रेप का आरोपी निकला फर्जी आईएएस; घर पर IAS का बोर्ड लगाकर रौब झाड़ता था नटवरलाल
मेरठ के नौचंदी क्षेत्र में खुद को आईएएस अधिकारी बताकर लोगों पर रौब झाड़ने वाले राहुल कौशिक को पुलिस ने गिरफ्तार किया। उसने घर के बाहर आईएएस का बोर्ड लगा रखा था। जांच में दावा झूठा निकला। आरोपी का आपराधिक इतिहास भी मिला और उसे जेल भेज दिया गया।

मेरठ के नौचंदी थाना क्षेत्र में खुद को आईएएस अधिकारी बताकर मोहल्ले के लोगों पर धौंस जमाने वाले एक युवक को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। आरोपी ने अपने घर के बाहर आईएएस अधिकारी होने का बोर्ड भी लगा रखा था और उसी के सहारे आसपास के लोगों पर रौब झाड़ता था। बुधवार देर रात हंगामा करने के बाद स्थानीय लोगों की शिकायत पर पुलिस ने उसे हिरासत में ले लिया।
गुरुवार को पुलिस लाइन में एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह और सीओ सिविल लाइन अभिषेक तिवारी ने पूरे मामले का खुलासा किया। अधिकारियों ने बताया कि आरोपी की पहचान फूलबाग कॉलोनी निवासी राहुल कौशिक के रूप में हुई है। वह खुद को वर्ष 2008 बैच का आईएएस अधिकारी बताता था और इसी आधार पर मोहल्ले के लोगों पर अपना प्रभाव जमाने की कोशिश करता था।
घर के बाहर लगा रखा था IAS का बोर्ड
पुलिस के अनुसार राहुल कौशिक अपने घर के बाहर आईएएस अधिकारी होने का बोर्ड लगाकर लोगों को भ्रमित करता था। कई बार वह खुद को बड़े पद पर तैनात अधिकारी बताकर पड़ोसियों और स्थानीय लोगों के सामने रौब भी झाड़ता था। हालांकि उसके व्यवहार को लेकर लोगों को पहले से ही संदेह था।
बुधवार देर रात आरोपी ने मोहल्ले में अचानक हंगामा करना शुरू कर दिया। शोर-शराबे और उसके आक्रामक व्यवहार से परेशान होकर स्थानीय लोगों ने पुलिस को सूचना दे दी। सूचना मिलने पर नौचंदी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और राहुल कौशिक को हिरासत में ले लिया।
रेप का आरोपी निकला फर्जी आईएएस
थाने लाकर जब उससे पूछताछ की गई तो उसके दावों की सच्चाई सामने आ गई। पुलिस जांच में पाया गया कि वह आईएएस अधिकारी नहीं है और लोगों को गुमराह करने के लिए झूठा दावा कर रहा था। इसके बाद पुलिस ने उसे फर्जी तरीके से खुद को अधिकारी बताने और शांति भंग करने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया। जांच के दौरान यह भी सामने आया कि आरोपी का आपराधिक इतिहास भी रहा है। पुलिस के अनुसार वर्ष 2013 में राहुल कौशिक को नाबालिग से दुष्कर्म के आरोप में भी गिरफ्तार किया जा चुका है।
मामले की जांच में जुटी पुलिस
एसपी सिटी आयुष विक्रम सिंह ने बताया कि आरोपी के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है। उसे न्यायालय में पेश कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है। साथ ही पुलिस यह भी जांच कर रही है कि उसने खुद को आईएएस अधिकारी बताकर कहीं अन्य लोगों को भी गुमराह तो नहीं किया।




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