Haridwar Kumbh Power Lines Underground CM Pushkar Dhami Says Personally Monitor Every Project हरिद्वार में कुंभ से पहले अंडरग्राउंड होंगी बिजली लाइनें, CM धामी बोले- हर काम पर खुद रखूंगा नजर, Haridwar Hindi News - Hindustan
More

हरिद्वार में कुंभ से पहले अंडरग्राउंड होंगी बिजली लाइनें, CM धामी बोले- हर काम पर खुद रखूंगा नजर

हरिद्वार में 2027 को होने वाले कुंभ से पहले तैयारियां जोरों पर हैं। सीएम पुष्कर धामी ने अधिकारियों को अक्टूबर तक कार्य के निर्देश दिए। धामी ने कहा कि हर काम पर मैं खुद नजर रखूंगा।

Sun, 22 Feb 2026 09:53 AMGaurav Kala हरिद्वार
share
हरिद्वार में कुंभ से पहले अंडरग्राउंड होंगी बिजली लाइनें, CM धामी बोले- हर काम पर खुद रखूंगा नजर

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि कुंभ मेला कार्यों की गुणवत्ता पर वे खुद नजर रखेंगे। उन्होंने कहा कि अखाड़ों के साधु-संतों के साथ लगातार समन्वय बनाया जा रहा है। सनातनी परंपराओं का नर्विहन करते हुए कुंभ 2027 का भव्य आयोजन कराया जाएगा। कहा कि कुंभ प्रारंभ होने से पूर्व सभी विद्युत लाइनों को भूमिगत कर लिया जाए।

दिव्य होगा कुंभ, अच्छी यादें लेकर जाएंगे लोग

मुख्यमंत्री ने कहा कि अगले वर्ष हरिद्वार में होने वाला कुंभ मेला दिव्य, भव्य और ऐतिहासिक होगा। श्रद्धालुओं के लिए बेहतर सुविधा, सुगमता और सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। मेले की व्यवस्थाओं में कमी नहीं रहने दी जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को कुंभ मेले से संबंधित कार्य निर्धारित समय पर पूर्ण करने के निर्देश दिए।

read moreये भी पढ़ें:
ये भी पढ़ें:पुष्कर धामी सरकार 11 मार्च को पेश करेगी बजट, गैरसैंण में 9 से 13 मार्च तक सत्र
ये भी पढ़ें:गाजीवाली नहीं, आर्यनगर कहा करो;हरिद्वार में शहर के नाम पर CM पुष्कर धामी सख्त
ये भी पढ़ें:कांग्रेस ने असामाजिक तत्वों को बसाया, डेमोग्राफी से खिलवाड़; भड़के उत्तराखंड CM

हर काम पर खुद नदर रखूंगाः धामी

मुख्यमंत्री ने पिछली बैठक में दिए गए निर्देशों पर हुई कार्रवाई तथा वर्तमान में चल रहे कार्यों की प्रगति की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने मेले से संबंधित सभी कार्य आगामी अक्टूबर माह तक पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि मेले के लिए सभी प्रमुख स्थायी कार्यों को स्वीकृति प्रदान की जा चुकी है। अस्थायी कार्यों के प्रस्तावों को अंतिम रूप देकर उन्हें भी समयबद्ध रूप से पूर्ण किया जाए। कार्यों को तय लक्ष्यों और समयसीमा में गुणवत्तापूर्ण संपन्न कराया जाए। उन्होंने निर्माण कार्यों की मॉनिटरिंग के लिए थर्ड पार्टी ऑडिट भी कराने के निर्देश दिए गए। कहा कि कुंभ प्रारंभ होने से पूर्व सभी विद्युत लाइनों को भूमिगत कर लिया जाए।

सीएम ने कार्यों की समीक्षा ली

मुख्यमंत्री ने मेले के दौरान परिवहन एवं पार्किंग व्यवस्था और वैकल्पिक मार्ग चिह्नित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं के सुरक्षित व सुविधाजनक आवागमन तथा स्नान की समुचित व्यवस्था की जाए। भीड़ को ध्यान में रखते हुए स्नान, आवागमन एवं ठहराव के लिए योजना तैयार की जाए। महिला एवं वृद्ध श्रद्धालुओं के लिए विशेष प्रबंध किए जाएं। कुंभ क्षेत्र में स्वच्छता के लिए स्वयंसेवी संगठनों का सहयोग लिया जाए। उन्होंने स्वास्थ्य सुविधाओं की बेहतर व्यवस्था के निर्देश देते हुए कहा कि बीमार श्रद्धालुओं को निकटतम स्वास्थ्य केंद्र तक पहुंचाने के लिए बोट एवं बाइक एंबुलेंस की व्यवस्था की जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि कुंभ मेले के आयोजन में साधु-संतों, अखाड़ों, जनप्रतिनिधियों एवं धार्मिक व स्वयंसेवी संगठनों का सहयोग लिया जाए। उन्होंने कुंभ मेले में पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती पर जोर दिया। साथ ही साइबर सुरक्षा, अग्निशमन व्यवस्था तथा रेस्क्यू कार्यों के लिए दक्ष कार्मिकों की तैनाती सुनिश्चित करने को कहा।

कुंभ क्षेत्र को अतिक्रमण से मुक्त रखने के निर्देश दिए

मुख्यमंत्री ने कुंभ क्षेत्र में भूमि प्रबंधन एवं आवंटन की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश देते हुए कहा कि इसकी मॉनिटरिंग मेलाधिकारी द्वारा की जाए। क्षेत्र को अतिक्रमणमुक्त रखा जाए। बैठक में कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज, सुबोध उनियाल तथा पूर्व मुख्यमंत्री एवं सांसद त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने सुझाव दिए। मेलाधिकारी सोनिका ने बैठक में मेले से संबंधित स्वीकृत कार्यों की प्रगति की जानकारी दी। प्रस्तावित कार्यों एवं व्यवस्थाओं पर प्रस्तुतीकरण दिया।

अधिकारियों ने दी अपने विभागों की जानकारी

सचिव शहरी विकास विभाग नितेश झा, लोनिवि सचिव पंकज पाण्डे, आयुक्त विनय शंकर पाण्डेय, पेयजल सचिव रणवीर चौहान, सचिव सिंचाई युगल किशोर पंत, सचिव पर्यटन धीराज सिंह गर्ब्याल, अपर पुलिस महानिदेशक एपी अंशुमान तथा डीआरएम विनीता श्रीवास्तव ने मेले की तैयारियों को लेकर जानकारी दी।

यूपी के अधिकारियों से समन्वय स्थापित किया जाए

मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि कुंभ क्षेत्र में निर्मित पुलों का सुरक्षा ऑडिट कराया जाए। जरूरत होने पर उनकी मरम्मत की जाए। गंगा नदी के घाटों के अनुरक्षण के लिए गंगनहर के क्लोजर की आवश्यकता हो तो उत्तर प्रदेश के अधिकारियों के साथ समन्वय किया जाए। घाटों के सुदृढ़ीकरण, सुरक्षा रेलिंग तथा फिसलन रोधी व्यवस्थाएं समय से पूर्ण की जाएं।

लेटेस्ट   Hindi News ,    बॉलीवुड न्यूज,   बिजनेस न्यूज,   टेक ,   ऑटो,   करियर , और   राशिफल, पढ़ने के लिए Live Hindustan App डाउनलोड करें।