सब कंट्रोल में, लेकिन चिंता...एलपीजी सिलिंडरों के स्टॉक पर क्या बोली सरकार
देश में एलपीजी सिलिंडरों की पैनिक बुकिंग अब काफी कम हो चुकी है। पेट्रोलियम और नैचुरल गैस मंत्रालय ने शुक्रवार को इस बारे में जानकारी दी। इसके मुताबिक गुरुवार को मात्र 55 लाख ही लोगों ने बुकिंग की।

देश में एलपीजी सिलिंडरों की पैनिक बुकिंग अब काफी कम हो चुकी है। पेट्रोलियम और नैचुरल गैस मंत्रालय ने शुक्रवार को इस बारे में जानकारी दी। इसके मुताबिक गुरुवार को मात्र 55 लाख ही लोगों ने बुकिंग की। सरकार ने शुक्रवार को एक अंतर मंत्रालयी बैठक की, जिसमें देश में तेल और गैस की उपलब्धता की जानकारी दी गई। मिडिल ईस्ट में चल रहे टकराव के बीच यह काफी अहम है। बता दें कि ईरान से युद्ध शुरू होने के बाद भारत में अचानक से सिलिंडर गैस की बुकिंग तेज हो गई थी। संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने कहाकि हालांकि, पश्चिम एशिया संघर्ष के कारण कच्चे माल की आपूर्ति में जारी व्यवधानों के चलते होटल सहित व्यावसायिक उपभोक्ताओं पर आपूर्ति प्रतिबंध अब भी लागू हैं।
अब पैनिक की सिचुएशन नहीं
अंतर-मंत्रालयी ब्रीफिंग में बोलते हुए मिनिस्ट्री ऑफ पेट्रोलियम और नैचुरल गैस की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने यह जानकारी दी। उन्होंने कहाकि अब पैनिक बुकिंग की सिचुएशन नहीं रह गई है। उपभोक्ताओं को आश्वस्त करते हुए सुजाता शर्मा ने कहाकि देश में एलपीजी सप्लाई की कोई शॉर्टेज नहीं है। किसी भी आउटलेट में सिलिंडरों की कमी नहीं है और पर्याप्त स्टॉक मौजूद है। हालांकि उन्होंने यह जरूर कहाकि एलपीजी चिंता का विषय है।
सप्लाई को लेकर अब भी चिंता
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने कहाकि 13 मार्च को घबराहट में की गई बुकिंग का आंकड़ा 87.7 लाख के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया था। 18 मार्च को यह घटकर 56-57 लाख पर आ गया है। उन्होंने कहाकि घबराहट में की जाने वाली बुकिंग कम हो रही है और सरकार परिवारों को आपूर्ति में प्राथमिकता दे रही है। शर्मा ने स्पष्ट किया कि गैस आपूर्ति की स्थिति अब भी चिंताजनक बनी हुई है, लेकिन किसी भी वितरक के पास भंडार पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ है। हालांकि, व्यावसायिक उपयोगकर्ताओं को उनकी आवश्यकता का केवल पांचवां हिस्सा (20 प्रतिशत) ही मिल पा रहा है। उन्होंने बताया कि पिछले दो सप्ताह में घरेलू गैस उत्पादन में 40 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि हुई है। सार्वजनिक क्षेत्र की पेट्रोलियम विपणन कंपनियां बुकिंग के साथ तालमेल बिठाने के लिए अतिरिक्त पालियों में काम कर रही हैं।
अब तक कितनी सप्लाई
सचिव ने बताया कि 18 मार्च को 56 लाख से अधिक की बुकिंग के मुकाबले 54.91 लाख सिलेंडरों की आपूर्ति की गई। उन्होंने बताया कि आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए इंटरनेट के माध्यम से बुकिंग बढ़कर 94 प्रतिशत हो गई है, जबकि ओटीपी प्रणाली का दायरा 83 प्रतिशत तक पहुंच गया है। शर्मा ने बताया कि सरकार उपभोक्ताओं को पाइप के जरिये आपूर्ति की जाने वाली रसोई गैस (पीएनजी) अपनाने के लिए भी प्रोत्साहित कर रही है और पिछले दो सप्ताह में 1.25 लाख नए कनेक्शन जारी किए गए हैं।
कालाबाजारी और जमाखोरी रोकने के लिए राज्यों में छापेमारी और प्राथमिकी दर्ज करने की कार्रवाई जारी है। केंद्र सरकार ने 18 मार्च को सभी राज्य सरकारों को पत्र लिखकर उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कदम उठाने और मिट्टी के तेल (केरोसिन) जैसे वैकल्पिक ईंधनों को बढ़ावा देने का निर्देश दिया है।




साइन इन