MP के मदरसे में मिले 20 लाख के नकली नोट का मास्टरमाइंड डॉक्टर प्रतीक, जुबेर अंसारी से क्या लिंक
एमपी के मदरसे में की गई छापेमारी के दौरान नकली नोट के कारोबार का भंडाफोड़ हुआ था। इस मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि इसका मास्टरमाइंड बुरहानपुर का डॉक्टर प्रतीक है। इसका मदरसे के इमाम जुबेर अंसारी से लिंक भी है।

मध्य प्रदेश के खंडवा में मदरसे से निकले 20 लाख के नकली नोट मामले में नया मोड़ आ गया है। पुलिस ने दावा किया है कि बुराहनपुर का निलंबित डॉक्टर प्रतीक नवलखे ही इस नकली नोट कांड का असली मास्टरमाइंड है। प्रतीक नवलखे की संपत्ति सीज कर दी गई है। इससे पहले महाराष्ट्र में इमाम जुबेर अंसारी को 10 लाख रुपए के नकली नोट के साथ गिरफ्तार किया गया था। जुबेर खंडवा का यह मदरसा चलाता था।
महाराष्ट्र की मालेगांव पुलिस ने हरीरपुरा निवासी जुबेर अंसारी को 29 सितंबर को 10 लाख रुपए के नकली नोटों के साथ पकड़ा था। मामला सामने आने के बाद खंडवा जिले के पेठिया (मछोड़ी रैयत) जहां जुबेर एक मस्जिद में इमाम का काम करता था, वहां के लोगों ने पुलिस बुला कर उसके कमरे की तलाशी करवाई। तलाशी के दौरान मदरसे से 19.87 लाख रुपए के नकली नोट बरामद हुए थे।
मास्टरमाइंड निकला डॉक्टर
अब इस मामले में बुरहानपुर के निलंबित डॉक्टर प्रतीक नवलखे का नाम सामने आया, जिसे इस गिरोह का मास्टरमाइंड बताया जा रहा है। इसके बाद बुरहानपुर पुलिस ने इतवारा गेट स्थित निलंबित डॉक्टर प्रतीक नवलखे संपत्ति को सीज कर दिया।
बुरहानपुर के एएसपी एएस कनेश ने बताया कि महाराष्ट्र में डॉक्टर प्रतीक नवलखे के खिलाफ मामला दर्ज होने की जानकारी मिलते ही बुरहानपुर में उसके मकान को सीज कर दिया गया है। यह कार्रवाई जांच समिति को जांच में सुविधा प्रदान करने के उद्देश्य से की गई है।
रिपोर्ट- निशात मोहम्मद सिद्दीकी




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