ममता बनर्जी ने Exit Polls पर खड़े किए सवाल, कहा- 226 से ज्यादा सीटें जीतेगी TMC
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने एग्जिट पोल्स पर सवाल खड़े करते हुए दावा किया है कि तृणमूल कांग्रेस (TMC) 226 से ज्यादा सीटें जीतने वाली है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के निर्देश पर एग्जिट पोल तैयार किए गए।

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने एग्जिट पोल्स पर सवाल खड़े करते हुए दावा किया है कि तृणमूल कांग्रेस (TMC) 226 से ज्यादा सीटें जीतने वाली है। वीडियो संदेश में ममता ने कहा कि टीएमसी कार्यकर्ताओं का मनोबल गिराने के लिए बीजेपी के निर्देश पर एग्जिट पोल प्रसारित किया गया है।
चुनाव खत्म होने से ठीक एक दिन बाद ममता बनर्जी ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा, ''अमित शाह के सीधे निर्देश पर, केंद्रीय बल पश्चिम बंगाल चुनाव के दौरान भाजपा एजेंट के रूप में काम कर रहे हैं। हम बंगाल की 294 विधानसभा सीटों में से 226 से अधिक सीटें जीतकर सत्ता में लौटेंगे।''
ममता बनर्जी ने कहा, "मैं अपने कार्यकर्ताओं और जनता से एकजुट होने का आग्रह करती हूं और यह सुनिश्चित करती हूं कि आज से, हर कोई मतगणना प्रक्रिया पर समान और सतर्क नजर रखे। यदि जरूरी हुआ, तो मैं खुद अपने (भबानीपुर) निर्वाचन क्षेत्र में पहरा देने के लिए बाहर निकलूंगी।" उन्होंने पार्टी नेताओं से मतदान और मतगणना केंद्रों पर 24 घंटे नजर रखने को कहा। उन्होंने कहा, “दिन के दौरान अपने कर्मचारियों को ड्यूटी पर रखें, लेकिन रात के दौरान खुद ही निगरानी रखें। पहरा दें। अगर मैं सुरक्षा कर सकती हूं, तो आप भी कर सकते हैं। रातभर जागते रहें और सुबह अगली टीम को घड़ी सौंपने के बाद ही सोएं।”
उन्होंने कहा, "बीजेपी ने आखिरी गेम खेल लिया है। अगर वास्तविक आंकड़े जारी होते तो शेयर बाजार गिर जाता। लोगों को एक साथ रहने की जरूरत है, मतगणना पर कड़ी नजर रखें। पूरी रात जागते रहें।" उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने पर वह खुद ईवीएम स्ट्रॉन्ग रूम की सुरक्षा करेंगी। उन्होंने कहा, "वे ईवीएम बदलने की योजना बना रहे हैं... जब तक मैं प्रेस कॉन्फ्रेंस करके घोषणा नहीं कर दूं, तब तक गिनती की टेबलें न छोड़ें। वे कंप्यूटर में डेटा बदल सकते हैं, हमारे नंबर बीजेपी को और बीजेपी के नंबर हमें दे सकते हैं, मैं खुद काउंटिंग हॉल में जाऊंगी, मैं एक उम्मीदवार के रूप में ऐसा कर सकती हूं। आप बहुत कुछ झेल चुके हैं। कृपया बंगाल को बचाने के लिए थोड़ा और सहन करें।"




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