योगी सरकार यूपी के 25 लाख युवाओं को मुफ्त में देगी टैबलेट, कैबिनेट मीटिंग में प्रस्ताव पास
योजना के तहत स्नातक, स्नातकोत्तर, डिप्लोमा, तकनीकी शिक्षा, स्वास्थ्य शिक्षा, आइटीआइ और कौशल विकास कार्यक्रमों से जुड़े छात्रों और प्रशिक्षुओं को टैबलेट नि:शुल्क उपलब्ध कराए जाएंगे। वर्ष 2021-22 से शुरू हुई इस योजना के तहत अब तक 60 लाख युवाओं को टैबलेट व स्मार्ट फोन वितरित किए जा चुके हैं।

Yogi Cabinet Meeting: सीएम योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में मंगलवार को आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में प्रदेश के लाखों छात्र-छात्राओं को सरकार की तरफ से बड़ी सौगात देते हुए स्वामी विवेकानंद युवा सशक्तीकरण योजना के तहत युवाओं को निःशुल्क वितरण के लिए 25 लाख टैबलेट खरीदने के प्रस्ताव को स्वीकृति प्रदान की गई। जल्द ही प्रक्रिया पूरी कर टैबलेट वितरित किया जाएगा। वित्त वर्ष 2025-26 के लिए इस योजना में 2000 करोड़ का प्रावधान किया गया है। योजना का पूरा खर्च राज्य सरकार वहन करेगी, इससे केंद्र सरकार पर कोई अतिरिक्त वित्तीय बोझ नहीं पड़ेगा।
उत्तर प्रदेश सरकार के औद्योगिक विकास मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता नन्दी ने बताया कि योजना के तहत स्नातक, स्नातकोत्तर, डिप्लोमा, तकनीकी शिक्षा, स्वास्थ्य शिक्षा, आइटीआइ और कौशल विकास कार्यक्रमों से जुड़े छात्रों एवं प्रशिक्षुओं को टैबलेट नि:शुल्क उपलब्ध कराए जाएंगे। इससे युवा न केवल अपनी पढ़ाई को अधिक प्रभावी ढंग से पूरा कर सकेंगे, बल्कि आगे चलकर रोजगार, स्वरोजगार और विभिन्न सरकारी व गैर-सरकारी योजनाओं में भी इसका लाभ उठा सकेंगे।
इस पहल से प्रदेश के युवाओं को तकनीकी रूप से सक्षम बनाकर उन्हें डिजिटल युग के अनुरूप तैयार किया जा सकेगा। साथ ही सेवामित्र पोर्टल पर पंजीकृत कुशल युवाओं को भी इससे सीधा लाभ मिलेगा। इस योजना का पूरा वित्तीय भार राज्य सरकार वहन करेगी।
अब तक 60 लाख युवाओं को मिल चुके हैं टैबलेट और स्मार्ट फोन
वर्ष 2021-22 से शुरू हुई इस योजना के तहत अब तक 60 लाख युवाओं को टैबलेट व स्मार्ट फोन वितरित किए जा चुके हैं। गत वर्षों में हुई खरीद को देखते हुए इस वर्ष भी एक टैबलेट की कीमत 12 हजार रुपये आंकी जा रही है। ऐसे में 25 लाख टैबलेट की खरीद में तीन हजार करोड़ रुपये खर्च का अनुमान है।
22 महत्वपूर्ण प्रस्ताव पास
25 लाख युवाओं को डिजिटल सौगात के साथ ही मंगलवार को हुई योगी कैबिनेट की बेठक् में 22 महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर मुहर लगाई गई। इनमें युवाओं के डिजिटल क्रांति को विस्तार देते हुए बड़े पैमाने पर टैबलेट वितरण तो किया ही गया, शिक्षामित्रों और अनुदेशकों के मानदेय में बढ़ोत्तरी भी की गई। शिक्षामित्रों का मानदेय 10 हजार रुपए से बढ़ाकर सीधे 18 हजार रुपए प्रति माह किया गया है। जबकि अनुदेशकों का मानदेय नौ हजार रुपए प्रतिमाह से बढ़ाकर 17 हजार रुपए प्रतिमाह किया गया है। उन्हें यह बढ़ा हुआ मानदेय एक अप्रैल से मिलेगा। मई में मिलने वाले मानदेय में यह जुड़कर आएगा। इसके अलावा योगी कैबिनेट की बैठक में विस्थापितों को भूमिधर का हक, परिवहन और बुनियादी ढांचे के विस्तार से संबंधित और कई अन्य महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।




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