Over 2 lakh children in 20 districts of Gujarat are suffering from malnutrition गुजरात के 20 जिलों में 2 लाख से ज्यादा बच्चे कुपोषण के शिकार, विधानसभा में बोली सरकार, Gujarat Hindi News - Hindustan
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गुजरात के 20 जिलों में 2 लाख से ज्यादा बच्चे कुपोषण के शिकार, विधानसभा में बोली सरकार

गुजरात सरकार ने शनिवार को विधानसभा को सूचित किया कि राज्य के 34 में से 20 जिलों में दो लाख से अधिक बच्चे कुपोषण का शिकार हैं और स्थिति में सुधार के लिए सरकार विभिन्न कदम उठा रही है।

Sat, 14 March 2026 10:20 PMRatan Gupta लाइव हिन्दुस्तान, भाषा, गांधीनगर
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गुजरात के 20 जिलों में 2 लाख से ज्यादा बच्चे कुपोषण के शिकार, विधानसभा में बोली सरकार

गुजरात सरकार ने शनिवार को विधानसभा को सूचित किया कि राज्य के 34 में से 20 जिलों में दो लाख से अधिक बच्चे कुपोषण का शिकार हैं और स्थिति में सुधार के लिए सरकार विभिन्न कदम उठा रही है। प्रश्नकाल के दौरान कांग्रेस विधायकों द्वारा उठाए गए सवालों के जवाब में महिला एवं बाल विकास मंत्री मनीषा वकील ने बताया कि 20 जिलों में दर्ज किए गए 2.05 लाख कुपोषित बच्चों में से लगभग 1.69 लाख बच्चे 'अल्प वजन' वाले थे, जबकि जनवरी 2026 तक 36,805 बच्चे 'अत्यधिक अल्प वजन' की श्रेणी में थे।

वकील द्वारा प्रस्तुत आंकड़ों के अनुसार, मध्य गुजरात के आदिवासी बहुल पंचमहल जिले में कुपोषित बच्चों की संख्या सबसे अधिक (20,762) है। इसके बाद बनासकांठा (19,391), खेड़ा (18,590), साबरकांठा (16,588), दाहोद (16,388), छोटाउदेपुर (16,322), नर्मदा (8,881) और महीसागर (7,838) की बारी आती है।

इन 20 जिलों में जहां आदिवासी बहुल तापी जिले में कुपोषित बच्चों की सबसे कम संख्या (4,424) दर्ज की गई, वहीं अत्यधिक शहरीकृत जिलों अहमदाबाद और गांधीनगर में यह आंकड़ा क्रमशः 6,411 और 6,467 रहा।

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एक वर्ष में खेड़ा और छोटाउदेपुर जिलों में कुपोषण से ग्रस्त बच्चों की संख्या में 1,164 की वृद्धि हुई। वहीं, इसी अवधि के दौरान इन 20 जिलों में ऐसे बच्चों की संख्या में लगभग 1.59 लाख की कमी भी आई।

वकील ने सदन को बताया, “राज्य सरकार कुपोषण को समाप्त करने के लिए विभिन्न कदम उठा रही है। सभी आंगनवाड़ी केंद्रों में बच्चों को पौष्टिक आहार उपलब्ध कराया जाता है। इसके अलावा, बच्चों के स्वास्थ्य के लिए महिलाओं को जन्म से पहले और बाद में 1,000 दिनों तक पौष्टिक आहार दिया जाता है।”

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