Jharkhand FM expressed pain during budget presentation, leveled allegations on Central govt झारखंड का बजट पेश करने के दौरान छलका वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर का दर्द, केंद्र पर लगाए तीन बड़े आरोप, Jharkhand Hindi News - Hindustan
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झारखंड का बजट पेश करने के दौरान छलका वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर का दर्द, केंद्र पर लगाए तीन बड़े आरोप

वित्त मंत्री ने कहा कि कृषि क्षेत्र से जुड़ी महिलाओं के लिए 'महिला खुशहाली योजना' शुरू की जा रही है। इसके लिए हमने 25 करोड़ रुपए आवंटित किए हैं। वहीं अगले वित्त वर्ष में 100 नए 'सीएम स्कूल ऑफ एक्सीलेंस' भी खोले जाएंगे।'

Tue, 24 Feb 2026 09:44 PMSourabh Jain लाइव हिन्दुस्तान, रांची, झारखंड
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झारखंड का बजट पेश करने के दौरान छलका वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर का दर्द, केंद्र पर लगाए तीन बड़े आरोप

झारखंड सरकार के वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने मंगलवार को विधानसभा में वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 1.58 लाख करोड़ रुपए का बजट पेश किया। इसे 'अबुआ दिशोम' (हमारा अपना) बजट बताते हुए किशोर ने कहा कि यह बजट झारखंडवासियों के चेहरे पर मुस्कान लाएगा और गरीबों के आंसू पोंछेगा। हालांकि बजट भाषण के दौरान वित्तमंत्री का दर्द भी छलका और उन्होंने केंद्र सरकार पर भेदभाव करने और बकाया राशि नहीं देने का आरोप भी लगाया। उन्होंने कहा कि झारखंड को पर्याप्त वित्तीय सहायता न देकर केंद्र सरकार उसके साथ सौतेला व्यवहार कर रही है। इस दौरान वित्त मंत्री ने केंद्र पर राज्य के करीब 16 हजार करोड़ रुपए दबाकर बैठने का आरोप लगाया।

झारखंड का तीन मदों का पैसा नहीं देने का लगाया आरोप

बजट भाषण के दौरान वित्त मंत्री ने केंद्र सरकार पर तीन मदों का पैसा नहीं देने का आरोप लगाया। उन्होंने दावा करते हुए कहा, 'केंद्रीय करों में झारखंड को उसका 5,000 करोड़ रुपए का हिस्सा नहीं मिला है और अनुदान सहायता के रूप में 11,000 करोड़ रुपए भी नहीं मिले हैं। केंद्रीय करों में हिस्सेदारी धीरे-धीरे घट रही है। वीबी-जी राम जी (अधिनियम) के कारण राज्य को 5,640 करोड़ रुपए का अतिरिक्त बोझ उठाना पड़ रहा है।' उन्होंने कोयला आपूर्ति के बदले सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों को '1.36 लाख करोड़ रुपए की बकाया राशि का भुगतान न करने' को लेकर भी केंद्र सरकार पर निशाना साधा।

उन्होंने कहा कि 'विपक्ष द्वारा लगातार बाधाएं उत्पन्न किए जाने के बावजूद हम झुकेंगे नहीं और राज्य के सर्वांगीण विकास को सुनिश्चित करने के लिए आगे बढ़ते रहेंगे।'

पेश किया 1.58 लाख करोड़ रुपए का बजट

इससे पहले राज्य के वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने मंगलवार को विधानसभा में अपने बजट भाषण की शुरुआत करते हुए कहा, 'मैं सदन के पटल पर वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 1,58,560 करोड़ रुपए का बजट रखता हूं। 'अबुआ दिशोम' (हमारा अपना) बजट झारखंडवासियों के चेहरे पर मुस्कान लाएगा और गरीबों के आंसू पोंछेगा।' किशोर ने कहा कि यह बजट समाज के हर वर्ग- गरीब, किसान, आदिवासी और महिलाओं की आकांक्षाओं को पूरा करेगा। इसमें गरीबों, महिलाओं एवं अन्य कमजोर तबकों के कल्याण के मकसद से 67,460 करोड़ रुपए आवंटित किए गए हैं।

बजट पेश करने के दौरान छलका वित्त मंत्री किशोर का दर्द,केंद्र पर लगाए 3 बड़े आरोप

शुरू होगी महिला खुशहाली योजना

वित्तमंत्री ने कहा, 'बजट में सामान्य क्षेत्र के लिए 32,055.83 करोड़ रुपए, सामाजिक क्षेत्र के लिए 67,459.54 करोड़ रुपए और आर्थिक क्षेत्र के लिए 59,044.63 करोड़ रुपए आवंटित किए गए हैं।' वित्त मंत्री ने कहा कि कृषि क्षेत्र से जुड़ी महिलाओं के लिए 'महिला खुशहाली योजना' शुरू की जा रही है। इसके लिए हमने 25 करोड़ रुपए आवंटित किए हैं। वहीं अगले वित्त वर्ष में 100 नए 'सीएम स्कूल ऑफ एक्सीलेंस' भी खोले जाएंगे।'

चतरा में खुलेगा विश्वविद्यालय, 7 जिलों में खुलेंगे 12 कॉलेज

किशोर ने कहा कि उच्च एवं प्रौद्योगिकी शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए चतरा जिला मुख्यालय में डॉ. भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय की स्थापना की जाएगी और रोजगारोन्मुखी कॉलेज खोले जाएंगे। उन्होंने कहा कि पहले चरण में सात जिलों में 12 कॉलेज स्थापित किए जाएंगे। महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए 'मैया सम्मान योजना' के तहत प्रति माह 2,500 रुपए की वित्तीय सहायता देने के लिए 14,066 करोड़ रुपए का बजटीय प्रावधान किया गया है।

निवेश से 45 हजार लोगों को रोजगार मिलने की संभावना

किशोर ने कहा कि विश्व आर्थिक मंच (डब्ल्यूईएफ) के माध्यम से झारखंड को 1.24 लाख करोड़ रुपए के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए हैं, जिससे इस्पात, ऊर्जा, विनिर्माण और अवसंरचना जैसे क्षेत्रों में 45,000 लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है। इससे पहले वित्त वर्ष 2025-26 में झारखंड मुक्ति मोर्चा (जेएमएम) की अगुवाई वाली सरकार ने 1.45 लाख करोड़ रुपए का बजट पेश किया था।

बजट पेश करने के दौरान छलका वित्त मंत्री किशोर का दर्द,केंद्र पर लगाए 3 बड़े आरोप

उधर झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने इस बजट को झारखंड की जन-आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए लाया गया यह अबुआ दिशोम बजट 2026-27 बताया। उन्होंने कहा कि 'वित्तीय वर्ष 2026-27 के राज्य के बजट में सभी वर्गों, सभी सेक्टरों का ख्याल रखा गया है। चाहे वह किसान हो, गरीब हो, युवा हो, चाहे वह व्यावसाय वर्ग हो बजट में सभी का विशेष ध्यान रखा गया है।'

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आगे उन्होंने कहा, 'वर्ष 2050 तक युवा झारखंड का समृद्ध बनने का सफर सुगम एवं तीव्रता से भरा हो, यह सुनिश्चित करने के लिए बजट में कई प्रावधान किए गए हैं, जिसे आने वाले समय में आप धरातल पर होता भी देखेंगे।'