अवैध पिस्टल तस्करी गैंग में AMU के 2 छात्र; डकैती का बना रहे थे प्लान, पुलिस ने 12 को दबोचा
अलीगढ़ पुलिस ने खुलासा करते हुए 12 लोगों को गिरफ्तार कर लिया। इनमें दो एएमयू छात्र, एक जिम संचालक के अलावा इगलास ब्लॉक प्रमुख का रिश्तेदार व होटल संचालक भी शामिल है। डकैती की योजना बनाने के बाद ये लोग घटना करने की तैयारी में थे। इनके पास से अवैध पिस्टल व अन्य सामान बरामद हुआ है।

अलीगढ़ से लेकर दिल्ली तक अवैध पिस्टल की तस्करी करने वाले एक अंतरराज्यीय गिरोह का गुरुवार को अलीगढ़ पुलिस ने खुलासा करते हुए 12 लोगों को गिरफ्तार कर लिया। इनमें दो एएमयू छात्र, एक जिम संचालक के अलावा इगलास ब्लॉक प्रमुख का रिश्तेदार व होटल संचालक भी शामिल है। डकैती की योजना बनाने के बाद ये लोग घटना करने की तैयारी में थे। इनके पास से अवैध पिस्टल व अन्य सामान बरामद हुआ है। गिरोह ने बीते दिनों हुईं कई घटनाओं में आरोपियों को पिस्टल सप्लाई की थी। पुलिस छह माह की घटनाओं को खंगाल रही है। एसएसपी नीरज जादौन ने टीम को पुरस्कृत करने की घोषणा की है।
वीडियो में अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त की बात
पुलिस लाइन स्थित सभागार में आयोजित प्रेसवार्ता में एसएसपी नीरज जादौन ने बताया कि बीते कुछ दिनों में शहर में फायरिंग की घटनाएं हुई थीं। इसमें तफ्तीश व जनसहयोग से कुछ वीडियो मिलीं, जिनमें अवैध हथियारों की खरीद-फरोख्त की बात हो रही थी। इस पर एसपी सिटी आदित्य बंसल व सीओ तृतीय सर्वम सिंह के नेतृत्व में टीमें लगाई गईं। बुधवार रात को थाना सिविल लाइन, थाना क्वार्सी व क्रिमिनल इंटेलीजेंस विंग की संयुक्त टीमों ने पंजीपुर रोड स्थित खंडहर पड़े किले में अवैध असलाहों की खरीद फरोख्त व सप्लाई करने वाले 12 लोगों को गिरफ्तार कर लिया।
डकैती का प्लान कर रहे थे आरोपी
ये लोग योजना बनाकर डकैती की तैयारी कर रहे थे। इनके पास से फर्जी नंबर (यूपी 78 बी जेड 8885) की एक स्विफ्ट कार, एक स्प्लेंडर बाइक बरामद हुई। गिरफ्तारी व बरामदगी के आधार पर थाना सिविल लाइन में मुकदमा दर्ज किया गया। गुरुवार को सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश करके जेल भेज दिया गया है।
ब्लॉक प्रमुख के रिश्तेदार के होटल में होती थी डीलिंग
आरोपियों में शहवान व कासिफ एएमयू के छात्र हैं। ये लोग कैंपस में तस्करी कर रहे थे। वहीं, प्रियेंद्र सारसौल के पास स्थित होटल क्राउन प्लाजा का संचालक है और इगलास ब्लॉक प्रमुख का रिश्तेदार है। इसी होटल में खरीद-फरोख्त की डील होती थी। वहीं, प्रमोद जिम संचालक है। उसने भी पिस्टल खरीदी थी। दिल्ली के सौरभ ने इस गिरोह ने पिस्टल खरीदी थी। हाजी कासिफ मुख्य सरगना है, जो हथियार उपलब्ध कराता था। इनके फोनों से हथियारों के फोटो के अलावा पुलिस के प्रेस नोट्स तक मिले हैं। आरोपी ये तक जानकारी रखते थे कि पुलिस ने कब किसको पकड़ा है।
आरोपियों का लंबा आपराधिक इतिहास
अहमद चिंगारी पर हत्या के प्रयास, गैंगस्टर समेत कुल सात मुकदमे दर्ज हैं। इसी तरह शहवान, हाजी, कासिम, कासिफ, असद, अरसलान व सौरभ पर दो-दो, जुनैद पर तीन, कामरान, प्रमोद व प्रियेंद्र पर चार-चार मुकदमे दर्ज हैं। इनमें हत्या के प्रयास, लूट, चोरी, गैंगस्टर, आर्म्स एक्ट के मामले शामिल हैं। पुलिस सभी की सीडीआर खंगाल रही है।
जमीन पर बैठे आरोपियों का वीडियो वायरल
सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें आरोपी जमीन पर बैठे दिख रहे हैं। इसमें लिखा गया है कि बड़े हथियारों का धंधा करने वाले जब पुलिस की गिरफ्त में आए तो जमीन पर आ गए।
ये हुआ बरामद
छह अवैध देशी पिस्टल (.32 बोर), तीन तमंचे (315 बोर), एक तमंचा 12 बोर, 16 कारतूस, दो खोखा कारतूस, एक लोहे की रॉड, एक चाकू, एक रस्सी, दो टेप, 10 एंड्रायड मोबाइल फोन, एक स्विफ्ट कार व बाइक बरामद हुई है।




साइन इन