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कैसे करें कन्या पूजा, नोट करें अष्टमी-नवमी पर कन्या पूजा का मुहूर्त

Kanya Pooja Kaise Kare: नवरात्रि के दौरान कन्याओं को भोज कराने का परंपरा चली आ रही है। नवरात्रि में किसी भी दिन कन्या पूजन कर सकते हैं लेकिन अष्टमी व नवमी तिथि कन्या पूजा के लिए अति उत्तम मानी जाती है।

Sun, 28 Sep 2025 01:26 PMShrishti Chaubey लाइव हिन्दुस्तान, नई दिल्ली
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कैसे करें कन्या पूजा, नोट करें अष्टमी-नवमी पर कन्या पूजा का मुहूर्त

Kanya Pooja Kaise Kare: शारदीय नवरात्रि की पूजा व व्रत अनुष्ठान बिना कन्या पूजन के अधूरा माना जाता है। नवरात्रि के दौरान कन्याओं को भोज कराने का परंपरा चली आ रही है। नवरात्रि में किसी भी दिन कन्या पूजन कर सकते हैं लेकिन अष्टमी व नवमी तिथि कन्या पूजा के लिए अति उत्तम मानी जाती है। कन्याओं की पूजा करते समय भी कुछ बातों का ध्यान रखा जाता है। आइए जानते हैं कन्या पूजन की विधि, मुहूर्त व नियम-

कैसे करें कन्या पूजा?

1- कन्याओं को 1 दिन पहले ही आमंत्रित करें

2- सभी कन्याओं के पांव को साफ जल, दूध और पुष्प मिश्रित पानी से धोएं

3- फिर कन्याओं के पैर छूकर आशीर्वाद लें

4- आप सभी कन्याओं को लाल चंदन या कुमकुम का तिलक लगाएं

5- श्रद्धा अनुसार कन्याओं को चुनरी भी उढ़ा सकते हैं

6- अब कन्याओं को भोजन कराएं

7- दक्षिण या उपहार देकर सभी कन्याओं के पांव छूकर आशीर्वाद लें

8- माता रानी का ध्यान कर क्षमा प्रार्थना करें

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नोट करें अष्टमी-नवमी पर कन्या पूजा का मुहूर्त

30 सितंबर को अष्टमी का मुहूर्त

  • चर - सामान्य 09:12 ए एम से 10:41 ए एम
  • लाभ - उन्नति 10:41 ए एम से 12:11 पी एम
  • अमृत - सर्वोत्तम 12:11 पी एम से 01:40 पी एम

1 अक्टूबर को नवमी का मुहूर्त

  • रवि योग- 08:06 ए एम से 06:15 ए एम, अक्टूबर 02
  • लाभ - उन्नति 06:14 ए एम से 07:43 ए एम
  • अमृत - सर्वोत्तम 07:43 ए एम से 09:12 ए एम
  • शुभ - उत्तम 10:41 ए एम से 12:10 पी एम

कन्या पूजा के नियम: नवरात्रि की पूजा बिना कन्या पूजन के अधूरी मानी जाती है। इस शारदीय नवरात्रि के 10 दिन में किसी भी दिन कन्या पूजन की जा सकती है। वहीं, अष्टमी और नवमी तिथि के दिन कन्या पूजन करना बेहद शुभ माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, 10 वर्ष तक की कन्याओं की पूजा करना अति पुण्यदायक माना जाता है। कन्याओं के साथ एक बालक की भैरों बाबा के रूप में भी पूजा की जाती है। 9 कन्याओं और एक बालक की पूजा करना शुभ माना जाता है।

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डिस्क्लेमर: इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम यह दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य एवं सटीक हैं। विस्तृत और अधिक जानकारी के लिए संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।

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