Bengal News Falta TMC candidate Jahangir gets relief from HC who had clash with ips Suvendu Adhikari Mamata Banerjee जिस पुष्पा को फाल्टा में ढूंढ़ रहे थे शुभेंदु अधिकारी, उसे HC से मिली बड़ी राहत; हाथ भी नहीं लगा पाएगी पुलिस, India News in Hindi - Hindustan
More

जिस पुष्पा को फाल्टा में ढूंढ़ रहे थे शुभेंदु अधिकारी, उसे HC से मिली बड़ी राहत; हाथ भी नहीं लगा पाएगी पुलिस

Suvendu Adhikari: पश्चिम बंगाल में फाल्टा विधानसभा सीट पर उपचुनाव से पहले तृणमूल कांग्रेस प्रत्याशी जहांगीर को कलकत्ता हाई कोर्ट से राहत मिली है। हाल में ही मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी जहांगीर को पुष्पा कहकर तंज कसते हुए नजर आए थे।

Mon, 18 May 2026 09:41 PMUpendra Thapak लाइव हिन्दुस्तान
share
जिस पुष्पा को फाल्टा में ढूंढ़ रहे थे शुभेंदु अधिकारी, उसे HC से मिली बड़ी राहत; हाथ भी नहीं लगा पाएगी पुलिस

CM Suvendu Adhikari and Falta TMC candidate Jahangir: पश्चिम बंगाल के नवनिर्वाचित मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी इस समय ऐक्शन में है। हाल ही में उन्होंने फाल्टा विधानसभा पर चुनाव प्रचार के दौरान वहां से तृणमूल प्रत्याशी जहांगीर को चेतावनी दी थी। अब उसी टीएमसी प्रत्याशी बाहुबली नेता जहांगीर को कलकत्ता हाई कोर्ट ने उपचुनाव तक अंतरिम सुरक्षा दी है। सोमवार को हाई कोर्ट ने बंगाल पुलिस को निर्देश दिया कि जब तक निर्वाचन क्षेत्र में उप चुनाव की प्रक्रिया पूरी नहीं हो जाती, तब तक जहांगीर के खिलाफ कोई भी कार्रवाई न की जाए।

कलकत्ता हाई कोर्ट की न्यायाधीश जस्टिस सुगता भट्टाचार्य ने जहांगीर द्वारा लगाई गई याचिका पर सुनवाई करते हुए आदेश दिया कि तृणमूल कांग्रेस नेता को चुनाव लड़ने की अनुमति दी जाए। इसके साथ ही उन्होंने टीएमसी नेता को भी पुलिस जांच में सहयोग करने का निर्देश दिया। इस दौरान पुलिस ने बताया कि जहांगीर के खिलाफ पहली FIR फाल्टा में ही 5 मई को दर्ज हुई थी। इसके बाद 10 मई को तीन और और 15 मई को एक और FIR दर्ज हुई। दोनों पक्षों की दलील सुनने के बाद कोर्ट ने उपचुनाव को देखते हुए अंतरिम आदेश देने का फैसला सुनाया।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:चुनाव से पहले खुद को पुष्पा बताने वाले जहांगीर खान पहुंचे हाई कोर्ट, क्या मांग

अंतरिम सुरक्षा का आदेश जारी करते हुए कोर्ट ने कहा कि जहांगीर के खिलाफ अब तक दर्ज हुई सभी FIR से उन्हें यह आदेश सुरक्षा देगा। यह आदेश उपचुनाव हो जाने तक यानि 24 मई तक प्रभावी रहेगा। इसके बाद इस मामले की अगली सुनवाई 26 मई को होगी।

गौरलतब है कि बाहुबली टीएमसी नेता जहांगीर के खिलाफ मई के महीने में जितनी भी FIR दर्ज हुई हैं, उनमें वोटरों को डराने-धमकाने, चुनावी धांधली और चुनाव से जुड़े दूसरे अपराधों के आरोप शामिल हैं। हालांकि, टीएमसी नेता का कहना है कि यह सारी आरोप झूठे हैं। बंगाल में भाजपा शासन आने के बाद जहांगीर ने उपचुनाव के पहले खुद के गिरफ्तार हो जाने की आशंका जताई थी। इसी वजह से उन्होंने कलकत्ता हाई कोर्ट के सामने याचिका दायर की। जहांगीर ने अपनी याचिका में आरोप लगाया था कि 21 मई को होने वाले उपचुनाव से पहले उनके खिलाफ झूठे मामले दर्ज किए जा रहे हैं। उन्होंने यह आशंका भी जताई थी कि फलता में वोटिंग से पहले उन्हें गिरफ्तार किया जा सकता है। उन्होंने अपने खिलाफ दर्ज सभी मामलों की जानकारी भी मांगी थी।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:कहां है पुष्पा, दिखाई नहीं दे रहा;IPS से भिड़ने वाले जहांगीर को ढूंढ रहे शुभेंदु

हाई कोर्ट ने याचिका पर सुनवाई करते हुए पुलिस को आदेश दिया कि वह सात दिनों के भीतर जहांगीर को सभी एफआईआर की कॉपी मुहैया कराएं।

आपको बता दें, तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी के करीबी माने जाने वाले श्री जहांगीर पिछले कुछ सालों में दक्षिण 24 परगना जिले के सबसे प्रभावशाली राजनीतिक चेहरों में से एक बनकर उभरे हैं। डायमंड हार्बर पुलिस जिले में हुए विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान जहांगीर और पुलिस पर्यवेक्षक IPS अजय पाल शर्मा के बीच एक हाई-प्रोफाइल टकराव देखने को मिला।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:बालों के चक्कर में मकसद भूला आतंकी, भारत में आकर करवाया हेयर ट्रांसप्लांट

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में फाल्टा सीट पर वोटिंग के दौरान भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने बार-बार जहांगीर के ऊपर वोटरों को धमकाने और हिंसा करने का आरोप लगाया था। विपक्षी पार्टियों ने आरोप लगाया था कि उसके दबदबे के कारण कई राजनीतिक कार्यकर्ताओं और स्थानीय निवासियों को वह इलाका छोड़ने पर मजबूर होना पड़ा। हालांकि, जहांगीर ने इन आरोपों को पूरी तरह से झूठा करार दिया था। लेकिन IPS अधिकारी अजय पाल शर्मा के साथ उनके टकराव की वजह से वह सुर्खियों में आ गए। अब उप चुनाव के दौरान मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने भी उन्हें पुष्पा कहकर संबोधित किया।