जंग से पहले ही तेजस्वी को निहत्था करेंगे नीतीश? RJD की तरकश के तीर चुन-चुनकर उड़ा रही NDA सरकार
राजद या महागठबंधन का चुनाव घोषणा पत्र अभी आया नहीं है, लेकिन तेजस्वी यादव और कांग्रेस ने सरकार बनने पर कई तरह के वादे किए हैं। नीतीश कुमार की एनडीए सरकार चुनावी जंग से पहले ही एक-एक कर तेजस्वी की तरकश के तीर उड़ा रही है।

जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) के अध्यक्ष और बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार विधानसभा के चुनाव से पहले ही राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के नेता और महागठबंधन के अघोषित सीएम कैंडिडेट तेजस्वी यादव के चुनावी वादों को जोर-शोर से सरकार के ऐक्शन प्लान का हिस्सा बना रहे हैं। हर कैबिनेट मीटिंग या उसके आगे-पीछे नीतीश की अगुवाई वाली एनडीए सरकार चुन-चुनकर तेजस्वी, राजद और महागठबंधन के वादों की तरकश से तीर उड़ा रही है। सरकार के एजेंडा पर पेंशन और नौकरी-रोजगार के बाद फ्री बिजली भी आ गई है। नीतीश ने गुरुवार को 125 यूनिट मुफ्त बिजली का ऐलान कर दिया है। तेजस्वी के वादे में 200 यूनिट फ्री है।
नीतीश ने सुबह 125 यूनिट मुफ्त बिजली की घोषणा के साथ बताया कि इसका फायदा राज्य के 1.67 करोड़ परिवारों को मिलेगा। मुफ्त बिजली से सरकार का खर्च लगबग 5000 करोड़ रुपये बढ़ेगा। औसतन एक परिवार को 750 से 1000 रुपये तक की मासिक बचत होगी। नीतीश ने कहा है कि अगले तीन सालों में सरकार की कोशिश रहेगी कि लोगों के घरों की छत पर सोलर पावर सिस्टम लगा दिया जाए। सरकार की योजना है कि अगले तीन साल में सौर ऊर्जा से 10 हजार मेगावाट बिजली पैदा की जाए।
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मुफ्त बिजली से पहले नीतीश ने 13 जुलाई को सोशल मीडिया के जरिए अगले पांच साल में एक करोड़ सरकारी नौकरी और रोजगार के मौकों का वादा किया था। 15 जुलाई की कैबिनेट बैठक में सरकार ने 1 करोड़ नौकरी और रोजगार का संकल्प भी पास कर दिया। तेजस्वी तीन साल से नौकरी और रोजगार पर सबसे ज्यादा बोल रहे हैं। शिक्षक भर्ती के लिए नीतीश और तेजस्वी में क्रेडिट की लड़ाई भी जगजाहिर है। तेजस्वी यादव लगातार दावा कर रहे हैं कि उनके दबाव में नीतीश सरकार ने टीचर समेत पांच लाख लोगों को नौकरी दी नहीं तो पहले ये लोग पैसा कहां से लाएंगे जैसी बातें करते थे।
नीतीश ने तीन गुना बढ़ाया पेंशन, अब बुजुर्ग, विधवा और दिव्यांग को हर महीने 1100 रुपए मिलेंगे
जुलाई में नौकरी-रोजगार को एजेंडा पर लेने से पहले 24 जून की कैबिनेट मीटिंग में नीतीश सरकार ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन यानी वृद्धावस्था पेंशन, विधवा महिला पेंशन और दिव्यांग पेंशन को 400 रुपये से बढ़ाकर 1100 रुपये कर दिया था। तेजस्वी ने महागठबंधन की सरकार बनने पर 1500 रुपये पेंशन का वादा किया है।
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तेजस्वी यादव ने सरकारी नौकरियों में बिहार के मूल निवासियों की भर्ती करने यानी डोमिसाइल का मुद्दा भी चुनावी बना रखा है। तेजस्वी ने 100 फीसदी डोमिसाइल का वादा किया है। नीतीश ने डोमिसाइल के मुद्दे पर शुरुआती बेरुखी के बाद महिलाओं के लिए आरक्षित 35 फीसदी पदों पर डोमिसाइल लागू कर दिया है। 8 जुलाई को नीतीश कैबिनेट के फैसले से बिहार में प्रभावी तौर पर डोमिसाइल 74 फीसदी हो गया है। 60 फीसदी जातीय और आर्थिक आरक्षण वाले पदों पर पहले से बिहार के लोगों को ही नौकरी मिलती थी। 1 जुलाई की कैबिनेट में कलाकारों के लिए 3000 रुपये पेंशन और अलग-अलग डिग्री वाले युवाआों को इंटर्नशिप के दौरान 4000 से 6000 रुपये मानदेय का फैसला भी हो गया।
तेजस्वी यादव की माई बहिन मान योजना पर कांग्रेस हो गई सवार; नंबर जारी कर दिया, रजिस्ट्रेशन भी शुरू
तेजस्वी के चुनावी वादों की लिस्ट लंबी है तो नीतीश सरकार भी हर कैबिनेट मीटिंग में उन वादों में कुछ ना कुछ उठा ले रही है। अब तेजस्वी यादव, कांग्रेस की माई बहिन मान योजना की एक बड़ी घोषणा दिख रही है जिस पर नीतीश सरकार के ऐक्शन का इंतजार है। तेजस्वी और कांग्रेस ने सरकार बनने पर महिलाओं को 2500 रुपये मासिक सहायता देने का वचन दिया है। नीतीश सरकार की हर कैबिनेट मीटिंग पर अब जनता और विपक्ष की नजर रहती है कि विपक्ष का कौन सा वादा सरकार छीनने जा रही है।




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