बिहार में तपती गर्मी के बीच आंधी-बारिश का कहर, यहां पेड़-पोल और घर सब उजड़े; आगे कैसा रहेगा मौसम
मौसम विभाग ने अगले दो-तीन दिनों तक ज्यादातर जिलों में आंधी-बारिश के आसार हैं। मौसम विभाग ने रविवार को 21 जिलों में आंधी-बारिश को लेकर ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किया है।

बिहार में मौसम ने एक बार फिर चौंकाया है। यूं तो पिछले कुछ दिनों से अलग-अलग जिलों में आसमान से बरसती आग ने लोगों को घरों के अंदर दुबकने पर मजबूर कर दिया है। भीषण गर्मी ने यहां लोगों का जीना मुहाल कर रखा है। तपती गर्मी के बीच अब आंधी-बारिश ने बिहार के अररिया जिले में तबाही मचाई है। यहां शनिवार की देर रात करीब 12 बजे जिले में तेज आंधी के साथ हुई झमाझम बारिश ने भारी तबाही मचाई। इसके कारण जगह-जगह पेड़ व बिजली पोल गिरे। बिजली तार टूटे। टिन की छतरियां उड़ गईं। ग्रामीण इलाकों में ट्रांसफार्मर भी क्षतिग्रस्त हुए।
कच्चे घर व दुकान की गुमटियों को भी भारी क्षति पहुंची। पेड़ व पोल गिरने से घंटों आवागमन बाधित रहा। देर रात गायब बिजली अभी तक नहीं पहुंची। जल जमाव से अलग परेशानी हो रही है।इधर तेज आंधी से मक्का को जहां नुकसान हुआ है तो वहीं बारिश से मूंग और जूट फसल को फायदा भी हुआ है। जिले में तीन-तीन बार आंधी-बारिश से मक्का की फसल को सबसे ज्यादा नुकसान हुआ है। इससे किसान हलकान हैं।
अररिया नगर क्षेत्र के जेई ने बताया कि आंधी-तूफान के बीच जगह- जगह पेड़ गिरने से विद्युत आपूर्ति प्रभवित हुई है। बताया कि मार्केटंग यार्ड में तीन फीडरों होकर भी विद्युत आपूर्ति में बाधा पहुंची है। पेड़ कटिंग का काम हो रहा है। शीघ्र ही शहरी क्षेत्र में विद्युत आपूर्ति शुरू हो जाएगी। जिले में कई स्थानों पर अभी भी आसमान में काले बादल छाए हुए हैं। आज भी यहां आंधी-बारिश के आसार हैं। इधर पूर्णिया जिले में आज दिन में अंधेरा छा गया। दोपहर 12 बजे यहां अंधेरा छा गया है।
किशनगंज में भी बरपा कहर
इधर किशनगंज जिले में शनिवार की रात को आई तेज आंधी का असर जन जीवन पर पड़ा है। शनिवार को आधी रात करीब 12 बजे अचानक मौसम ने करवट ली और तेज रफ्तार से हवा बहने लगी।100 किलोमीटर की रफ्तार से तेज चल रही थी।हवा के बाद तेज वर्षा भी होने लगी। रविवार की सुबह तीन बजे वर्षा कम हुई लेकिन सुबह दस बजे के बाद आकाश में एक बार फिर से काले बादल छाने लगे और वर्षा होने लगी। वहीं शनिवार की रात्रि आई आंधी के दौरान हवाओं की रफ्तार इतनी तेज थी की इसका पूरा असर जन जीवन पर पड़ा। जिससे कुछ पल के लिए हालात बेकाबू हो गए थे।
आंधी इतनी तेज थी की शहर सहित जिले के कई स्थानों पर बड़े-बड़े पेड़ उखड़ गए। टीन की छत वाले कई घरों के टीन शेड हवा में उड़ गए, जिससे लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। शहर के पश्चिमपाली , धर्मगंज खगड़ा,रेलवे कॉलोनी,रूईधासा,वार्ड संख्या 11, डुमरिया सहित अन्य मुहल्ले में कई चक्रवाती तूफान का असर दिखा। शहर के धरमगंज शिव मंदिर में पीपल का पेड़ एवं दीवार गिर गया।वही पोठिया प्रखंड के रायपुर गांव स्थित काली मंदिर प्रांगण में लगा पीपल का पेड़ जड़ से उखड़ गया , हालाकि मंदिर को कोई नुकसान नहीं पहुंचा है। ग्रामीणों ने बताया कि गांव में आंधी तूफान की वजह से काफी नुकसान हुआ है।
बिहार में आगे कैसा रहेगा मौसम
इधर मौसम विभाग ने मौसम को लेकर जो पूर्वानुमान जताया है उसमें बताया गया है कि अभी बिहार में आंधी-बारिश का दौर खत्म नहीं हुआ है। मौसम विभाग ने अगले दो-तीन दिनों तक ज्यादातर जिलों में आंधी-बारिश के आसार हैं। मौसम विभाग ने रविवार को 21 जिलों में आंधी-बारिश को लेकर ऑरेंज और येलो अलर्ट जारी किया है। हालांकि बक्सर, भोजपुर, भभुआ, रोहतास, औरंगाबाद और अरवल भीषण गर्मी के चपेट में रहेंगे।




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