biggest crackdown on cyber fraud in bihar ccsu wing formed 118 elite personnel deployed to curb scams बिहार में साइबर ठगों के खिलाफ सबसे बड़ा ऐक्शन, ठगों को मिटाने के लिए बनी सीसीएसयू विंग; 118 जांबाज संभालेंगे सुरक्षा, Bihar Hindi News - Hindustan
More

बिहार में साइबर ठगों के खिलाफ सबसे बड़ा ऐक्शन, ठगों को मिटाने के लिए बनी सीसीएसयू विंग; 118 जांबाज संभालेंगे सुरक्षा

Bihar Cyber Police: बिहार पुलिस मुख्यालय ने ईओयू से अलग कर सीसीएसयू (साइबर अपराध एवं सुरक्षा इकाई) बनाई है। इसमें 53 अधिकारियों और 65 सिपाहियों समेत 118 कर्मियों की तैनाती की गई है।

Fri, 29 May 2026 10:33 AMJayendra Pandey हिन्दुस्तान, अमित चौधरी, भागलपुर
share
बिहार में साइबर ठगों के खिलाफ सबसे बड़ा ऐक्शन, ठगों को मिटाने के लिए बनी सीसीएसयू विंग; 118 जांबाज संभालेंगे सुरक्षा

Bihar Cyber Police: बिहार में लगातार बढ़ रहे साइबर फ्रॉड और ऑनलाइन ठगी की घटनाओं पर पूरी तरह नकेल कसने के लिए पुलिस मुख्यालय ने अपनी सबसे बड़ी तैयारी पूरी कर ली है। राज्यभर में फैले साइबर अपराधियों को दबोचने और डिजिटल अपराधों पर ब्रेक लगाने के लिए एक बिल्कुल नई और बेहद हाई-टेक विंग का गठन किया गया है। मुख्यालय स्तर पर किए गए इस बड़े बदलाव के बाद अब अपराधियों के खिलाफ ऑन-स्पॉट कड़ा एक्शन देखने को मिलेगा। इस विशेष मुहिम के तहत राज्यभर से चुनकर लाए गए कुल 118 पुलिस अफसरों और जवानों की नई टीम को मैदान में उतार दिया गया है, जो सीधे मुख्यालय के निर्देश पर काम करेगी।

EOU से अलग होकर बनी नई विंग CCSSU

दरअसल, बिहार में अब तक साइबर अपराध के मामलों की मॉनिटरिंग आर्थिक अपराध इकाई (EOU) के जिम्मे थी। लेकिन बढ़ते डिजिटल फ्रॉड को देखते हुए इस विशेष इकाई को अब ईओयू से पूरी तरह अलग कर दिया गया है। पुलिस मुख्यालय के इस फैसले के बाद अब 'सीसीएसयू' (साइबर अपराध एवं सुरक्षा इकाई) का स्वतंत्र रूप से गठन किया गया है। इस नई इकाई के लिए पुलिस पदाधिकारियों और पुलिसकर्मियों के विशेष पदों को सृजित किया गया है और राज्यभर के विभिन्न जिलों में कार्यरत 118 पुलिसवालों की पदस्थापना भी इस नवगठित सीसीएसयू विंग में कर दी गई है।

7 इंस्पेक्टर और 42 सब-इंस्पेक्टर समेत 53 अधिकारी संभालेंगे मोर्चा

इस हाई-टेक विंग की कमान संभालने वाली टीम की रूपरेखा बेहद मजबूत रखी गई है। इस पूरी टीम में 53 राजपत्रित और गैर-राजपत्रित अधिकारी शामिल हैं। पुलिस मुख्यालय द्वारा जारी आदेश के मुताबिक, सीसीएसयू में राज्यभर से चुनकर आए 7 इंस्पेक्टर, 42 एसआई (सब-इंस्पेक्टर) और चार सार्जेंट की पदस्थापना की गई है। अधिकारियों के इन 53 पदों के अलावा, विभिन्न जिलों से चुनकर लाए गए 65 सबसे काबिल सिपाहियों को भी इस नई विंग में तैनात किया गया है, जो तकनीकी जांच में अधिकारियों की सीधे मदद करेंगे।

तकनीकी बैकग्राउंड वाले जवानों को मिली तरजीह

इस विशेष टीम में शामिल होने के लिए पुलिस महकमे में कड़ा मापदंड तय किया गया था। साइबर से संबंधित कड़े प्रशिक्षण के दौरान जिन पुलिस अधिकारियों और सिपाहियों ने सबसे बेहतर प्रदर्शन किया था, और जिनका पुराना रिकॉर्ड तकनीकी पृष्ठभूमि का रहा है, केवल उन्हीं को चिन्हित कर इस विंग में जगह दी गई है। सीसीएसयू की इस पूरी टीम को अत्याधुनिक सॉफ्टवेयर और तकनीकों से पूरी तरह लैस किया जाएगा। चूंकि साइबर फ्रॉड के ज्यादातर मामलों में अपराधियों के ठिकाने दूसरे राज्यों या फिर विदेशों से भी जुड़े सामने आ रहे हैं, ऐसे में यह नई विंग दूसरे राज्यों की पुलिस और इंटरनेशनल एजेंसियों से सीधे समन्वय स्थापित कर कांडों की जांच, अनुसंधान और अपराधियों की गिरफ्तारी में जिलों की पुलिस की मदद करेगी।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:कोसी नदी में बढ़े जलस्तर से धंसा पुल का छोर; बिहार के 4 जिलों का संपर्क टूटा
ये भी पढ़ें:बिहार में पुल अब नहीं धंसेंगे? सेटेलाइट रखेगा नजर, इजराइल के एक्सपर्ट देंगे सेवा
ये भी पढ़ें:बिहार पुलिस ने 14 को उठाया, आधा दर्जन से अधिक गांवों में हुई छापेमारी
लेटेस्ट Hindi News और Bihar News के साथ-साथ Patna News, Muzaffarpur News, Bhagalpur News और अन्य बड़े शहरों की ताज़ा खबरें हिंदी में पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।