Bada Mangal 2026: पहले बड़े मंगल पर करें ये उपाय, मंगल और शनि दोष से मिलेगा छूटकारा
पौराणिक कहानियों के अनुसार शनिदेव और मंगलदेव हनुमान जी के भक्तों को हानि नहीं पहुंचाते हैं। इस कारण से अगर आप शनि की साढ़े साती, ढैय्या से पीड़ित हैं या फिर मंगलदोष की समस्या से परेशान हैं, तो आपको ज्येष्ठ माह के माह को कुछ विशेष उपाय करने चाहिए।

ज्येष्ठ माह में पड़ने वाले हर मंगलवार को बड़ा मंगल या बुढ़वा मंगल कहा जाता है। इस दिन बजरंगबली की विशेष रूप से पूजा अर्चना की जाती है। इस बार ज्येष्ठ महीने में अधिकमास के दुर्लभ संयोग के कारण 4 या 5 नहीं बल्कि 8 बड़े मंगल पड़ रहे हैं, जो 5 मई से शुरू होकर 23 जून 2026 तक चलेंगे। पौराणिक कहानियों के अनुसार शनिदेव और मंगलदेव हनुमान जी के भक्तों को हानि नहीं पहुंचाते हैं। इस कारण से अगर आप शनि की साढ़े साती, ढैय्या से पीड़ित हैं या फिर मंगलदोष की समस्या से परेशान हैं, तो आपको ज्येष्ठ माह के माह को कुछ विशेष उपाय करने चाहिए, जिससे कि आपको हनुमान जी की विशेष कृपा मिल सके। आइए, जानते हैं बड़ा मंगल के उपाय।
हनुमान चालीसा का पाठ करें
बड़े मंगल के दिन ही नहीं, बल्कि हर मंगलवार और शनिवार को हनुमान चालीसा का पाठ करना शुभ माना जाता है। हनुमान चालीसा और बजरंग बाण का पाठ करने से शनि और मंगल ग्रह शांत रहते हैं।
मंदिर जाकर करें पूजा
पहले बड़े मंगल के दिन मंदिर में जाकर हनुमान जी को चोला चढ़ाएं और घी का दीपक जलाएं। इसके बाद हनुमान चालीसा और सुंदरकांड का पाठ करें।
लाल आसन पर पूजा करें
इस दिन हनुमान जी को लाल आसन पर विराजमान कर विधि-विधान से पूजा करें। पूजा के बाद बूंदी का प्रसाद चढ़ाएं और उसे बांटें। प्रसाद में पीले, केसरिया और लाल रंग की बूंदी शामिल करना शुभ माना जाता है।
मीठे पान का बीड़ा चढ़ाएं
हनुमान जी की कृपा पाने के लिए उन्हें मीठे पान का बीड़ा अर्पित करें और इसके बाद राम स्त्रोत का पाठ करें।
दान-पुण्य जरूर करें
बड़े मंगल के दिन दान का विशेष महत्व होता है। इस दिन अपनी क्षमता के अनुसार काले या लाल वस्त्र, छाता, जल, अन्न, उड़द, केले, बूंदी, इत्र और सुगंधित तेल आदि का दान करना शुभ माना जाता है।
बड़ा हनुमान का महत्व
ज्येष्ठ मास को शास्त्रों में बेहद पवित्र और पुण्य देने वाला माना गया है। इस महीने के मंगलवार खास तौर पर शुभ होते हैं, जब लोग पूजा-पाठ और मांगलिक कार्य करते हैं। मान्यता है कि इसी महीने भगवान राम और हनुमान जी का मिलन हुआ था, इसलिए यह समय हनुमान जी की भक्ति के लिए विशेष माना जाता है। तेज गर्मी के बीच जरूरतमंदों को पानी पिलाना, प्याऊ लगाना और सेवा करना बहुत बड़ा पुण्य माना जाता है। इस माह में किया गया दान-पुण्य कई गुना फल देता है और जीवन में सुख-समृद्धि लाता है।
डिस्क्लेमरः इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम यह दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य एवं सटीक हैं। विस्तृत और अधिक जानकारी के लिए संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।




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