दिल्ली के 13 जिलों में बनेंगे मिनी सचिवालय, NITI आयोग की तरह होगा ‘DITI आयोग' का गठन
Delhi Budget 2026: बजट 2026-27 में दिल्ली के सभी 13 जिलों में मिनी सचिवालय बनाने का ऐलान किया गया है। इसके साथ ही NITI Aayog की तर्ज पर ‘DITI आयोग’ (Delhi Institutional Think Tank for Innovation) का गठन करने की बात कही गई है।

Delhi Budget 2026: राजधानी दिल्ली में प्रशासन को आम लोगों के और करीब लाने के लिए सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। बजट 2026-27 में दिल्ली के सभी 13 जिलों में मिनी सचिवालय बनाने का ऐलान किया गया है, जहां एक ही छत के नीचे नागरिकों को विभिन्न सरकारी सेवाएं मिल सकेंगी। इस योजना के लिए 100 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।
सरकार का फोकस ‘सिटीजन-सेंट्रिक गवर्नेंस’ पर है। इसके तहत प्रशासन को विकेंद्रीकृत, डिजिटल और पारदर्शी बनाने की दिशा में काम किया जाएगा। इसी कड़ी में दिल्ली की सभी संपत्तियों को यूनिक नंबर देने और NGDRS पोर्टल के जरिए भूमि रिकॉर्ड को पूरी तरह डिजिटाइज करने की योजना है। इससे प्रॉपर्टी विवादों में कमी आने और प्रक्रियाओं में पारदर्शिता बढ़ने की उम्मीद है।
‘DITI’ आयोग का गठन
नीति निर्माण को और मजबूत बनाने के लिए NITI Aayog की तर्ज पर ‘DITI आयोग’ (Delhi Institutional Think Tank for Innovation) का गठन किया जाएगा। यह संस्था दिल्ली-केंद्रित नीतियों पर काम करेगी और सरकार को रणनीतिक सलाह देगी।
जिला स्तर पर विकास कार्यों को गति देने के लिए ‘जिला योजना निधि’ के तहत हर जिले को 5 करोड़ रुपये आवंटित किए जाएंगे। वहीं, रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए पासपोर्ट सेवा केंद्रों की तर्ज पर मॉडर्न, पेपरलेस और फेसलेस रजिस्ट्रेशन सिस्टम शुरू किया जाएगा।
DDMA के तहत 10 करोड़ का प्रावधान
आपातकालीन स्थितियों से निपटने के लिए दिल्ली आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) के तहत अत्याधुनिक इमरजेंसी ऑपरेशन सेंटर स्थापित करने के लिए 10 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। इसके अलावा न्यायिक ढांचे को मजबूत करने के लिए कड़कड़डूमा, रोहिणी और राजौरी गार्डन में नए कोर्ट रूम और परिसर बनाए जाएंगे, जबकि रोहिणी में एक फैमिली कोर्ट की स्थापना भी प्रस्तावित है।
सरकार का कहना है कि इन कदमों से न सिर्फ प्रशासनिक प्रक्रियाएं तेज और पारदर्शी होंगी, बल्कि आम लोगों को सरकारी सेवाएं पाने के लिए कम भागदौड़ करनी पड़ेगी।





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