खुद गैलेन्ट्री अवार्ड से सम्मानित, पत्नी शिक्षिका; SDPO गौतम कुमार पर अब EOU का शिकंजा
किशनगंज के सदर एसडीपीओ गौतम कुमार ने एसआई के पद से पुलिस सेवा की शुरूआत की थी। वे 1994 बैच के एसआई रहे। प्राप्त जानकारी के अनुसार वर्ष 2004 से 2009 तक उनकी पदस्थापना पूर्णिया के विभिन्न थानों व पुलिस कार्यालय में हुई।

बिहार में आर्थिक अपराध यूनिट (EOU) ने किशनगंज के SDPO पर शिकंजा कसा है। आय से अधिक दौलत कमाने के मामले में ईओयू ने उनके कई ठिकानों पर छापेमारी की है। आर्थिक अपराधि इकाई (ईओयू) ने मंगलवार को बिहार सरकार के दो वरिष्ठ अधिकारियों पर आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज करते हुए उनके 12 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी शुरू की है। ईओयू से मिली सूचना के मुताबिक किशनगंज के एसडीपीओ गौतम कुमार के छह ठिकानों पर छापेमारी हुई है। यह छह ठिकाने पटना, पूर्णिया और किशनगंज में हैं। गौतम कुमार पर आय से 60 फीसदी अधिक 1.94 करोड़ रुपये की संपत्ति अर्जित करने का आरोप है।
दूसरे अधिकारी डीआरडीए सहरसा के निदेशक वैभव कुमार हैं, जिनके सहरसा और मुजफ्फरपुर के छह ठिकानों पर छापेमारी चल रही है। उन पर आय से 78 फीसदी अधिक 2.41 करोड़ रुपए की संपत्ति अर्जित करने का आरोप है। यह छापेमारी ईओयू के एसपी और वरीय डीएसपी स्तर के पदाधिकारियों के नेतृत्व में चल रही है। हम आपको बताते हैं कि एसडीपीओ गौतम कुमार कौन हैं।
किशनगंज के सदर एसडीपीओ गौतम कुमार ने एसआई के पद से पुलिस सेवा की शुरूआत की थी। वे 1994 बैच के एसआई रहे। प्राप्त जानकारी के अनुसार वर्ष 2004 से 2009 तक उनकी पदस्थापना पूर्णिया के विभिन्न थानों व पुलिस कार्यालय में हुई। इस दौरान वे बतौर मरंगा ओपी के प्रभारी सहित डगरूआ थानाध्यक्ष, सहायक खजांची थानाध्यक्ष एवं डीआईयू इंचार्ज के रूप में तैनात हुई।
गैलेन्ट्री अवार्ड से सम्मानित
वर्ष 2005 में सहायक खजांची थाना क्षेत्र में घटित चर्चित मुदित अपहरण कांड के वक्त सहायक खजांची के वे प्रभारी के रूप में पोस्टेड थे। मुदित को अपहरण कर्ताओं के चंगुल से मुक्त करने के लिए तत्कालीन एसपी सुधांशु कुमार की ओर से एक विशेष टीम का गठन किया गया था। इस टीम को लीड करते हुए अपहरणकर्ताओं के साथ हुए मुठभेड़ में इन्होंने अदम्य साहस का परिचय दिया था। जिसके बाद इन्हें गैलेन्ट्री अवार्ड से सम्मानित किया गया था। इस अवार्ड के बाद इनकी प्रोन्नति इंस्पेक्टर के तौर पर हुई।
एसडीपीओ की पत्नी मौजूदा शिक्षिका
शहर के मधुबनी थाना इलाके के कोरठबाड़ी स्थित इनके ससुराल के आसपास के लोगों ने बताया कि गौतम कुमार की शादी स्थानीय जेएन राम की बड़ी बेटी रूबी कुमारी से करीब पचीस साल पहले हुई। एसडीपीओ की पत्नी मौजूदा समय में शहर से सटे रिफ्यूजी काॅलोनी में शिक्षिका हैं। उनका चयन वर्ष 1994 में बीपीएससी की ओर से आयोजित परीक्षा से हुआ था। एसडीपीओ के तीन पुत्र हैं।
पटना जिला के मूल निवासी
पत्नी समेत उनका परिवार शहर के केहाट थाना के हाऊसिंग काॅलोनी स्थित उनके अस्थायी आवास में रहता है। पटना जिला के मूल निवासी एसडीपीओ गौतम कुमार ने हाऊसिंग काॅलोनी में पांच तल्ले का विशाल भवन बना रखा हुआ है। जबकि इनके ससुराल में अभी सास- ससुर के अलावा एसडीपीओ के साले मनीष कुमार रहते हैं। मनीष अभी डगरूआ प्रखंड में सरकारी शिक्षक के रूप में पदस्थापित हैं। पटना से आई आर्थिक अपराध इकाई की दो अलग- अलग टीम ने एसडीपीओ के पूर्णिया स्थित दोनों ठिकानों पर सुबह छापेमारी की।




साइन इन