अधिकारी बनकर ठगों ने अलीगढ़ की पूर्व मेयर को फंसाया, डिजिटल अरेस्ट कर 50 लाख मांगे
अलीगढ़ की पूर्व मेयर शकुंतला भारती साइबर ठगी में फंस गई हैं, शातिर अपराधियों ने खुद को दिल्ली साइबर क्राइम का अधिकारी बताकर उन्हें डिजिटल अरेस्ट में रखा और 50 लाख की ज़बरन वसूली करने की कोशिश की।

यूपी के अलीगढ़ की पूर्व मेयर शकुंतला भारती साइबर ठगों के जाल में फंस गईं। ठगों ने खुद को दिल्ली साइबर क्राइम का अधिकारी बताकर उनके आधार कार्ड पर मोबाइल नंबर और बैंक खाता खुलने की बात कही, जिसमें तीन करोड़ रुपये के फर्जी ट्रांजेक्शन का आरोप लगाया। मामले को रफा-दफा करने के नाम पर उनसे 50 लाख रुपये मांगे और कई घंटों तक फोन पर डराकर डिजिटल अरेस्ट में रखा। तीन दिन तक धमकियां मिलने के बाद पूर्व मेयर के पति को शक हुआ, जिसके बाद उन्होंने इसकी शिकायत दर्ज कराई।
पूर्व मेयर शकुंतला भारती के अनुसार तीन नवंबर को सुबह उनके पास कॉल आया था। शातिर ने कहा कि दिल्ली साइबर क्राइम से बोल रहा हूं। आपके आधार कार्ड के नंबर पर एक मोबाइल नंबर चल रहा है। उस पर कई साइबर शिकायतें हैं। इसी बीच पूर्व मेयर के पति ने ट्रू कॉलर पर नंबर चेक किया तो फ्रॉड लिखा आया। शातिर ने बताया कि यह नंबर 25 जुलाई को आपके आधार कार्ड के नंबर पर जारी हुआ है, जो साउथ नेहरू प्लेस स्थित दुकान में चल रहा है। आपकी रिपोर्ट दिल्ली में ही होगी। रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई तो परेशानी में आ जाओगी। रिपोर्ट कराने के लिए शातिर ने एक फोन नंबर दिया। फिर शातिर ने लाइन पर ले करके दिल्ली पुलिस की दरोगा आरोही यादव नामक महिला से बात कराईं। उसने कहा कि थाना क्राइम ब्रांच दिल्ली में आपके खिलाफ मुकदमा हो चुका है। सीरियल नंबर भी बताया। आपके आधार पर मुंबई मे भी कैनरा बैंक में एकाउंट खुला हुआ है, जिसमें तीन करोड़ रुपये का फ्रॉड टांजेक्शन हुआ है।
महिला ने केस को रफा-दफा करने के लिए 50 लाख रुपये मांगे। इसे सुनकर पूर्व मेयर घबरा गईं और अपनी बैंक डिटेल्स व आधार कार्ड की जानकारी उसे दे दी। आरोप है कि शातिर ने तीन दिन तक डरा धमका कर कई घंटों के लिए घर में डिजिटल अरेस्ट किया। बाद में उनके पति ने फर्जी होने के शक में जानकारी देने से मना कर दिया। इसके बाद मंगलवार को उन्होंने डीएम से शिकायत की थी। वहीं, बुधवार सुबह साढ़े आठ बजे फिर से महिला ने फोन किया। करीब डेढ़ घंटे तक बातचीत में उसने धमकाने की कोशिश की। लेकिन, पूर्व मेयर ने उसे सख्त भाषा में फटकार दिया, जिसके बाद उसने फोन बंद कर लिया। बुधवार दोपहर को पूर्व मेयर ने साइबर सेल पहुंचकर शिकायत की। इसके बाद देहली गेट थाने में तहरीर दी गई। इंस्पेक्टर देहलीगेट विनोद कुमार ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर लिया है। साइबर सेल की मदद से जांच की जा रही है।




साइन इन