रॉकेट बन गया अडानी का यह शेयर, बाजार में हाहाकार के बावजूद खरीदने की मची लूट
कंपनी का स्टॉक करीब 12.50% उछलकर ₹580.45 तक पहुंच गया, जबकि उसी समय शेयर बाजार के प्रमुख इंडेक्स गिरावट में थे। इस उछाल ने निवेशकों का ध्यान अपनी ओर खींचा है, खासकर ऐसे समय में जब बाजार का मूड कमजोर बना हुआ है।

Adani Total Gas Ltd Share: बाजार में भूचाल के बीच, अडानी टोटल गैस लिमिटेड के शेयरों में गुरुवार सुबह जबरदस्त तेजी देखने को मिली। कंपनी का स्टॉक करीब 12.50% उछलकर ₹580.45 तक पहुंच गया, जबकि उसी समय शेयर बाजार के प्रमुख इंडेक्स गिरावट में थे। इस उछाल ने निवेशकों का ध्यान अपनी ओर खींचा है, खासकर ऐसे समय में जब बाजार का मूड कमजोर बना हुआ है।
क्या है डिटेल
हालांकि, बढ़ती तेजी और उतार-चढ़ाव को देखते बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ऑफ इंडिया (एनएसई) ने अदानी टोटल के शेयर को शॉर्ट-टर्म ASM (Additional Surveillance Measure) फ्रेमवर्क में डाल दिया है। आम तौर पर ऐसा तब किया जाता है जब किसी शेयर में अचानक ज्यादा उतार-चढ़ाव देखने को मिलता है, ताकि निवेशकों को सतर्क किया जा सके।
कंपनी ने भी हाल ही में शेयर की तेज मूवमेंट पर सफाई देते हुए कहा कि इसमें किसी खास आंतरिक कारण की भूमिका नहीं है, बल्कि यह पूरी तरह बाजार की परिस्थितियों का असर है। यानी कंपनी के मुताबिक, शेयर की तेजी “पूरी तरह मार्केट ड्रिवन” है और इसमें कोई खास कॉर्पोरेट अपडेट शामिल नहीं है।
कंपनी ने क्या कहा है
इस बीच, कंपनी के बिजनेस पर असर डालने वाली एक अहम खबर भी सामने आई है। अडानी टोटल गैस लिमिटेड ने बताया कि पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के चलते कुछ गैस सप्लायर्स ने सप्लाई कम कर दी है। इसका असर खासतौर पर इंडस्ट्रियल कस्टमर्स को दी जाने वाली गैस सप्लाई पर पड़ा है, जिससे कंपनी के ऑपरेशंस पर दबाव बन सकता है।
सरकार के आदेश का भी असर
इसके अलावा, सरकार ने हाल ही में एक आदेश जारी किया है जिसमें घरेलू गैस की सप्लाई को PNG (पाइप्ड नैचुरल गैस) और CNG (ट्रांसपोर्ट सेक्टर) को प्राथमिकता देने की बात कही गई है। कंपनी फिलहाल इस फैसले के असर का आकलन कर रही है और संभावित नुकसान को कम करने के लिए जरूरी कदम उठा रही है।
मार्केट एक्सपर्ट्स की राय
मार्केट एक्सपर्ट्स की राय भी इस स्टॉक को लेकर मिली-जुली है। वेल्थमिल्स सिक्योरिटीज के क्रांथि बथिनी के मुताबिक, फिलहाल स्टॉक में खरीदारी का ट्रेंड दिख रहा है और जो निवेशक पहले से इसमें हैं, वे होल्ड कर सकते हैं। वहीं मोतीलाल ओसवाल के टेक्निकल एक्सपर्ट रुचित जैन का मानना है कि यह तेजी ज्यादा समय तक टिकाऊ नहीं हो सकती और ₹660–680 का स्तर मजबूत रेजिस्टेंस बन सकता है। ऐसे में शॉर्ट टर्म ट्रेडर्स को इस रेंज में मुनाफावसूली पर विचार करना चाहिए।




साइन इन