फरीदाबाद में तोड़े जाएंगे 118 अवैध धार्मिक स्थल, नगर निगम ने 2 को ध्वस्त करके की शुरुआत
फरीदाबाद में 118 अवैध धार्मिक स्थलों को तोड़ा जाएगा। यह सभी सरकारी जमीन पर कब्जा करके बनाए गए हैं। सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर यह कार्रवाई की जा रही है। फरीदाबाद नगर निगम ने शनिवार को दो धार्मिक स्थलों को तोड़कर इसकी शुरुआत कर दी गई है।

एनसीआर में आने वाले हरियाणा के शहर फरीदाबाद में सरकारी जमीन पर कब्जा करके अवैध रूप से बने 118 धार्मिक स्थलों को तोड़ा जाएगा। फरीदाबाद नगर निगम द्वारा शनिवार को दो धार्मिक स्थलों को तोड़कर इसकी शुरुआत कर दी गई है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर यह कार्रवाई की जा रही है।
सुप्रीम कोर्ट ने वर्ष 2009 में हरियाणा सरकार को सरकारी जमीन पर कब्जा करके अवैध रूप से बने धार्मिक स्थलों को हटाने के आदेश दिए थे। उसके बाद सरकार ने 29 सितंबर 2009 से पहले बने धार्मिक स्थलों को नियमित करने को लेकर नीति बनाई थी। इसके तहत शहर का सर्वे करवाया गया था, जिसमें निगम के शहरी परिधि में सरकारी जमीन पर बने 118 धार्मिक स्थलों की सूची तैयार की गई।
इनमें पार्क, रोड, स्कूल आदि क्षेत्रों में 40 स्थल बने हुए थे। नगर निगम ने फिलहाल सड़क के किनारे बने धार्मिक स्थलों को हटाना शुरू किया है। हालांकि इस बीच कई बार नगर निगम ने समय-समय पर कार्रवाई करने की कोशिश की थी, लेकिन लोगों के विरोध के चलते कार्रवाई टल जाती थी, या फिर अधूरी छोड़नी पड़ती थी।
बेशकीमती जमीन पर कब्जा
सूत्रों के मुताबिक नगर निगम सर्वे रिपोर्ट में अधिकांश धार्मिक स्थल हाईवे या फिर शहर की मुख्य सड़कों के साथ बने हैं। उनके आसपास काफी दुकाने भी बनी हुई हैं। खास दिन यहां लोगों की काफी भीड़ होती है। इसका असर ट्रैफिक पर भी पड़ता है। बहरहाल, सरकारी जमीन पर कब्जा करके बनाए गए धार्मिक स्थल हरियाणा सरकार के लिए सिरदर्द बने हुए हैं। सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बावजूद इनको हटाने में सरकारी एजेंसियां पूरी तरह कामयाब नहीं हुईं।
निगम के तोड़फोड़ एसडीओ सुरेंद्र हुड्डा ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर अवैध धार्मिक स्थलों को तोड़ा जा रहा है। यह सिलसिला जारी रहेगा। अगली सुनवाई में रिपोर्ट जमा की जाएगी।
यह थी निगम की शर्तें
● पंचायत जमीन पर अवैध रूप से बने स्थलों को आठ रुपये प्रति एकड़ के रेट से नियमित किया जाना था
● शहर क्षेत्र में निगम 25 रुपये प्रति मीटर सालाना लीज पर जमीन 30 साल के लिए देनी थी
● सड़क, पार्क, अस्पताल, स्कूल में बने स्थल नियमित नहीं होने थे
● पंचायत जमीन पर 96 धार्मिक स्थल हैं
● राष्ट्रीय राजमार्ग पर बने स्थल दुर्घटना के लिहाज से संवेदनशील हैं
अरावली में संख्या बढ़ रही
सरकारी जमीन पर कब्जा करके धार्मिक स्थल बनाने का चलन शहर में ही नही है बल्कि अरावली भी इससे अछूती नही है। नगर निगम की काफी जमीन पर अरावली में भी धार्मिक स्थल बना दिए गए हैं। खास बात यह है कि धार्मिक स्थल की आड़ में अरावली में कई एकड़ जमीन पर कब्जा किया हुआ है। पर्यावरण प्रेमियों का कहना है कि सरकारी जमीन पर कब्जा करने के लिए भूमाफिया धार्मिक स्थलों की आड़ ले रहे हैं। जब भी नगर निगम का दस्ता कब्जा हटाने जाता है तो धार्मिक भावनाओं का हवाला देकर लोग नगर निगम की कार्रवाई का विरोध कर देते है।
रिपोर्ट - सरसमल




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