दिल्ली विधानसभा की सुरक्षा में चूक: आरोपी सरबजीत 8 दिन की पुलिस कस्टडी में, किसान आंदोलन से जुड़े तार
दिल्ली विधानसभा परिसर में जबरन एसयूवी के साथ घुसकर सुरक्षा तोड़ने वाले शख्स को मंगलवार को आठ दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है। आरोपी सरबजीत सिंह को मंगलवार को न्यायिक मजिस्ट्रेट कार्तिक टपारिया के समक्ष पेश किया गया।

दिल्ली विधानसभा परिसर में जबरन एसयूवी के साथ घुसकर सुरक्षा तोड़ने वाले शख्स को मंगलवार को आठ दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है। आरोपी सरबजीत सिंह को मंगलवार को न्यायिक मजिस्ट्रेट कार्तिक टपारिया के समक्ष पेश किया गया। पुलिस ने शुरुआत में 10 दिन की हिरासत मांगी थी, लेकिन अदालत ने आठ दिन की पुलिस हिरासत की अनुमति दी।
सरबजीत सिंह 'किसान आंदोलन का समर्थक'' माना जा रहा है। उसने सोशल मीडिया मंचों पर 2020-21 के आंदोलन के दौरान जान गंवाने वाले किसान नेताओं के समर्थन में कई पोस्ट साझा किए थे। इनमें से कुछ सामग्री बाद में या तो उसके द्वारा या मूल पोस्ट करने वालों द्वारा हटा दी गई।
पुलिस ने क्या कहा?
एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि सरबजीत सिंह ने खतरनाक तरीके से गाड़ी चलाई और ऐसा लगता है कि उसका इरादा ड्यूटी पर तैनात सुरक्षाकर्मियों को कुचलने का था, जिससे उनकी जान को खतरा पैदा हुआ।
पुलिस के अनुसार, उत्तर प्रदेश के पीलीभीत में पंजीकृत नंबर वाली एसयूवी ने दोपहर करीब दो बजे गेट नंबर-2 को तोड़ते हुए विधानसभा परिसर में प्रवेश किया। गाड़ी दिल्ली यूनिवर्सिटी की ओर से आई, तीव्र मोड़ लिया, बैरिकेडिंग तोड़े और अंदर घुस गया।
अधिकारी ने बताया कि विधानसभा में कुल छह एंट्री गेट हैं। गेट नंबर-2 वीआईपी आवाजाही के लिए निर्धारित है और आमतौर पर खास मौकों पर ही खोला जाता है, जबकि गेट नंबर-1 और सर्विस गेट से नियमित आवागमन होता है।
इस मामले में सिविल लाइंस थाने में हत्या के प्रयास, आपराधिक अतिक्रमण, लोक सेवक के खिलाफ बल प्रयोग, सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने से संबंधित कानून की धारा 3 समेत अन्य प्रासंगिक धाराओं में मामला दर्ज किया गया है।




साइन इन