ट की अलग बेंच' को दोहराया। मायावती ने कहा कि पश्चिमी यूपी के लोग न्याय के लिए प्रयागराज की लंबी दूरी तय करने को मजबूर हैं, और यह मांग अभी तक अधूरी है। जेवर एयरपोर्ट के उद्घाटन के मौके पर मायावती का यह आक्रामक रुख स्पष्ट करता है कि वह आगामी चुनावों से पहले दलित और पश्चिमी यूपी के मतदाताओं को यह संदेश देना चाहती हैं कि विकास की असली पटकथा उन्होंने ही लिखी थी।




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